मध्य पूर्व में तनाव में कमी के चलते भारतीय शेयर बाजार में तेज़ी, बैंकों और डिफेंस स्टॉक्स में खरीदारी
सारांश
Key Takeaways
- मध्य पूर्व में तनाव का कम होना भारतीय शेयर बाजार के लिए सकारात्मक है।
- सेंसेक्स और निफ्टी में महत्वपूर्ण वृद्धि हुई है।
- बैंकों और डिफेंस स्टॉक्स में खरीदारी बढ़ी है।
- तकनीकी संकेतक सतर्कता का सुझाव देते हैं।
- एशियाई और अमेरिकी बाजारों में भी तेजी देखने को मिल रही है।
मुंबई, २४ मार्च (राष्ट्र प्रेस)। मध्य पूर्व में तनाव में कमी के चलते भारतीय शेयर बाजार ने मंगलवार को तेज़ी के साथ शुरुआत की। सेंसेक्स में 1,516.08 अंक यानी 2.09 प्रतिशत की वृद्धि हुई और यह 74,212.47 पर खुला। वहीं, निफ्टी में 365.80 अंक या 1.62 प्रतिशत की बढ़त के साथ यह 22,878.45 पर पहुंच गया।
बाजार में व्यापक तेजी का माहौल है। शुरुआती कारोबार में लगभग सभी सूचकांक हरे निशान में दिख रहे थे, जिनमें निफ्टी पीएसयू बैंक, निफ्टी इंडिया डिफेंस, निफ्टी ऑटो, निफ्टी मेटल और निफ्टी कंज्यूमर ड्यूरेबल्स प्रमुख गेनर्स रहे।
लार्जकैप के साथ-साथ मिडकैप और स्मॉलकैप में भी तेजी का कारोबार जारी था। निफ्टी मिडकैप 100 इंडेक्स 772 अंक यानी 1.47 प्रतिशत की तेजी के साथ 53,490 और निफ्टी स्मॉलकैप 100 इंडेक्स 219 अंक या 1.45 प्रतिशत की बढ़त के साथ 15,318 पर था।
चॉइस ब्रोकिंग के तकनीकी अनुसंधान विश्लेषक आकाश शाह ने बताया कि निफ्टी अपने छोटे अवधि के सपोर्ट जोन से नीचे कारोबार कर रहा है और इसका रुझान कमजोर बना हुआ है। इसका रुकावट स्तर 22,650-22,700 के आसपास है। दूसरी ओर, सपोर्ट 22,300-22,400 के आसपास देखा जा रहा है, और इसके नीचे कमजोरी से निकट भविष्य में गिरावट बढ़ सकती है।
सेंसेक्स पैक में एशियन पेंट्स, इंडिगो, इटरनल, ट्रेंट, टाइटन, बीईएल, अल्ट्राटेक सीमेंट, एलएंडटी, अदाणी पोर्ट्स, टेक महिंद्रा, कोटक महिंद्रा, एमएंडएम, एचडीएफसी बैंक, टाटा स्टील, बजाज फिनसर्व, मारुति सुजुकी, एसबीआई और एचयूएल गेनर्स रहे। केवल पावर ग्रिड लाल निशान में कारोबार कर रहा था।
एशियाई बाजारों में भी तेजी देखी जा रही है। टोक्यो, शंघाई, हांगकांग, बैंकॉक और सोल हरे निशान में खुले थे। अमेरिकी बाजार भी सोमवार को तेज़ी के साथ बंद हुए थे, जिसमें मुख्य सूचकांक डाओ और टेक्नोलॉजी सूचकांक नैस्डैक में 1.38 प्रतिशत की वृद्धि हुई थी।
बाजार में तेजी का प्रमुख कारण यह माना जा रहा है कि अमेरिका ने ईरान के पावर प्लांट्स पर हमले को पांच दिनों के लिए टाल दिया है, जिससे वैश्विक बाजारों के साथ-साथ भारतीय बाजारों में भी तेजी आई है।