क्या केंद्र ने फूड स्टोरेज और लॉजिस्टिक्स सिस्टम को मजबूत करने के लिए डिजिटल पहलों की शुरुआत की?

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
क्या केंद्र ने फूड स्टोरेज और लॉजिस्टिक्स सिस्टम को मजबूत करने के लिए डिजिटल पहलों की शुरुआत की?

सारांश

केंद्र ने हाल ही में फूड स्टोरेज और लॉजिस्टिक्स सिस्टम को मजबूत करने के लिए नई डिजिटल पहलों का उद्घाटन किया। इस पहल में भंडारण 360 और स्मार्ट एक्जिम वेयरहाउसिंग सिस्टम शामिल हैं, जो पारदर्शिता और दक्षता को बढ़ावा देंगे। यह कदम भारत के खाद्य वितरण प्रणाली के लिए एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है।

मुख्य बातें

डिजिटल पहलों से खाद्य वितरण प्रणाली में सुधार होगा।
भंडारण 360 और स्मार्ट एक्जिम वेयरहाउसिंग सिस्टम का उद्घाटन।
सामाजिक सुरक्षा और पारदर्शिता में वृद्धि।
आधुनिकीकरण के लिए आशा पोर्टल का उपयोग।
भारतीय खाद्य निगम द्वारा अन्न दर्पण का विकास।

नई दिल्ली, 18 नवंबर (राष्ट्र प्रेस)। केंद्रीय उपभोक्ता कार्य, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्री प्रह्लाद जोशी ने मंगलवार को बताया कि पंजाब के मलौट में 1.5 लाख मीट्रिक टन क्षमता वाले हब साइलो कॉम्प्लेक्स का उद्घाटन हमारे वर्ल्ड-क्लास, क्लाइमेट-रेजिलिएंट स्टोरेज इंफ्रास्ट्रक्चर के प्रति हमारी प्रतिबद्धता को और मजबूत करता है।

केंद्रीय मंत्री जोशी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, "मैंने दो ट्रांसफॉर्मेटिव डिजिटल प्लेटफॉर्म 'भंडारण 360 ईआरपी' और स्मार्ट एक्जिम वेयरहाउसिंग सिस्टम का उद्घाटन किया। ये दोनों प्लेटफॉर्म भारत के वेयरहाउसिंग और लॉजिस्टिक्स इकोसिस्टम में ट्रांसपैरेंसी, ऑटोमेशन और एफिशिएंसी को बढ़ावा दे रहे हैं।"

उन्होंने आगे जानकारी देते हुए कहा कि हमने भारतीय खाद्य निगम के अन्न दर्पण और उपभोक्ता मामले, खाद्य और सार्वजनिक वितरण मंत्रालय के आशा पोर्टल को भी लॉन्च किया, जिसके जरिए डिपो ऑपरेशन का आधुनिकीकरण किया जा रहा है और सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) के लिए एआई-ड्रिवन, लाभार्थी-केंद्रित फीडबैक को सक्षम बनाया जा रहा है।

उन्होंने कार्यक्रम में कहा कि भंडारण 360 जैसे डिजिटल प्लेटफॉर्म देश भर में सप्लाई चेन दक्षता को मजबूत करेंगे और टेक्नोलॉजी सर्विस डिलीवरी में पारदर्शिता लाएगी। यह प्लेटफॉर्म एसएपी एस/4 एचएएनए पर आधारित है और समय से पहले क्रियान्वित, वित्त, मार्केटिंग, गोदाम प्रबंधन, कॉन्ट्रैक्ट प्रबंधन, परियोजना निगरानी और अन्य प्रमुख कार्यों सहित 41 मॉड्यूल को इंटीग्रेट करती है।

भारतीय खाद्य निगम का माइक्रोसर्विस-आधारित प्लेटफॉर्म अन्न दर्पण प्रोक्योरमेंट, स्टोरेज, आवाजाही, बिक्री, क्वालिटी चेक, लेबल प्रबंधन और कॉन्ट्रैक्ट मॉनिटरिंग जैसी प्रमुख गतिविधियों को एक इंटीग्रेटेड सिस्टम के अंतर्गत जोड़ता है। यह एफसीआई और डीओपीडी दोनों के प्रमाणिक स्रोत के रूप में कार्य करता है।

वहीं, डिजिटल परिवर्तन 2.0 के अंतर्गत कंटेनर फ्रेट स्टेशनों (सीएफएस/आईसीडी) और सामान्य गोदामों के लिए स्मार्ट एक्जिम वेयरहाउस सिस्टम को शुरू किया गया है। यह सिस्टम प्रमुख प्रक्रियाओं को स्वचालित करने के लिए एआई, आईओटी, फास्टैग, ओसीआर/एएनपीआर, जीएनएसएस और दूसरी टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल करता है।

खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण विभाग ने अन्न सहायता होलिस्टिक एआई सॉल्यूशन (एएसएचए) की भी शुरूआत की है। एआई-आधारित यह प्लेटफॉर्म लाभार्थियों को अपनी पसंदीदा भाषा में स्वचालित कॉल के जरिए राशन वितरण पर उनकी प्रतिक्रिया साझा करने की सुविधा देता है।

संपादकीय दृष्टिकोण

जो न केवल पारदर्शिता लाएगा, बल्कि लाभार्थियों के लिए सुविधाएं भी बेहतर करेगा। यह तकनीकी सुधार देश के खाद्य सुरक्षा को सशक्त बनाते हुए वैश्विक मानकों के साथ जोड़ने में मदद करेगा।
RashtraPress
13 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

स्मार्ट एक्जिम वेयरहाउसिंग सिस्टम का क्या महत्व है?
यह सिस्टम प्रमुख प्रक्रियाओं को ऑटोमेट करने के लिए नई तकनीकों का उपयोग करता है, जिससे लॉजिस्टिक्स में दक्षता बढ़ती है।
अन्न दर्पण प्लेटफॉर्म क्या करता है?
अन्न दर्पण प्लेटफॉर्म खाद्य निगम की प्रमुख गतिविधियों को एकीकृत करता है, जैसे प्रोक्योरमेंट, स्टोरेज और गुणवत्ता जांच।
आशा पोर्टल का क्या उद्देश्य है?
आशा पोर्टल डिपो ऑपरेशन का आधुनिकीकरण करता है और लाभार्थियों से फीडबैक प्राप्त करता है।
डिजिटल परिवर्तन 2.0 का क्या लाभ है?
यह कार्यक्रम कंटेनर फ्रेट स्टेशनों और सामान्य गोदामों के लिए नई तकनीकों का उपयोग करके प्रक्रियाओं को स्वचालित करेगा।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम कल
  2. 6 दिन पहले
  3. 1 सप्ताह पहले
  4. 1 महीना पहले
  5. 4 महीने पहले
  6. 5 महीने पहले
  7. 7 महीने पहले
  8. 10 महीने पहले