ऐतिहासिक उपलब्धि: मारुति सुजुकी ने FY26 में 23.4 लाख यूनिट उत्पादन का नया रिकॉर्ड बनाया
सारांश
Key Takeaways
- मारुति सुजुकी इंडिया ने वित्त वर्ष 2025-26 में 23.4 लाख यूनिट उत्पादन कर कंपनी का अब तक का सर्वोच्च वार्षिक उत्पादन रिकॉर्ड बनाया।
- यह उपलब्धि सुजुकी मोटर कॉरपोरेशन के वैश्विक नेटवर्क में भी किसी एकल कंपनी द्वारा सर्वाधिक है।
- डिजायर, फ्रोंक्स, स्विफ्ट, एर्टिगा और बलेनो — इन पांचों मॉडलों ने प्रत्येक ने 2 लाख यूनिट से अधिक उत्पादन किया।
- कंपनी के मौजूदा संयंत्रों की कुल वार्षिक क्षमता 24 लाख यूनिट है जो हरियाणा और गुजरात में स्थित हैं।
- गुजरात के सानंद में प्रस्तावित नए संयंत्र की क्षमता 10 लाख यूनिट होगी, जिसके लिए मार्च 2026 में भूमि चयन हुआ।
- कंपनी का दीर्घकालिक उत्पादन लक्ष्य 40 लाख यूनिट प्रति वर्ष है।
नई दिल्ली, 23 अप्रैल 2025 — देश की सबसे बड़ी कार निर्माता कंपनी मारुति सुजुकी इंडिया लिमिटेड ने वित्त वर्ष 2025-26 में 23.4 लाख यूनिट का उत्पादन कर एक ऐतिहासिक मील का पत्थर हासिल किया है। यह कंपनी के इतिहास में किसी एक वित्त वर्ष में किया गया सर्वाधिक उत्पादन है। इसके साथ ही मारुति सुजुकी, भारत में एकमात्र ऐसी कार निर्माता बन गई है जिसने एक वर्ष में 23 लाख से अधिक वाहनों का उत्पादन किया है।
वैश्विक सुजुकी परिवार में भी अव्वल
कंपनी ने अपने आधिकारिक बयान में स्पष्ट किया कि सुजुकी मोटर कॉरपोरेशन के वैश्विक नेटवर्क में शामिल सभी सहयोगी कंपनियों में से मारुति सुजुकी इंडिया एकमात्र ऐसी इकाई है जिसने यह उपलब्धि अर्जित की है। यह तथ्य इस रिकॉर्ड को केवल घरेलू नहीं, बल्कि वैश्विक स्तर पर भी महत्वपूर्ण बनाता है।
कंपनी के प्रबंध निदेशक एवं सीईओ हिसाशी ताकेउची ने कहा कि यह उनके लिए गर्व का क्षण है क्योंकि विश्व भर में बहुत कम कंपनियां एक ही देश में इतनी बड़ी मात्रा में उत्पादन करने में सक्षम हैं। उन्होंने कहा कि मारुति सुजुकी हमेशा से ऐसे उत्पाद और तकनीकें पेश करने में विश्वास रखती है जो ग्राहकों की बदलती जरूरतों और आकांक्षाओं को पूरा करती हैं।
सबसे अधिक उत्पादित मॉडल
वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान डिजायर, फ्रोंक्स, स्विफ्ट, एर्टिगा और बलेनो सर्वाधिक उत्पादित मॉडल रहे। इनमें से प्रत्येक मॉडल ने दो लाख यूनिट से अधिक उत्पादन का आंकड़ा पार किया। यह संख्या दर्शाती है कि कंपनी का पोर्टफोलियो कितना विविध और मांग-आधारित है।
ताकेउची ने यह भी कहा कि वर्तमान सरकार की नीतिगत व्यवस्था जैसे जीएसटी 2.0 की शुरुआत ने बाजार के भरोसे को मजबूत किया और एक महत्वपूर्ण समय में मांग को बढ़ाया, जिससे कंपनी को रिकॉर्ड उत्पादन करने में मदद मिली।
मौजूदा विनिर्माण संयंत्र और क्षमता
फिलहाल मारुति सुजुकी हरियाणा के गुरुग्राम, मानेसर और खरखोदा में एक-एक तथा गुजरात के हंसलपुर में चार विनिर्माण संयंत्र संचालित कर रही है। इन सभी संयंत्रों की संयुक्त वार्षिक उत्पादन क्षमता 24 लाख यूनिट है।
विस्तार योजना के तहत कंपनी ने मार्च 2026 में गुजरात के सानंद स्थित खोराज औद्योगिक एस्टेट में अपने पांचवें विनिर्माण संयंत्र के लिए भूमि का चयन कर लिया है। पूरी तरह चालू होने पर इस नए संयंत्र की वार्षिक उत्पादन क्षमता 10 लाख यूनिट होगी।
40 लाख यूनिट का महत्वाकांक्षी लक्ष्य
कंपनी ने अपनी दीर्घकालिक रणनीति के तहत उत्पादन को बढ़ाकर 40 लाख यूनिट प्रति वर्ष तक पहुंचाने का लक्ष्य निर्धारित किया है। यह लक्ष्य मौजूदा क्षमता से लगभग 67 प्रतिशत अधिक है और भारतीय ऑटोमोबाइल उद्योग में मारुति की दीर्घकालिक प्रभुता को और मजबूत करने की दिशा में एक ठोस संकेत है।
गौरतलब है कि भारतीय यात्री वाहन बाजार में मारुति सुजुकी की बाजार हिस्सेदारी लगातार 40 प्रतिशत से अधिक बनी हुई है। ऐसे समय में जब हुंडई, टाटा मोटर्स और महिंद्रा जैसी कंपनियां तेजी से विस्तार कर रही हैं, मारुति का यह रिकॉर्ड उत्पादन उसकी प्रतिस्पर्धात्मक स्थिति को और मजबूत करता है।
आने वाले वर्षों में सानंद का नया संयंत्र और इलेक्ट्रिक वाहन सेगमेंट में मारुति की बढ़ती उपस्थिति यह तय करेगी कि क्या कंपनी 40 लाख यूनिट के लक्ष्य को समय से पहले हासिल कर पाती है।