क्या एआर रहमान को मुसलमान होने की वजह से काम नहीं मिल रहा? अनूप जलोटा की सलाह चौंकाने वाली है!
सारांश
Key Takeaways
- एआर रहमान का बयान संगीत जगत में विवाद का कारण बना है।
- अनूप जलोटा ने एक चौंकाने वाली सलाह दी है।
- धर्म और पेशेवर अवसरों के बीच संबंध पर विचार करना चाहिए।
मुंबई, 20 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। एआर रहमान का हालिया 'कम्युनल' बयान संगीत और फिल्म उद्योग में हलचल पैदा कर रहा है। उनका बयान सोशल मीडिया पर तीव्र आलोचना का शिकार हो रहा है। इस संदर्भ में गायक अनूप जलोटा ने रहमान को एक बेहद चौंकाने वाली सलाह दी है।
जलोटा ने कहा, "अगर रहमान को लगता है कि मुसलमान होने के कारण उन्हें फिल्म इंडस्ट्री में अवसर नहीं मिल रहे, तो उन्हें वापस हिंदू धर्म अपनाने पर विचार करना चाहिए।" उन्होंने रहमान की पृष्ठभूमि का उल्लेख करते हुए बताया कि एआर रहमान पहले हिंदू थे और बाद में उन्होंने इस्लाम धर्म को अपनाया। इसके बावजूद रहमान ने संगीत क्षेत्र में सफलता प्राप्त की। यदि उन्हें लगता है कि उनके धर्म के कारण उन्हें काम नहीं मिल रहा, तो उन्हें अपने पुराने धर्म को अपनाने पर सोचना चाहिए।
जलोटा ने कहा, "अगर उन्हें यह विश्वास है कि हमारे देश में मुसलमान होने के कारण उनके लिए फिल्में मिलना कठिन हो रहा है, तो उन्हें हिंदू बनकर कोशिश करनी चाहिए। इससे हो सकता है कि उन्हें फिर से फिल्म प्रोजेक्ट्स मिलने लगें।"
एआर रहमान ने हाल ही में एक इंटरव्यू में कहा कि पिछले 8 वर्षों में उनके काम में कमी आई है, जो उन्होंने 'पावर शिफ्ट' का परिणाम बताया, जिसमें अब निर्णय लेने वाले लोग गैर-क्रिएटिव हो गए हैं। उन्होंने यह भी संकेत दिया कि यह परिवर्तन "कम्युनल थिंग" से संबंधित हो सकता है।