दलेर मेहंदी विवाद: जिमी शेरगिल बोले- सर्जरी के बाद परफॉर्म कर रहे गायक का मज़ाक उड़ाना गलत
सारांश
मुख्य बातें
अभिनेता जिमी शेरगिल ने 23 अक्टूबर 2026 को सिंगर दलेर मेहंदी के समर्थन में खुलकर बात की और कहा कि किसी की मेडिकल कंडीशन का मज़ाक उड़ाना किसी भी स्थिति में उचित नहीं है। यह विवाद 19 अक्टूबर को उत्तराखंड के नई टिहरी में आयोजित कुंजापुरी पर्यटन एवं विकास मेले के दौरान उस समय शुरू हुआ, जब राज्य के कैबिनेट मंत्री ने मंच पर आकर गायक की परफॉर्मेंस पर सार्वजनिक रूप से नाराज़गी जताई।
जिमी शेरगिल ने क्या कहा
जिमी शेरगिल ने एक खास बातचीत में कहा, 'मैं दलेर मेहंदी को कई साल से जानता हूँ। वह बहुत सूफी इंसान हैं। जहाँ तक मुझे पता है, वह बिल्कुल शराब नहीं पीते। मुझे लगता है कि उनका कोई ऑपरेशन हुआ है।' उन्होंने आगे कहा कि वह खुद भी ऐसे दौर से गुज़र चुके हैं, इसलिए किसी की मेडिकल स्थिति पर टिप्पणी या मज़ाक करना सही नहीं है।
अभिनेता ने संवेदनशीलता की अपील करते हुए कहा, 'लोगों को ऐसे मामलों में संवेदनशीलता दिखानी चाहिए। किसी की सेहत से जुड़ी परेशानी को समझे बिना उस पर टिप्पणी करना या उसका मज़ाक बनाना सही नहीं है।'
मुख्य घटनाक्रम: नई टिहरी में क्या हुआ
19 अक्टूबर को नई टिहरी के कुंजापुरी पर्यटन एवं विकास मेले में दलेर मेहंदी को परफॉर्मेंस के लिए आमंत्रित किया गया था। कार्यक्रम के दौरान उत्तराखंड के कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल मंच पर आए और गायक की परफॉर्मेंस पर सार्वजनिक रूप से आपत्ति जताई।
मंत्री ने सवाल उठाया कि दलेर ठीक से बोल नहीं पा रहे हैं तो गाना कैसे गाएँगे। उन्होंने कथित तौर पर गायक पर शराब पीकर आने और लाइव गाने के बजाय लिपसिंक करने का आरोप भी लगाया। इस घटना का वीडियो तेज़ी से सोशल मीडिया पर फैल गया और विवाद ने राष्ट्रीय रूप ले लिया।
परिवार और साथी कलाकारों की प्रतिक्रिया
विवाद बढ़ने के बाद दलेर मेहंदी के भाई और सिंगर मीका सिंह ने उनका बचाव किया। मीका ने स्पष्ट किया कि दलेर की तबीयत ठीक नहीं थी और वह हाल ही में हुई सर्जरी से उबर रहे थे। उन्होंने शराब पीने के आरोपों को भी सिरे से खारिज किया।
वरिष्ठ अभिनेता अनुपम खेर ने भी दलेर के पक्ष में आवाज़ उठाई। उन्होंने कहा कि वह दलेर मेहंदी को पिछले 25 से 30 साल से जानते हैं और उन्होंने कभी उन्हें शराब पीते नहीं देखा। उनका कहना था कि अगर परफॉर्मेंस को लेकर कोई शिकायत थी, तो उसे निजी तौर पर और सम्मान के साथ उठाया जा सकता था।
फेडरेशन ने PM और CM को लिखा पत्र
विवाद के बीच फेडरेशन ऑफ वेस्टर्न इंडिया सिने एम्प्लॉइज ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को पत्र लिखकर इस घटना पर गहरी चिंता जताई। फेडरेशन ने माँग की कि सार्वजनिक कार्यक्रमों में किसी कलाकार की परफॉर्मेंस को लेकर कोई परेशानी हो, तो उसे समझदारी और संवेदनशीलता के साथ सुलझाया जाए। फेडरेशन ने यह भी कहा कि किसी कलाकार को सबके सामने डाँटना उचित तरीका नहीं है।
मंत्री सुबोध उनियाल का पक्ष
कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल ने अपने बचाव में कहा कि अगर दलेर मेहंदी की तबीयत ठीक नहीं थी, तो उन्हें आयोजकों को पहले ही सूचित कर देना चाहिए था। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि उन्हें गायक से कोई व्यक्तिगत दुश्मनी नहीं है और न ही उनका इरादा उन्हें ठेस पहुँचाने का था। यह टकराव अब मनोरंजन जगत में कलाकारों की गरिमा और सार्वजनिक कार्यक्रमों में शिकायत निवारण की प्रक्रिया पर बड़े सवाल खड़े कर रहा है।