क्या करण वाही ने दोस्तों संग गणपति की मूर्ति बनाई? देखें उनका वीडियो

सारांश
Key Takeaways
- गणेश चतुर्थी का पर्व धूमधाम से मनाया जाता है।
- करण वाही ने अपने दोस्तों के साथ गणपति की मूर्ति बनाई।
- सोशल मीडिया पर यह वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है।
- दोस्ती और भक्ति की भावना इस पर्व का महत्वपूर्ण हिस्सा है।
- गणेश चतुर्थी पर समुदाय का एकजुट होना महत्वपूर्ण है।
मुंबई, 27 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। गणेश चतुर्थी का उत्सव बुधवार से पूरे देश में भव्यता के साथ प्रारंभ हो गया है। टीवी इंडस्ट्री के अभिनेता इस अवसर पर विशेष उत्साह के साथ नजर आ रहे हैं। चर्चित अभिनेता करण वाही ने गणेश चतुर्थी के मौके पर अपने प्रशंसकों के लिए एक विशेष वीडियो साझा किया, जिसमें वह अपने दोस्तों के साथ मिलकर गणपति की मूर्ति बनाते दिखाई दे रहे हैं।
करण ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर यह भावनात्मक वीडियो साझा किया, जिसमें उनके साथ अभिनेता ऋत्विक धनजानी और कुछ करीबी दोस्त भी शामिल हैं। इस वीडियो में करण अपने दोस्तों को दर्शकों से मिलवाते हैं, जो इस त्योहार को और भी विशेष बनाने के लिए भगवान गणेश की मूर्तियां अपने हाथों से बना रहे हैं। सभी उत्साह और भक्ति में डूबे हुए नजर आ रहे हैं।
इस वीडियो के बैकग्राउंड में लोकप्रिय टीवी धारावाहिक 'क्योंकि सास भी कभी बहू थी' का शीर्षक गीत बज रहा है, जो इसे और अधिक खास बनाता है। करण ने कैप्शन में लिखा, "एक बार फिर हम लौट आए हैं! इस बार पूरे परिवार के साथ, जो इस त्योहार को और भी खास बनाता है। हम सब मिलकर अपने हाथों से गणपति की मूर्तियां बनाते हैं, यही इस त्योहार की सबसे महत्वपूर्ण बात है। एक-दूसरे की मदद करना हमारा मंत्र है। जैसे गाना कहता है, वैसे ही हम भी लौट आए हैं। गणपति बप्पा मोरया! मंगल मूर्ति मोरया!"
करण का यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, और प्रशंसक उनकी इस भक्ति और दोस्ती की भावना की जमकर सराहना कर रहे हैं।
इससे पहले, अभिनेता ऋत्विक धनजानी ने भी इसी वीडियो को अपने आधिकारिक इंस्टाग्राम अकाउंट पर साझा किया था, जिसमें उन्होंने लिखा था, "हर साल की परंपरा। गणपति बप्पा मोरया।"
ज्ञात हो कि अभिनेता ऋत्विक धनजानी ने भारती सिंह और हर्ष लिंबाचिया के यूट्यूब पॉडकास्ट में कहा था कि वह और करण वाही कई वर्षों से गणेश चतुर्थी से पहले गजानन की प्रतिमा बनाते आ रहे हैं, और अब इस कार्य में कई लोग और शामिल हो गए हैं, जो एक परिवार की तरह बन गए हैं।