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क्या मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से आईटीबीपी के डीजी ने सीमांत क्षेत्रों के विकास पर चर्चा की?

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क्या मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से आईटीबीपी के डीजी ने सीमांत क्षेत्रों के विकास पर चर्चा की?

सारांश

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आईटीबीपी के डीजी शत्रुजीत कपूर से मुलाकात की, जिसमें सीमांत क्षेत्रों में सुरक्षा और विकास कार्यों पर चर्चा हुई। यह बैठक उत्तराखंड की सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण साबित हुई।

मुख्य बातें

आईटीबीपी की भूमिका सीमांत क्षेत्रों में सुरक्षा में महत्वपूर्ण है।
राज्य सरकार सीमांत जिलों के विकास के लिए प्रतिबद्ध है।
आधुनिक संसाधनों के साथ सुरक्षा व्यवस्था को दुरुस्त करना आवश्यक है।
आपदा प्रबंधन में आईटीबीपी की सक्रियता प्रशंसनीय है।
सरकार और आईटीबीपी के बीच समन्वय जरूरी है।

नई दिल्ली, 22 फरवरी (राष्ट्र प्रेस)। रविवार को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) के महानिदेशक शत्रुजीत कपूर से औपचारिक भेंट की। इस मुलाकात में राज्य की सीमाओं की सुरक्षा, सीमांत क्षेत्रों में विकास कार्यों और आपदा प्रबंधन के समन्वय पर विस्तृत चर्चा की गई।

बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने उत्तराखंड की अंतरराष्ट्रीय सीमाओं की सुरक्षा में आईटीबीपी की महत्वपूर्ण भूमिका की सराहना की। उन्होंने कहा कि सीमांत क्षेत्रों में तैनात जवान न केवल देश की सुरक्षा में अग्रणी हैं, बल्कि स्थानीय नागरिकों के साथ समन्वय स्थापित कर विकास कार्यों में भी सक्रिय रूप से शामिल हो रहे हैं।

मुख्यमंत्री धामी ने बताया कि राज्य सरकार सीमांत जिलों के समग्र विकास के लिए प्रतिबद्ध है। सड़क, स्वास्थ्य, संचार और बुनियादी सुविधाओं के सुदृढ़ीकरण के माध्यम से सीमांत क्षेत्रों को मुख्यधारा से जोड़ने के प्रयास निरंतर जारी हैं। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि राज्य सरकार और आईटीबीपी के बीच बेहतर समन्वय से सुरक्षा व्यवस्था और अधिक प्रभावी होगी।

डीजी आईटीबीपी शत्रुजीत कपूर ने मुख्यमंत्री को सीमावर्ती क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्थाओं, आधुनिक संसाधनों और बल की तैयारियों की जानकारी दी। उन्होंने राज्य सरकार द्वारा आईटीबीपी को दिए जा रहे सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया और भविष्य में भी समन्वय बनाए रखने का आश्वासन दिया।

बैठक में आपदा प्रबंधन, विशेषकर पर्वतीय क्षेत्रों में राहत एवं बचाव कार्यों में आईटीबीपी की सक्रिय भूमिका पर भी चर्चा हुई। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्राकृतिक आपदाओं के समय आईटीबीपी ने सदैव तत्परता और संवेदनशीलता के साथ कार्य कर प्रदेशवासियों का विश्वास जीता है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि “सुरक्षित सीमा, सशक्त उत्तराखंड” के संकल्प के साथ राज्य सरकार सुरक्षा एजेंसियों के साथ मिलकर कार्य कर रही है, ताकि सीमांत क्षेत्रों में शांति, सुरक्षा और विकास की त्रिस्तरीय व्यवस्था सुनिश्चित की जा सके।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने भविष्य में राज्य सरकार और आईटीबीपी के मध्य नियमित संवाद एवं प्रभावी समन्वय की अपेक्षा की।

संपादकीय दृष्टिकोण

आईटीबीपी की भूमिका न केवल सुरक्षा के लिए बल्कि सामाजिक विकास के लिए भी महत्वपूर्ण है।
RashtraPress
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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

आईटीबीपी का क्या कार्य है?
आईटीबीपी का मुख्य कार्य भारत-तिब्बत सीमा पर सुरक्षा बनाए रखना और आपातकालीन स्थिति में सहायता प्रदान करना है।
मुख्यमंत्री धामी ने आईटीबीपी के योगदान के बारे में क्या कहा?
मुख्यमंत्री धामी ने आईटीबीपी के योगदान की सराहना करते हुए कहा कि उनकी भूमिका सीमांत क्षेत्रों में अत्यंत महत्वपूर्ण है।
इस बैठक का मुख्य उद्देश्य क्या था?
इस बैठक का मुख्य उद्देश्य सीमांत क्षेत्रों की सुरक्षा, विकास कार्यों और आपदा प्रबंधन में बेहतर समन्वय स्थापित करना था।
राष्ट्र प्रेस
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