29 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

'लॉक अप 2' में शिवांगी जोशी, हर्षद चोपड़ा और श्रेया कालरा ने किए बचपन के यौन उत्पीड़न के दर्दनाक खुलासे

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
'लॉक अप 2' में शिवांगी जोशी, हर्षद चोपड़ा और श्रेया कालरा ने किए बचपन के यौन उत्पीड़न के दर्दनाक खुलासे

सारांश

'लॉक अप 2' का यह एपिसोड महज़ एंटरटेनमेंट नहीं रहा — यह एक सामाजिक आईना बन गया। शिवांगी जोशी, हर्षद चोपड़ा और श्रेया कालरा के दर्दनाक खुलासों ने बचपन में घर के भरोसेमंद लोगों द्वारा किए गए उत्पीड़न की उस चुप्पी को तोड़ा, जिसे समाज अक्सर नज़रअंदाज़ करता है।

मुख्य बातें

रियलिटी शो 'लॉक अप: सच या सजा' के ताज़े एपिसोड में तीन कंटेस्टेंट्स ने बचपन में यौन उत्पीड़न के अनुभव साझा किए।
शिवांगी जोशी ने बताया कि माँ के मुँह बोले भाई ने कार सिखाने के बहाने गलत हरकत की; पिता के समय पर आने से वे बचीं।
श्रेया कालरा ने खुलासा किया कि 13 साल की उम्र में उनके चचेरे भाई ने नानी के घर उनके साथ छेड़छाड़ की थी।
हर्षद चोपड़ा ने बताया कि 9-10 साल की उम्र में एक भरोसेमंद व्यक्ति के घर रात बिताते समय उनके साथ यौन उत्पीड़न हुआ।
हर्षद ने सभी माता-पिता से अपील की कि वे बच्चों को अकेला न छोड़ें और उनसे खुलकर बात करें।

रियलिटी शो 'लॉक अप: सच या सजा' के ताज़े एपिसोड में तीन कंटेस्टेंट्स — अभिनेत्री शिवांगी जोशी, टेलीविजन अभिनेता हर्षद चोपड़ा और कंटेंट क्रिएटर श्रेया कालरा — ने बचपन में हुए यौन उत्पीड़न के दर्दनाक अनुभव साझा किए, जिसने शो के मंच पर मौजूद सभी को भावुक कर दिया। तीनों ने यह खुलासे शो के 'सीक्रेट रिवील' सेगमेंट के दौरान किए।

शिवांगी जोशी का खुलासा

अभिनेत्री शिवांगी जोशी ने बताया कि बचपन में उनके पिता को व्यापार में भारी नुकसान उठाना पड़ा था, जिससे परिवार आर्थिक तंगी में आ गया। उस मुश्किल दौर में रिश्तेदारों ने परिवार की मदद की। शिवांगी ने बताया कि जब उन्होंने मुंबई जाकर अभिनेत्री बनने की इच्छा जताई, तब उनकी माँ के मुँह बोले भाई ने इसका फायदा उठाया।

शिवांगी के अनुसार, वह व्यक्ति उन्हें कार चलाना सिखाने के बहाने अपने पास बैठाता था। उन्होंने कहा, 'वे मुझसे कहते थे कि तुम मुंबई जाओगी, तो कार चलाना जरूर आना चाहिए। उस समय मुझे समझ नहीं आता था, लेकिन अच्छा भी नहीं लगता था।'

शिवांगी ने बताया कि एक दिन जब वे अकेली थीं, उस व्यक्ति ने एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री के बारे में समझाने के बहाने गलत हरकत करने की कोशिश की। उन्होंने उसे धक्का दे दिया, जिस पर वह क्रोधित हो गया और उन्हें जमीन पर गिरा दिया। ठीक उसी वक्त उनके माता-पिता घर लौट आए और पिता ने आवाज़ सुनकर उन्हें बचाया। शिवांगी ने कहा कि इस घटना ने उन्हें इतना डरा दिया था कि कई दिनों तक वे घर से बाहर नहीं निकल पाईं।

श्रेया कालरा का बयान

कंटेंट क्रिएटर श्रेया कालरा ने बताया कि जब वे 13 साल की थीं, तब उनके एक चचेरे भाई ने उनके साथ छेड़छाड़ की थी। उन्होंने कहा, 'ये बात मेरे माता-पिता को नहीं पता है, सिर्फ मेरे पार्टनर ऋषभ जायसवाल को पता है।'

श्रेया ने बताया कि यह घटना उनकी नानी के घर हुई थी, जहाँ वे हॉल में सोती थीं और उस समय उन्हें पूरी तरह समझ नहीं आया कि क्या हो रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि वे किसी की सहानुभूति नहीं चाहतीं, लेकिन वे यह नहीं चाहतीं कि उनकी माँ को इस बारे में पता चले — क्योंकि उस लड़के की माँ का निधन हो चुका था और उनकी माँ ने लगभग तीन साल तक उसकी देखभाल की थी।

हर्षद चोपड़ा की पीड़ा

टेलीविजन अभिनेता हर्षद चोपड़ा ने बताया कि जब वे लगभग 9-10 साल के थे, तब उन्हें एक ऐसे व्यक्ति के घर रात बिताने के लिए छोड़ा गया था, जिस पर परिवार और पूरी कम्युनिटी भरोसा करती थी। हर्षद ने कहा, 'एक रात जब मैं उनके घर सो रहा था, तो मुझे एहसास हो रहा था कि कुछ गलत हो रहा है, लेकिन मैं डर गया था। मैंने ऐसा दिखाया जैसे मैं सो रहा हूँ।'

हर्षद ने बताया कि उस व्यक्ति ने उन्हें कुछ दिखाने के बहाने बालकनी में बुलाया और वहाँ भी गलत हरकत की। उन्होंने कहा कि उन्होंने इस बारे में पहले कभी किसी से बात नहीं की क्योंकि वे डरे हुए थे और उन्हें समझ नहीं आया था कि क्या हुआ था।

भावुक होते हुए हर्षद ने सभी माता-पिता से अनुरोध किया कि वे अपने बच्चों को अकेला न छोड़ें और उनसे खुलकर बात करें।

समाज के लिए संदेश

यह ऐसे समय में आया है जब बाल यौन उत्पीड़न के प्रति जागरूकता बढ़ाने की माँग पूरे देश में तेज़ हो रही है। गौरतलब है कि सार्वजनिक मंचों पर इस तरह के व्यक्तिगत अनुभव साझा करना न केवल साहस का प्रतीक है, बल्कि उन लाखों बच्चों की आवाज़ भी बनता है जो अब तक चुप हैं। तीनों कंटेस्टेंट्स के खुलासों ने सोशल मीडिया पर व्यापक भावनात्मक प्रतिक्रिया उत्पन्न की है और 'गुड टच-बैड टच' की शिक्षा को लेकर बहस को नई ऊर्जा दी है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन 'लॉक अप 2' के इस एपिसोड ने अनजाने में एक ज़रूरी सामाजिक संवाद खोल दिया — घरेलू दायरे में भरोसेमंद लोगों द्वारा बाल यौन उत्पीड़न की वह चुप्पी, जो दशकों तक पीड़ित के मन में दबी रहती है। तीनों कंटेस्टेंट्स के अनुभवों में एक साझा सूत्र है: अपराधी परिचित थे, परिवार अनजान था, और डर ने आवाज़ को दबाए रखा। मुख्यधारा की कवरेज इसे 'टीवी ड्रामा' की तरह पेश करने का जोखिम उठाती है, जबकि असली सवाल यह है कि क्या यह खुलासा बच्चों के लिए 'गुड टच-बैड टच' की अनिवार्य शिक्षा की नीतिगत माँग को बल देगा।
RashtraPress
29 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

'लॉक अप 2' में शिवांगी जोशी ने क्या खुलासा किया?
शिवांगी जोशी ने बताया कि बचपन में उनकी माँ के मुँह बोले भाई ने कार सिखाने के बहाने उनके साथ गलत व्यवहार किया और एक बार अकेले में उन पर हमला करने की कोशिश की। उनके पिता के समय पर घर लौटने से वे बच गईं, लेकिन इस घटना ने उन्हें कई दिनों तक घर से बाहर निकलने में असमर्थ कर दिया।
श्रेया कालरा ने 'लॉक अप 2' में कौन-सा राज़ उजागर किया?
श्रेया कालरा ने बताया कि 13 साल की उम्र में उनके चचेरे भाई ने नानी के घर उनके साथ छेड़छाड़ की थी। उन्होंने कहा कि यह बात उनके माता-पिता को अब तक नहीं पता और वे नहीं चाहतीं कि उनकी माँ को इसकी जानकारी हो।
हर्षद चोपड़ा ने बचपन के किस अनुभव के बारे में बात की?
हर्षद चोपड़ा ने बताया कि लगभग 9-10 साल की उम्र में उन्हें एक भरोसेमंद व्यक्ति के घर छोड़ा गया था, जहाँ रात में उनके साथ यौन उत्पीड़न हुआ। उन्होंने कहा कि डर और समझ की कमी के कारण वे सालों तक इस बारे में किसी से बात नहीं कर पाए।
हर्षद चोपड़ा ने माता-पिता से क्या अपील की?
भावुक हर्षद चोपड़ा ने सभी माता-पिता से अनुरोध किया कि वे अपने बच्चों को अकेला न छोड़ें और उनसे खुलकर बात करें। उन्होंने कहा कि बच्चों पर भरोसा करना और उनकी बात सुनना बेहद ज़रूरी है।
'लॉक अप: सच या सजा' में ये खुलासे किस सेगमेंट में हुए?
ये खुलासे शो के 'सीक्रेट रिवील' सेगमेंट के दौरान हुए, जिसमें कंटेस्टेंट्स को एक कोड वर्ड दिया जाता है और उनसे जुड़ा छिपा हुआ राज़ साझा करने को कहा जाता है। तीनों ने इसी सेगमेंट में अपने बचपन के दर्दनाक अनुभव सार्वजनिक किए।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम कल
  2. 6 दिन पहले
  3. 1 सप्ताह पहले
  4. 1 सप्ताह पहले
  5. 2 सप्ताह पहले
  6. 2 सप्ताह पहले
  7. 2 सप्ताह पहले
  8. 3 सप्ताह पहले