क्या सर्दियों का मौसम स्वास्थ्य के लिए स्वर्णिम काल है? ये 5 आदतें आपको बीमारियों से दूर रखेंगी
सारांश
Key Takeaways
- पूरा आराम
- सर्दियों में सही खानपान करें।
- पाचन शक्ति को संतुलित रखने के लिए कम मसालेदार खाना खाएं।
- समय पर उठना और सोना सेहत के लिए फायदेमंद है।
- सर्दियों में हरी सब्जियों का सेवन करें।
नई दिल्ली, 11 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। सर्दियों का मौसम अक्सर सेहत के लिए अत्यधिक लाभकारी होता है, क्योंकि इस समय हरी सब्जियों और स्वादिष्ट फलों की भरपूर उपलब्धता होती है।
गंभीर से गंभीर भोजन सर्दियों में आसानी से पच जाता है, क्योंकि पाचन शक्ति अधिक सक्रिय होती है। जबकि लोग सर्दियों को अकड़न और जकड़न का समय मानते हैं, आयुर्वेद इसे तैयारी के महीने के रूप में देखता है। कुछ सरल उपायों से शरीर को पूरे साल के लिए तैयार किया जा सकता है। आज हम कुछ ऐसी आदतों पर चर्चा करेंगे, जो आपको साल भर दवा से दूर रखेंगी।
पहली आदत, सर्दियों में रात के समय शरीर को पूरा आराम देना आवश्यक है। यह हड्डियों को मजबूत करने और शरीर को डिटॉक्स करने में मदद करता है। बेवजह रात को खाना या पीना शरीर को आराम नहीं लेने देता। गर्मियों की तुलना में, सर्दियों में शरीर तेजी से मरम्मत करता है।
दूसरी आदत, मौसम के अनुसार तालमेल बैठाना अत्यंत महत्वपूर्ण है। इसलिए, देर रात कुछ खाने और ठंडा पानी पीने से बचना चाहिए। ये आदतें शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को कमजोर करने के लिए काफी हैं।
तीसरी आदत, सर्दियों में खाने का समय और प्रकार का बहुत महत्व है। भरपूर हरी सब्जियों का सेवन आयरन, कैल्शियम और खनिजों की पूर्ति करता है, जो शरीर को पोषण और मजबूती प्रदान करता है। सुबह और दोपहर पौष्टिक आहार लें, और सूर्य ढलने के बाद सब्जियों का सूप औषधि का काम करेगा।
चौथी आदत, सर्दियों में पाचन शक्ति तेज होती है और भूख बार-बार लगती है। लोग तला हुआ और मसालेदार भोजन का सेवन करते हैं, जो पेट में जलन पैदा करता है। संतुलित आहार और कम मसालेदार भोजन से पाचन अग्नि को संतुलित रखा जा सकता है।
पांचवी आदत, समय पर उठना और सोना भी आवश्यक है। देर रात सोने और सुबह देर से उठने से कब्ज और ध्यान केंद्रित करने में कठिनाई होती है। इसलिए, सर्दियों में सही समय पर सोने और उठने से आपकी याद्दाश्त को मजबूत किया जा सकता है।