दक्षिणी फिलीपींस में 6.3 तीव्रता का भूकंप, डावाओ ऑक्सिडेंटल में 10 किमी गहराई पर हिली धरती
सारांश
मुख्य बातें
दक्षिणी फिलीपींस के डावाओ ऑक्सिडेंटल प्रांत में गुरुवार, 6 अगस्त की सुबह 6.3 तीव्रता के भूकंप ने दहशत का माहौल बना दिया। फिलीपीन इंस्टीट्यूट ऑफ वोलकेनोलॉजी एंड सीस्मोलॉजी (PHIVOLCS) के अनुसार, यह टेक्टोनिक भूकंप स्थानीय समय के अनुसार सुबह 5:41 बजे आया और इसका केंद्र बालुत आइलैंड के तट से 99 किमी दक्षिण-पश्चिम में 10 किमी की गहराई पर था। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि इस भूकंप से सुनामी का कोई खतरा नहीं है।
मुख्य घटनाक्रम
भूकंप का केंद्र कोटाबाटो ट्रेंच के निकट था। इसके झटके सारंगनी प्रांत, जनरल सैंटोस सिटी और साउथ कोटाबाटो के कुछ हिस्सों में महसूस किए गए। PHIVOLCS ने डावाओ डेल सुर, कोटाबाटो और सुल्तान कुदरत में भी तीव्रता दर्ज की।
कई प्रभावित प्रांतों और इलाकों ने सरकारी कार्यालयों में कक्षाएँ, काम और अन्य सार्वजनिक गतिविधियाँ तत्काल प्रभाव से स्थगित करने की घोषणा की।
प्रत्यक्षदर्शियों की आपबीती
सारंगनी आइलैंड के बचाव कर्मी हार्ली साउरो ने बताया कि भूकंप ऐसे समय आया जब स्थानीय प्रशासन वित्तीय सब्सिडी वितरित कर रहा था, जिसके कारण परिसर में बड़ी संख्या में लोग मौजूद थे।
साउरो ने कहा, 'झटके काफी तेज थे। मैंने लोगों को घबराया हुआ देखा — वे भाग रहे थे और चिल्ला रहे थे। लेकिन सभी सुरक्षित हैं। हमारे अनुभव के आधार पर हमें नहीं लगता कि कोई हताहत या नुकसान हुआ होगा।'
48 घंटों में दूसरा बड़ा भूकंप
यह भूकंप केवल 24 घंटे के भीतर इसी क्षेत्र में आया दूसरा बड़ा झटका था। इससे पहले बुधवार को दोपहर 12:14 बजे डावाओ ऑक्सिडेंटल में 6.4 तीव्रता का भूकंप आया था, जो 13 किमी की गहराई पर था। PHIVOLCS ने उस भूकंप के बाद भी सुनामी की आशंका को खारिज किया था।
जर्मन भू-विज्ञान अनुसंधान केंद्र (GFZ) के अनुसार, बुधवार को सुबह 04:14 GMT पर फिलीपींस के मिंडानाओ क्षेत्र में 6.3 तीव्रता का भूकंप दर्ज किया गया था, जिसका केंद्र 5.37° उत्तरी अक्षांश और 125.45° पूर्वी देशांतर पर 10 किमी की गहराई पर था।
फिलीपींस और भूकंपीय संवेदनशीलता
फिलीपींस पैसिफिक रिंग ऑफ फायर के किनारे पर स्थित है — एक घोड़े की नाल के आकार का क्षेत्र जो प्रशांत महासागर को घेरता है और दुनिया की सबसे अधिक भूकंपीय और ज्वालामुखीय गतिविधि के लिए जाना जाता है। इसी भौगोलिक स्थिति के कारण यह द्वीपीय राष्ट्र बार-बार भूकंप, ज्वालामुखी विस्फोट और सुनामी का सामना करता है।
पृष्ठभूमि: जून का विनाशकारी भूकंप
इन ताज़ा भूकंपों से पहले 8 जून को इसी क्षेत्र में एक विनाशकारी भूकंप आया था, जिसमें इमारतें ढह गईं, भूस्खलन हुआ और मिंडानाओ के निकटवर्ती द्वीपों पर कम से कम 76 लोगों की मौत हो गई। उस भूकंप के कारण कोटाबाटो ट्रेंच खिसक गई और समुद्र तल 2 मीटर (6.6 फीट) तक ऊपर उठ गया, जिससे कोरल रीफ्स और समुद्री पारिस्थितिकी तंत्र को गंभीर नुकसान पहुँचा। लगातार आ रहे इन भूकंपों के बीच क्षेत्र की भूकंपीय निगरानी और आपदा प्रबंधन तंत्र पर एक बार फिर ध्यान केंद्रित हो गया है।