भारतीय दूतावास ने सऊदी अरब में नागरिकों की सुरक्षा के लिए दिया समर्थन
सारांश
Key Takeaways
- भारतीय दूतावास ने नागरिकों की सुरक्षा का आश्वासन दिया।
- 24x7 कंट्रोल रूम की स्थापना की गई है।
- सऊदी अरब में भारतीय नागरिकों की गिरफ्तारी की अफवाहें निराधार हैं।
- कूटनीतिक संबंधों में तनाव से संबंधित सही जानकारी का प्रसार आवश्यक है।
- ईरान को भ्रामक गणनाओं से बचने की सलाह दी गई है।
नई दिल्ली, 8 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। सऊदी अरब में भारतीय दूतावास के एंबेसडर डॉ. सुहेल एजाज खान ने आज देश के विभिन्न क्षेत्रों और प्रांतों से आए भारतीय समुदाय के प्रतिनिधियों के साथ एक वर्चुअल बैठक की। इस अवसर पर उन्होंने समुदाय को आश्वस्त किया कि दूतावास भारतीय नागरिकों को हरसंभव सहायता प्रदान करने के लिए पूरी तरह से तत्पर है।
भारतीय दूतावास ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर जानकारी साझा करते हुए लिखा, "एंबेसडर डॉ. सुहेल एजाज खान ने आज डीसीएम अबू माथेन जॉर्ज और काउंसलर (सीडब्ल्यू) वाई साबिर के साथ विभिन्न क्षेत्रों से आए भारतीय समुदाय के प्रतिनिधियों से वर्चुअल बातचीत की।"
बातचीत के दौरान एंबेसडर ने समुदाय को विश्वास दिलाया कि दूतावास सभी आवश्यक सहायता प्रदान करने के लिए तैयार है। उन्होंने प्रतिभागियों को दूतावास की हाल की पहलों के बारे में भी बताया, जिसमें तत्काल सहायता के लिए 24x7 कंट्रोल रूम की स्थापना शामिल है। समुदाय के प्रतिनिधियों ने दूतावास की सक्रियता और जुड़ाव की सराहना की।
एक दिन पहले, सऊदी अरब में एक भारतीय नागरिक को इजरायल की खुफिया एजेंसी मोसाद के एजेंट के रूप में गिरफ्तार करने की अफवाहें सामने आई थीं, जिसे भारत सरकार ने पूरी तरह से झूठा और भ्रामक बताया है।
सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे दावों के संबंध में शनिवार को विदेश मंत्रालय ने आधिकारिक सफाई जारी करते हुए लोगों से ऐसी अफवाहों से सावधान रहने की अपील की थी।
दरअसल, सोशल मीडिया प्लेटफार्म 'एक्स' पर एक पोस्ट तेजी से फैल रही थी, जिसमें दावा किया गया था कि सऊदी अरब की सुरक्षा एजेंसियों ने मोसाद से जुड़े दो एजेंटों को गिरफ्तार किया है, जिनमें एक भारतीय नागरिक भी शामिल है। पोस्ट में यह भी आरोप लगाया गया कि ये दोनों एजेंट ईरान को फंसाने के लिए बम धमाकों की साजिश रच रहे थे।
हालांकि, विदेश मंत्रालय ने इस दावे को पूरी तरह निराधार और मनगढ़ंत करार दिया है। मंत्रालय ने अपने बयान में कहा, "सोशल मीडिया पर फैलाए जा रहे ऐसे बेतुके और बिना किसी आधार वाले दावों से सावधान रहें।"
सरकारी अधिकारियों के अनुसार, यह दावा पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच फैल रही गलत सूचनाओं की एक बड़ी लहर का हिस्सा है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि सऊदी अरब में किसी भारतीय नागरिक की इस तरह की गिरफ्तारी की कोई विश्वसनीय जानकारी या आधिकारिक पुष्टि नहीं है।
दूसरी ओर, सऊदी अरब ने भी ईरान को "भ्रामक गणनाओं" से बचने की चेतावनी जारी की थी। शनिवार को सऊदी अरब के रक्षा मंत्री खालिद बिन सलमान अल सउद ने ईरान को चेतावनी देते हुए कहा था कि उसे "भ्रामक गणनाओं" से बचना चाहिए क्योंकि पश्चिम एशिया में बढ़ते संघर्ष के बीच क्षेत्रीय तनाव लगातार बढ़ रहा है।
बैठक के बाद, सऊदी मंत्री ने उम्मीद जताई कि ईरान "बुद्धिमानी और विवेक" से काम करेगा और ऐसे कदमों से बचेगा जो पहले से ही अस्थिर स्थिति को और भड़का सकते हैं।
इस बीच, सऊदी अरब ने बताया कि उसकी एयर डिफेंस प्रणाली ने एक और हमले को सफलतापूर्वक रोक दिया। रियाद के दक्षिण-पूर्व में स्थित एक सैन्य ठिकाने को निशाना बनाकर दागी गई बैलिस्टिक मिसाइल को लक्ष्य तक पहुंचने से पहले ही नष्ट कर दिया गया।