ऐतिहासिक: गाजा में 20 साल बाद पहली बार नगर निकाय चुनाव, हजारों फिलिस्तीनियों ने किया मतदान
सारांश
Key Takeaways
- गाजा में 20 वर्षों के अंतराल के बाद 25 अप्रैल 2025 को पहली बार नगर निकाय चुनाव संपन्न हुए।
- चुनाव केवल दीर अल-बलाह शहर तक सीमित रहे, जहां लगभग 70 हजार पंजीकृत मतदाता हैं।
- फिलिस्तीनी क्षेत्रों में 13 लाख मतदाता पात्र हैं; कुल 183 स्थानीय निकाय संस्थाओं के लिए मतदान हुआ।
- मैदान में 321 चुनावी सूचियां और 3,773 नगर निकाय उम्मीदवार थे; ग्राम परिषदों के लिए 1,358 उम्मीदवार भी प्रतिस्पर्धा में रहे।
- हमास प्रवक्ता हाजेम कासिम ने इसे महत्वपूर्ण कदम बताते हुए पूरे गाजा में चुनाव की मांग की।
- गाजा में पिछले चुनाव 2006 में हुए थे; 2007 में हमास के नियंत्रण के बाद से चुनावी प्रक्रिया ठप थी।
गाजा, 25 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। गाजा पट्टी में करीब दो दशकों के लंबे अंतराल के बाद शनिवार, 26 अप्रैल 2025 को पहली बार नगर निकाय चुनाव संपन्न हुए, जिसमें हजारों फिलिस्तीनी नागरिकों ने उत्साहपूर्वक अपने मताधिकार का प्रयोग किया। यह चुनाव फिलहाल गाजा के मध्य क्षेत्र में स्थित दीर अल-बलाह शहर तक सीमित रहा, जबकि वेस्ट बैंक में भी एक साथ स्थानीय निकाय चुनाव कराए गए। 2006 के बाद यह पहला मौका है जब गाजा में लोकतांत्रिक प्रक्रिया के तहत स्थानीय प्रतिनिधि चुने जा रहे हैं।
मतदान प्रक्रिया और समय-सारिणी
फिलिस्तीनी केंद्रीय चुनाव आयोग के अनुसार, मतदान केंद्र स्थानीय समयानुसार सुबह 7 बजे खोले गए। दीर अल-बलाह में मतदान शाम 5 बजे तक चला, जबकि वेस्ट बैंक में मतदाताओं को शाम 7 बजे तक वोट डालने का अवसर मिला।
आयोग के अनुसार, फिलिस्तीनी क्षेत्रों में कुल 13 लाख मतदाता मताधिकार के पात्र हैं। इनमें से लगभग 70 हजार पंजीकृत मतदाता अकेले दीर अल-बलाह में हैं।
उम्मीदवार और चुनावी सूचियां
इन चुनावों में फिलिस्तीनी क्षेत्रों की कुल 183 स्थानीय निकाय संस्थाओं के लिए मतदान कराया गया। पूरे क्षेत्र में 321 चुनावी सूचियां मैदान में थीं, जिनमें नगर निकाय सीटों के लिए 3,773 उम्मीदवार चुनाव लड़ रहे हैं। इसके अतिरिक्त, ग्राम परिषदों के लिए 1,358 उम्मीदवार भी प्रतिस्पर्धा में हैं।
दीर अल-बलाह में विशेष रूप से चार चुनावी सूचियां आमने-सामने थीं। प्रत्येक सूची में 15 उम्मीदवार शामिल हैं, जिनमें कम से कम चार महिला उम्मीदवार अनिवार्य रूप से शामिल की गई हैं।
दीर अल-बलाह को क्यों चुना गया?
चुनाव अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि दीर अल-बलाह को इसलिए प्राथमिकता दी गई क्योंकि यहां के बुनियादी ढांचे को अन्य क्षेत्रों की तुलना में अपेक्षाकृत कम नुकसान पहुंचा है। मतदान से पूर्व शहर की सड़कों, दुकानों, बिजली के खंभों, विस्थापन शिविरों, सामुदायिक केंद्रों और शरणार्थी बस्तियों में जोरदार चुनाव प्रचार देखने को मिला।
नागरिकों और नेताओं की प्रतिक्रिया
42 वर्षीय मतदाता सलमान अल-ऐदी ने बताया कि मतदान प्रक्रिया पूरी तरह शांतिपूर्ण रही और किसी भी मतदाता को किसी प्रकार की असुविधा नहीं हुई। उन्होंने कहा कि इतने वर्षों के बाद स्थानीय चुनाव में भाग लेना एक अत्यंत भावनात्मक और ऐतिहासिक अवसर है।
हमास के प्रवक्ता हाजेम कासिम ने इस मतदान को महत्वपूर्ण कदम बताया और मांग की कि ऐसी अनुकूल परिस्थितियां तैयार की जाएं ताकि भविष्य में पूरे गाजा में चुनाव कराए जा सकें।
गाजा के राजनीतिक विश्लेषक इयाद अब्देल जवाद के अनुसार, इन चुनावों का मूल उद्देश्य वर्षों से निष्क्रिय पड़े स्थानीय लोकतांत्रिक ढांचे को पुनर्जीवित करना है।
ऐतिहासिक पृष्ठभूमि और विश्लेषण
गाजा में आखिरी बार स्थानीय चुनाव 2006 में हुए थे। इसके बाद 2007 में हमास द्वारा गाजा पर नियंत्रण हासिल करने, लगातार सैन्य संघर्षों और फतह-हमास के बीच गहरे राजनीतिक विभाजन के कारण चुनावी प्रक्रिया पूरी तरह ठप हो गई थी।
यह उल्लेखनीय है कि यह चुनाव ऐसे समय में हो रहे हैं जब गाजा अभी भी भारी संघर्ष और मानवीय संकट से जूझ रहा है। तुलनात्मक दृष्टि से देखें तो इराक और अफगानिस्तान जैसे संघर्षग्रस्त देशों में भी स्थानीय चुनावों को लोकतंत्र की पुनर्स्थापना का पहला कदम माना गया था।
आने वाले समय में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि क्या फिलिस्तीनी चुनाव आयोग गाजा के अन्य क्षेत्रों में भी चुनाव प्रक्रिया विस्तारित कर पाता है और क्या यह कदम फतह व हमास के बीच राजनीतिक सुलह की दिशा में भी सहायक सिद्ध होगा।