क्या जनरल उपेंद्र द्विवेदी की अल्जीरिया यात्रा वैश्विक सुरक्षा चुनौतियों पर चर्चा का मंच बनेगी?

सारांश
Key Takeaways
- जनरल उपेंद्र द्विवेदी की अल्जीरिया यात्रा का महत्व
- रक्षा एवं सुरक्षा सहयोग को सुदृढ़ करना
- आर्मी टू आर्मी सहयोग को बढ़ावा देना
- क्षेत्रीय और वैश्विक सुरक्षा चुनौतियों पर चर्चा
- अल्जीरिया के सैन्य नेतृत्व से मुलाकात
नई दिल्ली, २४ अगस्त (राष्ट्र प्रेस) भारतीय सेना के प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी आज अल्जीरिया की एक महत्वपूर्ण यात्रा पर निकल चुके हैं। सेना प्रमुख २५ से २८ अगस्त तक अल्जीरिया में रहेंगे। यह दौरा हाल ही में भारत के राष्ट्रपति और चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (सीडीएस) की अल्जीरिया यात्रा के बाद हो रहा है।
रक्षा मंत्रालय का मानना है कि यह यात्रा भारत और अल्जीरिया के संबंधों को मजबूती प्रदान करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। जनरल द्विवेदी का मुख्य उद्देश्य भारत और अल्जीरिया के बीच रक्षा और सुरक्षा सहयोग को सुदृढ़ करना है।
इस यात्रा में आर्मी टू आर्मी सहयोग को बढ़ावा देना, क्षेत्रीय और वैश्विक सुरक्षा चुनौतियों पर विचार करना, और रक्षा उद्योग में सहयोग के नए अवसर खोजना शामिल है। अल्जीरिया में अपने प्रवास के दौरान, जनरल द्विवेदी वहां के वरिष्ठ सैन्य नेतृत्व से मुलाकात करेंगे। वे अल्जीरिया के जनरल सईद चानेग्रिहा (रक्षा मंत्री के प्रतिनिधि एवं पीपुल्स नेशनल आर्मी के चीफ ऑफ स्टाफ), लेफ्टिनेंट जनरल मोस्तेफा स्माली (कमांडर, लैंड फोर्सेज), और भारत की राजदूत डॉ. स्वाति कुलकर्णी से चर्चा करेंगे।
इसके अतिरिक्त, वे चेरचेल मिलिट्री एकेडमी का दौरा करेंगे और शहीदों के मेमोरियल पर श्रद्धांजलि अर्पित करेंगे।
गौरतलब है कि ३० जुलाई से १ अगस्त २०२५ तक अल्जीयर्स में आयोजित डिफेंस सेमिनार में भारतीय रक्षा उद्योगों ने अपनी क्षमताओं का प्रदर्शन किया था, जिससे उद्योग एवं प्रौद्योगिकी सहयोग की नींव रखी गई। रक्षा मंत्रालय का कहना है कि जनरल द्विवेदी का यह दौरा भारत-अल्जीरिया के ऐतिहासिक संबंधों को और गहराई देगा और सुरक्षा सहयोग को नई गति प्रदान करेगा।