क्या अमेरिका ने हमास के हथियार डालने पर संदेह जताया है? बंधक के अवशेष न मिलने पर गंभीर परिणाम भुगतने की दी चेतावनी
सारांश
Key Takeaways
- गाजा संघर्ष के समाधान के लिए अमेरिका की नई योजना।
- हमास की वापसी की जिम्मेदारी पर संदेह।
- अंतिम मृत बंधक के अवशेष की खोज जारी है।
- गाजा में विसैन्यीकरण की आवश्यकता।
- क्षेत्रीय बिचौलियों की महत्वपूर्ण भूमिका।
वॉशिंगटन, 15 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। अमेरिका ने गाजा संघर्ष को जड़ से खत्म करने के लिए पीस प्लान का दूसरा चरण शुरू कर दिया है, लेकिन अमेरिकी राष्ट्रपति को इस बात पर अब भी संशय है कि क्या हमास इस योजना के तहत हथियार डालने के लिए तैयार होगा।
अमेरिकी अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि यदि हमास अंतिम मृत बंधक के अवशेष लौटाने में असफल रहता है, तो इसके गंभीर परिणाम हो सकते हैं।
दो वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार, शांति योजना के दूसरे चरण में एक ट्रांजिशनल टेक्नोक्रेटिक फिलिस्तीनी संस्था का गठन किया जाएगा, जिसे नेशनल कमेटी फॉर द एडमिनिस्ट्रेशन ऑफ गाजा (एनसीएजी) कहा जाएगा। इसका उद्देश्य सीजफायर के प्रबंधन के साथ-साथ गाजा में विसैन्यीकरण, टेक्नोक्रेटिक शासन और पुनर्निर्माण की दिशा में बदलाव की प्रक्रिया शुरू करना है।
ट्रंप के विशेष दूत स्टीव विटकॉफ ने कहा कि वॉशिंगटन को उम्मीद है कि हमास समझौते के तहत अपनी बाकी जिम्मेदारियों को पूरा करेगा, जिसमें अंतिम मृत होस्टेज की वापसी भी शामिल है। उन्होंने चेतावनी दी है कि ऐसा न करने पर गंभीर नतीजे होंगे।
सीनियर अधिकारियों ने इस बात पर भी संदेह जताया है कि क्या हमास पूरी तरह से हथियार छोड़ेगा। समूह ने मिलिट्री इंफ्रास्ट्रक्चर बनाने में कई साल बिताए हैं। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि गाजा के भविष्य के लिए टेरर क्षमता को हटाना आवश्यक है। यदि एक और लड़ाई की संभावना बनी रहती है, तो पुनर्निर्माण आगे नहीं बढ़ सकता।
अधिकारियों ने बताया कि एनसीएजी को क्षेत्रीय मध्यस्थों और फिलिस्तीनी समूह के साथ कंसल्टेशन के जरिए सावधानी से चुना गया है और इसका लक्ष्य एक नॉन-पॉलिटिकल, सेवा-उन्मुख प्रशासन के रूप में काम करना है।
उन्होंने कहा कि वर्षों में पहली बार गाजा पर हमास या फिलिस्तीनी अथॉरिटी का राज नहीं होगा। अधिकारियों ने कहा कि दूसरे चरण में आगे बढ़ने का निर्णय तब लिया गया जब होस्टेज के अनसुलझे मामलों पर काम किया जा रहा था। सभी जीवित बंधक वापस आ गए हैं और 28 मृत होस्टेज में से 27 के अवशेष भी मिल गए हैं। अधिकारी ने आगे कहा कि सीजफायर जारी रखते हुए अंतिम अवशेष को खोजने की कोशिशें जारी हैं।
अधिकारियों का कहना है कि टेरर इंफ्रास्ट्रक्चर को खत्म करना और भारी हथियार हटाना मुख्य लक्ष्य हैं। गाजा को युद्ध के चक्र में वापस जाने से रोकने के लिए ये कदम आवश्यक हैं ताकि रिकंस्ट्रक्शन की कोशिशें लंबे समय तक चल सकें और दैनिक जीवन में सुधार हो सके।
अधिकारियों ने पहले चरण के दौरान हुई बड़ी मानवीय उपलब्धियों की ओर इशारा किया और कहा कि सीजफायर के बाद 53,000 से ज्यादा ट्रक गाजा में मदद के लिए पहुंचे। 20 लाख से ज्यादा पैलेट सामान पहुंचाया गया। हजारों बच्चों के लिए वैक्सीनेशन ड्राइव आयोजित की गई और मलबे के बड़े हिस्से साफ किए गए।
विटकॉफ ने अपने सोशल मीडिया पोस्ट में क्षेत्रीय बिचौलियों की भूमिका पर भी जोर दिया और कहा कि अमेरिका मिस्र, तुर्किए और कतर का उनके आवश्यक बिचौलिए प्रयासों के लिए आभारी है, जिनकी वजह से अब तक विकास संभव हुआ है। जैसे-जैसे योजना आगे बढ़ेगी, ये देश महत्वपूर्ण भूमिका निभाते रहेंगे।