यूएस ट्रेजरी में भारत की होल्डिंग $219.7 अरब के पार, चीन की हिस्सेदारी 12 महीनों में $109 अरब घटी
सारांश
मुख्य बातें
ट्रेजरी इंटरनेशनल कैपिटल (TIC) के ताज़ा आँकड़ों के अनुसार, अगस्त 2026 में भारत की अमेरिकी ट्रेजरी होल्डिंग्स बढ़कर $219.7 अरब डॉलर हो गई हैं — जो लगातार तीसरे महीने की वृद्धि है। इसी अवधि में चीन की होल्डिंग्स $618 अरब डॉलर से घटकर $590.7 अरब डॉलर रह गई हैं, जो पिछले एक वर्ष में $109 अरब डॉलर की कुल कटौती को दर्शाता है।
भारत की होल्डिंग्स में तेज़ उछाल
जुलाई में $202.6 अरब डॉलर रही भारत की होल्डिंग्स अगस्त में एक ही महीने में लगभग $17 अरब डॉलर की छलाँग लगाकर $219.7 अरब डॉलर पर पहुँच गई। गौरतलब है कि इस साल अप्रैल में यह घटकर $181 अरब डॉलर के निचले स्तर पर आ गई थीं। उसके बाद से — मई में $181.3 अरब, जून में $186.4 अरब, जुलाई में $202.6 अरब और अगस्त में $219.7 अरब — लगातार सुधार दर्ज हुआ है। आँकड़ों के अनुसार, भारत की होल्डिंग्स अब लगभग उसी स्तर पर वापस आ गई हैं, जहाँ एक साल पहले थीं।
चीन की होल्डिंग्स में लगातार गिरावट
TIC रिपोर्ट के अनुसार, अगस्त 2025 में चीन की होल्डिंग्स $699.7 अरब डॉलर थीं, जो अब घटकर $590.7 अरब डॉलर रह गई हैं। बारह महीनों में $109 अरब डॉलर की यह कटौती अमेरिकी सरकारी प्रतिभूतियों से चीन के क्रमिक विमुखीकरण की प्रवृत्ति की पुष्टि करती है, जिसे विश्लेषक वैश्विक भू-राजनीतिक तनावों और डॉलर-केंद्रित परिसंपत्तियों के पुनर्संतुलन से जोड़ते हैं।
दोनों एशियाई अर्थव्यवस्थाओं के बीच का अंतर
भारत और चीन की होल्डिंग्स के बीच का अंतर, जो एक वर्ष पहले लगभग $480 अरब डॉलर था, अब घटकर लगभग $371 अरब डॉलर रह गया है। यह अंतर का सिकुड़ना दोनों देशों की परस्पर विपरीत निवेश रणनीतियों का स्पष्ट प्रतिबिंब है।
वैश्विक रैंकिंग में भारत की स्थिति
अमेरिकी ट्रेजरी की प्रमुख विदेशी धारकों की सूची में भारत फिलहाल 14वें स्थान पर है। हाँगकाँग ($261.5 अरब डॉलर) भारत से आगे है, जबकि नॉर्वे ($214 अरब डॉलर) भारत के ठीक पीछे है। सूची में सबसे ऊपर जापान $1,068.3 अरब डॉलर के साथ पहले स्थान पर है, हालाँकि जुलाई की तुलना में इसकी होल्डिंग भी घटी है। यूनाइटेड किंगडम $1,009.5 अरब डॉलर के साथ दूसरे स्थान पर है। इसके बाद बेल्जियम ($490.5 अरब), कनाडा ($464.6 अरब), केमैन आइलैंड्स ($463 अरब) और लक्ज़मबर्ग ($448.2 अरब) का स्थान है।
समग्र TIC प्रवाह और अगली रिपोर्ट
अमेरिकी ट्रेजरी के अनुसार, अगस्त में कुल नेट TIC इनफ्लो $199.8 अरब डॉलर रहा। विदेशी निवेशकों ने दीर्घकालिक अमेरिकी प्रतिभूतियों में शुद्ध $300.7 अरब डॉलर की खरीदारी की, जबकि ट्रेजरी बिलों में होल्डिंग्स $47.8 अरब डॉलर कम हुई। अगली TIC रिपोर्ट — जो सितंबर के आँकड़ों को कवर करेगी — 18 नवंबर को जारी होने की उम्मीद है।