अगर संघर्ष जारी रहा, तो आईआरजीसी नई सैन्य क्षमताओं का उपयोग करेगा: ईरान

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अगर संघर्ष जारी रहा, तो आईआरजीसी नई सैन्य क्षमताओं का उपयोग करेगा: ईरान

सारांश

ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) ने अमेरिका और इज़राइल के साथ युद्ध के चलते अपनी नई सैन्य क्षमताओं का इस्तेमाल करने की चेतावनी दी है। इस मुद्दे पर हाल ही में कई महत्वपूर्ण बयान दिए गए हैं।

Key Takeaways

  • आईआरजीसी ने चेतावनी दी है कि युद्ध की स्थिति में नई सैन्य क्षमताएं सामने आएंगी।
  • ईरान के सशस्त्र बलों की क्षमताएं लगातार बढ़ रही हैं।
  • अमेरिका ने ईरान के जलडमरूमध्य की नाकाबंदी की है।
  • ईरान और अमेरिका के बीच वार्ता जारी है, लेकिन कोई समझौता नहीं हुआ।
  • ईरान की नौसेना को लेकर अमेरिकी चेतावनियां जारी हैं।

तेहरान, 14 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) ने चेतावनी दी है कि अगर अमेरिका और इज़राइल के बीच संघर्ष जारी रहता है, तो वह अपनी नई सैन्य क्षमताओं का इस्तेमाल करेगी। इस बात की जानकारी फार्स समाचार एजेंसी द्वारा दी गई।

आईआरजीसी के प्रवक्ता हुसैन मोहब्बी ने कहा, “हमने अभी तक अपनी क्षमताओं का इस्तेमाल नहीं किया है, और यदि युद्ध जारी रहता है, तो हम ऐसी क्षमताओं को सामने लाएंगे जिनके बारे में दुश्मन को कोई जानकारी नहीं है।”

इस बीच, ईरान के रक्षा मंत्रालय के प्रवक्ता रज़ा तलाएनिक ने सोमवार को कहा कि ईरानी सशस्त्र बलों की क्षमताएं लगातार बढ़ रही हैं। उनके पास भविष्य में आक्रामक और रक्षात्मक अभियानों को जारी रखने के लिए पर्याप्त मिसाइलें, ड्रोन, हथियार, गोला-बारूद और अन्य सैन्य उपकरण मौजूद हैं। यह जानकारी शिन्हुआ समाचार एजेंसी ने ईरान की आधिकारिक समाचार एजेंसी आईआरएनए के हवाले से दी।

सोमवार को, ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि होरमुज़ जलडमरूमध्य पर नाकाबंदी थोपने की अमेरिकी कोशिश वैश्विक अर्थव्यवस्था के खिलाफ “चुनिंदा बदला” है।

ईरान और अमेरिका के प्रतिनिधिमंडलों ने शनिवार और रविवार तड़के इस्लामाबाद में मध्य पूर्व में तनाव कम करने के लिए लंबी वार्ता की। 40 दिनों की लड़ाई के बाद ईरान, अमेरिका और इज़रायल के बीच बुधवार को घोषित युद्धविराम के बाद ये बातचीत हुई, जो किसी समझौते तक नहीं पहुंच सकी।

इससे पहले सोमवार को, अमेरिकी सेना ने सभी ईरानी बंदरगाहों और तटीय क्षेत्रों की नाकाबंदी शुरू करने की घोषणा की और कहा कि केवल गैर-ईरानी बंदरगाहों के बीच यात्रा करने वाले जहाजों को ही होरमुज़ जलडमरूमध्य से गुजरने की अनुमति दी जाएगी। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर चेतावनी दी कि यदि कोई ईरानी जहाज नाकाबंदी के करीब आता है, तो अमेरिकी सेना उसे “नष्ट” कर देगी।

ट्रंप ने कहा, “ईरान की नौसेना समुद्र की गहराई में पड़ी है, पूरी तरह 158 जहाज तबाह हो चुके हैं। जिन पर हमने हमला नहीं किया है, वे उनके कुछ ‘फास्ट अटैक शिप्स’ हैं क्योंकि हमने उन्हें बड़ा खतरा नहीं माना।”

उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा, “चेतावनी: यदि इनमें से कोई भी जहाज हमारी नाकाबंदी के पास आता है, तो उसे तुरंत खत्म कर दिया जाएगा, उसी तरीके से जैसा हम समुद्र में नावों पर ड्रग तस्करों के खिलाफ करते हैं।”

Point of View

NationPress
16/04/2026

Frequently Asked Questions

आईआरजीसी क्या है?
आईआरजीसी, ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स है, जो ईरान के सशस्त्र बलों का एक हिस्सा है।
ईरान और अमेरिका के बीच तनाव का कारण क्या है?
ईरान और अमेरिका के बीच तनाव कई मुद्दों पर आधारित है, जिनमें परमाणु कार्यक्रम और क्षेत्रीय राजनीति शामिल हैं।
होरमुज़ जलडमरूमध्य का महत्व क्या है?
होरमुज़ जलडमरूमध्य, तेल परिवहन का एक महत्वपूर्ण मार्ग है, जो वैश्विक अर्थव्यवस्था के लिए अत्यधिक महत्वपूर्ण है।
क्या अमेरिका ईरान की नाकाबंदी कर रहा है?
हां, अमेरिका ने ईरान के सभी बंदरगाहों की नाकाबंदी करने की घोषणा की है।
क्या ईरान नई सैन्य क्षमताएं विकसित कर रहा है?
हां, ईरान ने अपनी सैन्य क्षमताओं को बढ़ाने का दावा किया है और नए हथियारों पर काम कर रहा है।
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