क्या ईरान में इंटरनेट ठप होने से मौत का आंकड़ा 544 पार पहुंच गया?

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क्या ईरान में इंटरनेट ठप होने से मौत का आंकड़ा 544 पार पहुंच गया?

सारांश

ईरान में प्रदर्शन और इंटरनेट ठप होने के बीच, जान गंवाने वालों की संख्या 544 तक पहुँच गई है। डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान से बातचीत की संभावना जताई है। क्या यह स्थिति और बिगड़ेगी?

Key Takeaways

  • ईरान में प्रदर्शन लगातार जारी हैं।
  • इंटरनेट सेवा ठप है और संपर्क नहीं हो पा रहा है।
  • 544 लोग मारे गए हैं, जिनमें बच्चे भी शामिल हैं।
  • डोनाल्ड ट्रंप ने बातचीत की संभावना जताई है।
  • मानवाधिकारों का उल्लंघन हो रहा है।

नई दिल्ली, 12 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। ईरान में दो हफ्ते से अधिक समय से लोग सड़कों पर उतरकर खामेनेई सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे हैं। 84 घंटे से अधिक समय बीतने के बावजूद, ईरान में इंटरनेट सेवा ठप है और लोग फोन पर एक-दूसरे से संपर्क नहीं कर पा रहे हैं।

अमेरिकी मीडिया के अनुसार, ईरान में विरोध प्रदर्शनों के दौरान अब तक 544 लोग जान गंवा चुके हैं। वहीं, गिरफ्तारियों का आंकड़ा 10,000 के पार पहुँच गया है।

पहले मीडिया रिपोर्ट्स में यह कहा गया था कि 15 दिनों से जारी इस विरोध प्रदर्शन में लगभग 115 से अधिक लोग मारे गए हैं, जबकि 2,000 से ज्यादा लोगों को गिरफ्तार किया गया है। हालाँकि, अब अमेरिकी मानवाधिकार समूह ने बताया है कि 544 लोग मारे गए हैं, जिनमें आठ बच्चे भी शामिल हैं।

ह्यूमन राइट्स एक्टिविस्ट्स संगठन की न्यूज सर्विस, ह्यूमन राइट्स एक्टिविस्ट न्यूज एजेंसी (एचआरएएनए), ने कहा है कि पिछले 15 दिनों में प्रदर्शनों के दौरान कम से कम 544 लोग मारे गए हैं।

एजेंसी ने बताया कि गिरफ्तारी के बाद 10,681 से अधिक लोगों को जेलों में भेजा गया है। हाल ही में एक वीडियो सामने आया, जिसमें प्रदर्शनकारी बच्चों को निशाना बनाते हुए विस्फोटक फेंकते हैं। हालाँकि, वीडियो में दिख रहे बच्चे बाल-बाल बच गए।

वहीं, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने जानकारी दी है कि ईरान बातचीत के लिए तैयार हो गया है। ट्रंप ने कहा कि अमेरिका मामले में हस्तक्षेप के लिए संभावित सैन्य विकल्पों पर विचार कर रहा है।

इससे पहले, ईरानी संसद के स्पीकर ने चेतावनी दी थी कि यदि अमेरिकी सेना हस्तक्षेप करती है, तो अमेरिकी मिलिट्री और कमर्शियल बेस को बदले की कार्रवाई का लक्ष्य माना जाएगा।

अमेरिकी मीडिया न्यूयॉर्क टाइम्स ने बताया था कि ट्रंप को ईरान के मामले में सैन्य विकल्पों की ब्रीफिंग दी गई थी। इस संदर्भ में, ईरान ने बातचीत की पहल की है।

इससे पहले, खामेनेई का एक वीडियो सामने आया, जिसमें उन्होंने कहा, "शत्रुओं की तमाम कोशिशों के बावजूद, इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ ईरान आज दुनिया में मजबूत, ताकतवर और खुशहाल है।"

Point of View

जहां जनता सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर रही है। इंटरनेट और संचार सेवाओं का ठप होना स्थिति को और भी कठिन बना रहा है। इस संकट में मानवाधिकारों का उल्लंघन भी हो रहा है, जिससे अंतरराष्ट्रीय समुदाय को हस्तक्षेप की आवश्यकता हो सकती है।
NationPress
12/01/2026

Frequently Asked Questions

ईरान में प्रदर्शन क्यों हो रहे हैं?
ईरान में लोग खामेनेई सरकार के खिलाफ आवाज उठा रहे हैं, जिससे वहां के राजनीतिक हालात में तनाव बढ़ गया है।
ईरान में इंटरनेट क्यों बंद है?
प्रदर्शनों के दौरान सरकार ने इंटरनेट सेवा को ठप कर दिया है ताकि लोग एक-दूसरे से संपर्क न कर सकें।
क्या ईरान में लोग मारे जा रहे हैं?
जी हां, अमेरिकी मीडिया के अनुसार, ईरान में अब तक 544 लोग मारे जा चुके हैं।
डोनाल्ड ट्रंप का इस मामले में क्या कहना है?
डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि ईरान बातचीत के लिए तैयार हो गया है और अमेरिका संभावित सैन्य विकल्पों पर विचार कर रहा है।
क्या ईरान में मानवाधिकारों का उल्लंघन हो रहा है?
हाँ, मानवाधिकार एक्टिविस्ट्स के अनुसार, ईरान में प्रदर्शनकारियों के खिलाफ बड़े पैमाने पर कार्रवाई हो रही है।
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