PM मोदी नीस पहुंचे, 14 जून को मैक्रों संग 'भारत इनोवेट्स 2026' का उद्घाटन; G7 में भी होंगे शामिल
सारांश
मुख्य बातें
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 13 जून 2026 को फ्रांस के नीस शहर पहुंच गए, जहाँ वे 14 जून को फ्रांसीसी राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों के साथ मिलकर 'भारत इनोवेट्स 2026' प्रदर्शनी का उद्घाटन करेंगे और जी7 शिखर सम्मेलन में भाग लेंगे। यह दौरा 13 से 18 जून तक चलेगा और इसमें फ्रांस के अलावा स्लोवाकिया की यात्रा भी शामिल है।
दौरे का मुख्य घटनाक्रम
नीस पहुंचने के बाद प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर तस्वीरें साझा करते हुए लिखा, 'नीस पहुंच गया। नीस के अलावा, इस फ्रांस दौरे में एवियन और पेरिस में कार्यक्रम शामिल हैं। द्विपक्षीय और बहुपक्षीय एंगेजमेंट होंगे, जिनका मकसद मुख्य विकास साझेदारों के साथ भारत की दोस्ती को बेहतर बनाना होगा।' उन्होंने यह भी कहा कि वे राष्ट्रपति मैक्रों से मिलने और 'भारत इनोवेट्स' में शामिल होने का इंतजार कर रहे हैं।
'भारत इनोवेट्स 2026' — इनोवेशन का वैश्विक मंच
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल के अनुसार, 'भारत इनोवेट्स 2026' इवेंट भारत के इनोवेशन इकोसिस्टम को वैश्विक मंच पर प्रदर्शित करेगा और स्टार्टअप्स तथा इनोवेटर्स को अपने अत्याधुनिक समाधान एवं उत्पाद पेश करने का अवसर देगा। भारत और फ्रांस ने वर्ष 2026 को 'ईयर ऑफ इनोवेशन' के रूप में मनाने का निर्णय लिया है, जिसके तहत इनोवेशन के क्षेत्र में सहयोग को विशेष प्राथमिकता दी जाएगी।
भारत-फ्रांस रणनीतिक साझेदारी की पृष्ठभूमि
गौरतलब है कि इस वर्ष फरवरी 2026 में राष्ट्रपति मैक्रों भारत दौरे पर आए थे, जहाँ उन्होंने एआई शिखर सम्मेलन में भाग लिया और प्रधानमंत्री मोदी से मुलाकात कर दोनों देशों के बीच सहयोग को गहरा करने पर चर्चा की। उसी दौरान दोनों देशों के संबंधों को एक वैश्विक रणनीतिक साझेदारी के स्तर तक उन्नत किया गया। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा है कि भारत के रणनीतिक दृष्टिकोण में फ्रांस की एक खास और महत्वपूर्ण जगह है।
स्लोवाकिया दौरा — ऐतिहासिक पहल
नीस के बाद प्रधानमंत्री मोदी स्लोवाकिया की राजधानी ब्रातिस्लावा जाएंगे, जहाँ वे राष्ट्रपति पेलेग्रिनी और प्रधानमंत्री रॉबर्ट फिको से मुलाकात करेंगे। यह दौरा इसलिए भी उल्लेखनीय है क्योंकि मोदी 1993 में स्लोवाकिया की स्वतंत्रता के बाद से वहाँ की आधिकारिक यात्रा करने वाले पहले भारतीय प्रधानमंत्री होंगे। उन्होंने कहा कि इस दौरे से भारत-यूरोपीय संघ मुक्त व्यापार समझौते की गति को भी बल मिलेगा, जिसमें स्लोवाकिया एक अहम सदस्य है।
आगे की राह
प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति मैक्रों इस मुलाकात में फरवरी से अब तक दोनों देशों के बीच हुई प्रगति की समीक्षा करेंगे और आगामी सहयोग की रूपरेखा तय करेंगे। दोनों नेता वैश्विक मुद्दों पर भी चर्चा करेंगे। यह दौरा भारत की बहुआयामी विदेश नीति और यूरोप के साथ गहरे होते रणनीतिक संबंधों का प्रमाण है।