नेतन्याहू ने ट्रंप को ईरान में अमेरिकी एयरक्रू सदस्य के बचाव में इजरायल की मदद के लिए धन्यवाद दिया
सारांश
Key Takeaways
- ईरान की कमजोर स्थिति
- इजरायल की बढ़ती ताकत
- अमेरिकी एयरक्रू सदस्य का बचाव अभियान
- इजरायल की सुरक्षा रणनीति
- उत्तरी इजरायल में हमले की स्थिति
नई दिल्ली, 6 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। इजरायल और ईरान के बीच बढ़ते तनाव के चलते प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने "आस्था और शक्ति" को परिवर्तन की कुंजी बताते हुए कहा कि आज का ईरान पहले जैसा नहीं रहा, बल्कि यह अब कमजोर हो चुका है, जबकि इजरायल पहले से कहीं अधिक सक्षम बनकर उभरा है।
नेतन्याहू ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के साथ हाल में हुई बातचीत का उल्लेख करते हुए एक अमेरिकी एयरक्रू सदस्य के साहसिक बचाव अभियान की प्रशंसा की और इस मिशन में इजरायल की महत्वपूर्ण भूमिका का जिक्र किया।
उनके अनुसार, इजरायल अब सिर्फ रक्षा तक सीमित नहीं है, बल्कि ईरान की आर्थिक और सैन्य क्षमताओं को व्यवस्थित रूप से कमजोर करने की रणनीति पर कार्य कर रहा है।
नेतन्याहू ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर पोस्ट में कहा, "मैंने अपने मित्र, राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से एक बार फिर बात की। मैंने उस अमेरिकी एयरक्रू सदस्य को बचाने के लिए चलाए गए साहसी बचाव अभियान की गहरी सराहना की; और राष्ट्रपति ट्रंप ने भी इस मिशन में इजरायल द्वारा प्रदान की गई सहायता के लिए मुझे धन्यवाद दिया।"
इजराइल के प्रधानमंत्री ने एक और पोस्ट में कहा, "ईरान अब वह ईरान नहीं रहा, और इजरायल भी अब वह इजरायल नहीं रहा। इजरायल पहले से कहीं अधिक मजबूत है, और ईरानी शासन पहले से कहीं अधिक कमजोर है। और इसकी कुंजी क्या है? इसका रहस्य है? आस्था और शक्ति। हमारे पास ये दोनों ही प्रचुर मात्रा में हैं।"
एक अन्य पोस्ट में इजरायली प्रधानमंत्री ने कहा, "हमने ईरान के सबसे बड़े पेट्रोकेमिकल संयंत्र को नष्ट कर दिया। इसका मतलब है कि हम आईआरजीसी की 'पैसे की मशीन' को सुनियोजित तरीके से समाप्त कर रहे हैं। हम कारखानों को तबाह कर रहे हैं, गुर्गों को खत्म कर रहे हैं, और उनके वरिष्ठ अधिकारियों को भी लगातार समाप्त कर रहे हैं।"
साथ ही उन्होंने उत्तरी इजरायल में ईरानी बैलिस्टिक मिसाइल हमले में चार लोगों की मौत पर दुख व्यक्त किया। उन्होंने नागरिकों से सतर्क रहने और सुरक्षा निर्देशों का पालन करने की अपील की।
प्रधानमंत्री नेतन्याहू ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर कहा, "मैंने हाइफा के मेयर योना याहाव से बात की और हाइफा में चार लोगों की जान जाने की भयानक घटना पर अपना गहरा दुख व्यक्त किया। योना याहाव ने कुछ अनुरोध किए, और मैंने तुरंत अपने कार्यालय के निदेशक जनरल को निर्देश दिया कि परिवारों और नगर पालिका को सहायता प्रदान करने के लिए हर संभव प्रयास करें।"
उत्तरी इजरायल में हुए बैलिस्टिक मिसाइल हमले में चार लोगों की मौत के बाद हालात तनावपूर्ण बने हुए हैं। सरकार का कहना है कि यह हमला ईरानी शासन और उसके समर्थकों की ओर से रिहायशी इलाकों को निशाना बनाकर किया गया।