पाकिस्तानी हवाई हमलों में अफगानिस्तान के कुनार हेलमंद में 9 नागरिक मारे गए, महिलाएँ बच्चे भी शामिल
सारांश
मुख्य बातें
पाकिस्तानी सेना के हवाई हमलों में अफगानिस्तान के कुनार और हेलमंद प्रांतों में महिलाओं और बच्चों समेत कम से कम 9 नागरिकों की मौत हो गई और 11 अन्य घायल हुए। तालिबान के प्रवक्ता जबीहुल्लाह मुजाहिद ने गुरुवार, 1 अक्टूबर 2026 को एक्स पर पोस्ट कर इसकी पुष्टि की और बताया कि हमलों में आम नागरिकों के घरों को निशाना बनाया गया।
हमले का विवरण
मुजाहिद के अनुसार, हमला बुधवार रात दो स्थानों पर किया गया — कुनार प्रांत के शुल्तान जिले के चुगाम इलाके और हेलमंद प्रांत के गर्मसेर जिले के सफर इलाके में। हमले में तीन घर पूरी तरह तबाह हो गए। मुजाहिद ने एक्स पर लिखा, "बीती रात पाकिस्तानी विमानों ने कुनार के शुल्तान जिले के चुगाम और हेलमंद के गरमसेर जिले के सफर इलाके में आम लोगों के घरों पर बमबारी की। महिलाओं और बच्चों समेत नौ अफगान नागरिक मारे गए, 11 घायल हुए और तीन घर तबाह हो गए।"
तालिबान की कड़ी निंदा
मुजाहिद ने इस कार्रवाई को 'आक्रामकता और अपराध' करार देते हुए कहा कि यह "सभी मान्य सिद्धांतों का उल्लंघन" है। उन्होंने चेतावनी भी दी कि अफगानिस्तान पाकिस्तानी सैन्य शासन की इस कार्रवाई का 'उचित जवाब' देगा।
हमलों का क्रम और पृष्ठभूमि
यह ताज़ा घटना हमलों की एक लंबी श्रृंखला की कड़ी है। 24 सितंबर को कंधार, पक्तिया और खोस्त में कथित पाकिस्तानी हमलों में 4 नागरिकों के मारे जाने की बात कही गई थी। उससे तीन दिन पहले कुनार और पक्तिका में हुए हमलों में 3 लोगों की मौत की खबर सामने आई थी। गौरतलब है कि कुछ ही हफ्तों में अफगानिस्तान के अनेक प्रांतों में इस तरह के हमले किए जाने के आरोप लग चुके हैं।
मक्का समझौते पर तालिबान का आरोप
पिछले हफ्ते मुजाहिद ने कंधार के एक धार्मिक मदरसे में आरोप लगाया था कि पाकिस्तान अपनी घरेलू राजनीतिक और आर्थिक समस्याओं तथा विरोध प्रदर्शनों से लोगों का ध्यान हटाने के लिए अफगानिस्तान पर हमले कर रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि इस्लामाबाद 7 अगस्त को सऊदी अरब, पाकिस्तान और तुर्की के बीच हुए मक्का रक्षा समझौते की जिम्मेदारियों से बचने की कोशिश कर रहा है — वह समझौता जिसके तहत किसी एक देश पर हमला तीनों पर हमला माना जाएगा। एरियाना न्यूज़ के अनुसार, मुजाहिद ने कहा, "पाकिस्तान अपने पड़ोसी इस्लामी देश की सीमा का उल्लंघन करके अपनी नाकामियों से ध्यान हटाना चाहता है।"
आगे की स्थिति
पाकिस्तान की ओर से इन आरोपों पर अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है। अफगानिस्तान और पाकिस्तान के बीच पहले से ही तनावपूर्ण संबंधों के बीच ये हमले क्षेत्रीय स्थिरता के लिए गंभीर चिंता का विषय बनते जा रहे हैं। अंतरराष्ट्रीय समुदाय की प्रतिक्रिया और संभावित मध्यस्थता की दिशा पर सबकी निगाहें टिकी हैं।