क्या अब समय आ गया है रूसी खतरे को दूर करने का? ट्रंप ने ग्रीनलैंड को लेकर दी चेतावनी
सारांश
Key Takeaways
- ट्रंप का ग्रीनलैंड पर ध्यान केंद्रित करना अमेरिका की सुरक्षा नीति का हिस्सा है।
- यूरोपीय यूनियन अमेरिका के खिलाफ संभावित टैरिफ पर विचार कर रहा है।
- यह स्थिति वैश्विक राजनीतिक संतुलन पर प्रभाव डाल सकती है।
नई दिल्ली, 19 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर से ग्रीनलैंड को लेकर नई चेतावनी दी है। अमेरिका लंबे समय से ग्रीनलैंड पर कब्जा करने की कोशिश कर रहा है। ट्रंप के दूसरे कार्यकाल में इस दिशा में सक्रियता बढ़ गई है, जिससे अमेरिका और ग्रीनलैंड के बीच तनाव की स्थिति उत्पन्न हो गई है।
अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने ट्रूथ सोशल पर एक पोस्ट में लिखा, "नाटो पिछले 20 वर्षों से डेनमार्क से कह रहा है कि उसे ग्रीनलैंड से रूसी खतरे को खत्म करना चाहिए। दुर्भाग्य से, डेनमार्क इस पर कोई कदम नहीं उठा सका है। अब समय आ गया है, और यह किया जाएगा!"
इसके अलावा, ट्रंप ने हाल ही में यूरोपीय यूनियन के आठ देशों पर टैरिफ लगाने की घोषणा की। वहीं, ईयू ने भी अमेरिका का मुकाबला करने की योजना बनाई है। रिपोर्ट्स के अनुसार, यूरोपीय यूनियन अमेरिका पर 93 अरब यूरो तक के टैरिफ लगाने पर विचार कर रहा है। हालांकि, इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
न्यूज एजेंसी सिन्हुआ के अनुसार, यूरोपीय यूनियन अमेरिका के खिलाफ एक कानून के उपयोग पर विचार कर रहा है जिससे अमेरिकी कंपनियों की यूरोपीय बाजार में पहुंच को सीमित किया जा सके।
ट्रंप ने सोशल मीडिया पर कहा कि अमेरिका एक फरवरी से इन आठ देशों से आने वाले सामान पर 10 प्रतिशत शुल्क लगाएगा। उन्होंने चेतावनी दी कि एक जून तक यह शुल्क 25 प्रतिशत तक बढ़ जाएगा और तब तक लागू रहेगा जब तक ग्रीनलैंड के "पूर्ण अधिग्रहण" पर कोई समझौता नहीं होता है।
ट्रंप का यह भी कहना है कि अगर अमेरिका ग्रीनलैंड पर कब्जा नहीं करता है, तो चीन या रूस में से कोई एक देश ऐसा करेगा, जिससे अमेरिकी सुरक्षा को खतरा होगा।