अदाणी ग्रीन एनर्जी का आंध्र प्रदेश में 2,250 मेगावाट का गंडीकोटा-2 पंप स्टोरेज प्रोजेक्ट, 72 महीनों में पूरा होगा

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अदाणी ग्रीन एनर्जी का आंध्र प्रदेश में 2,250 मेगावाट का गंडीकोटा-2 पंप स्टोरेज प्रोजेक्ट, 72 महीनों में पूरा होगा

सारांश

अदाणी ग्रीन एनर्जी की सहयोगी कंपनी ने आंध्र प्रदेश में 2,250 मेगावाट के गंडीकोटा-2 पंप स्टोरेज प्रोजेक्ट की मंजूरी हासिल की — यह देश की सबसे बड़ी ऐसी परियोजनाओं में से एक होगी और राज्य की ₹10 लाख करोड़ की स्वच्छ ऊर्जा महत्वाकांक्षा का अहम स्तंभ बनेगी।

मुख्य बातें

अदाणी हाइड्रो एनर्जी इलेवन लिमिटेड (AHE11L) आंध्र प्रदेश के वाईएसआर कडप्पा जिले में 2,250 मेगावाट का गंडीकोटा-2 पंप्ड स्टोरेज प्रोजेक्ट विकसित करेगी।
चंद्रबाबू नायडू की अध्यक्षता में राज्य निवेश प्रोत्साहन बोर्ड (SIPB) ने परियोजना आवंटन को मंजूरी दी।
परियोजना लॉर्ड बालाजी डोंथी कोना PSP पार्क में विकसित होगी और 72 महीनों में पूरी होने की उम्मीद है।
आंध्र प्रदेश एकीकृत स्वच्छ ऊर्जा नीति 2024 का लक्ष्य ₹10 लाख करोड़ निवेश और 7.5 लाख रोज़गार सृजन।
अदाणी समूह आंध्र प्रदेश, महाराष्ट्र और उत्तर प्रदेश में राष्ट्रीय PSP पोर्टफोलियो का विस्तार कर रहा है।

अदाणी हाइड्रो एनर्जी इलेवन लिमिटेड (AHE11L)अदाणी ग्रीन एनर्जी की सहयोगी कंपनी — आंध्र प्रदेश के वाईएसआर कडप्पा जिले में 2,250 मेगावाट का गंडीकोटा-2 पंप्ड स्टोरेज प्रोजेक्ट (PSP) विकसित करेगी। राज्य निवेश प्रोत्साहन बोर्ड (SIPB) ने इस परियोजना के आवंटन को औपचारिक मंजूरी दे दी है, जिससे आंध्र प्रदेश की स्वच्छ ऊर्जा भंडारण क्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि होने की उम्मीद है।

परियोजना का विवरण और स्थान

गंडीकोटा-2 PSP का निर्माण वाईएसआर कडप्पा जिले के लॉर्ड बालाजी डोंथी कोना PSP पार्क में किया जाएगा। यह परियोजना आंध्र प्रदेश एकीकृत स्वच्छ ऊर्जा नीति 2024 के तहत विकसित की जाएगी और देश की सबसे बड़ी पंप स्टोरेज परियोजनाओं में से एक बनने की संभावना है। आधिकारिक प्रेस रिलीज के अनुसार, परियोजना 72 महीनों के भीतर पूरी होने की उम्मीद है।

मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू की अध्यक्षता में SIPB की बैठक में इस आवंटन को हरी झंडी दी गई। यह ऐसे समय में आया है जब आंध्र प्रदेश भारत के प्रमुख पंप स्टोरेज विकास केंद्रों में से एक के रूप में उभर रहा है।

पंप स्टोरेज तकनीक का महत्व

वैश्विक स्तर पर पंप स्टोरेज परियोजनाओं को नवीकरणीय ऊर्जा आधारित विद्युत प्रणालियों की रीढ़ माना जाता है। ये परियोजनाएँ ऑफ-पीक घंटों में अतिरिक्त सौर और पवन ऊर्जा का भंडारण करती हैं और पीक माँग के समय उसे ग्रिड में छोड़ती हैं, जिससे चौबीसों घंटे स्थिर स्वच्छ ऊर्जा की आपूर्ति सुनिश्चित होती है।

गौरतलब है कि भारत सरकार के आँकड़ों के अनुसार, भारत में पंप स्टोरेज क्षमता में तेज़ी से विस्तार हो रहा है और आंध्र प्रदेश इस क्षेत्र में अग्रणी राज्यों में शुमार हो चुका है।

राज्य की ऊर्जा रणनीति पर असर

यह परियोजना आंध्र प्रदेश के तेज़ी से बढ़ते ग्रीन हाइड्रोजन, एडवांस मैन्युफैक्चरिंग, इलेक्ट्रिक मोबिलिटी और AI-संचालित डेटा सेंटर इकोसिस्टम को ऊर्जा सहयोग प्रदान करेगी। आंध्र प्रदेश एकीकृत स्वच्छ ऊर्जा नीति 2024 का लक्ष्य लगभग ₹10 लाख करोड़ का निवेश आकर्षित करना और स्वच्छ ऊर्जा वैल्यू चेन में लगभग 7.5 लाख लोगों के लिए रोज़गार सृजित करना है।

राज्य सरकार ने दोहराया कि नीतिगत स्थिरता, त्वरित मंजूरी प्रक्रिया और मज़बूत पारेषण योजना के कारण आंध्र प्रदेश देश के सबसे बड़े ऊर्जा व अवसंरचना निवेशों को आकर्षित करता रहा है।

अदाणी समूह का राष्ट्रीय PSP विस्तार

अदाणी समूह अपनी व्यापक रिन्यूएबल एनर्जी और एनर्जी ट्रांज़िशन रणनीति के तहत आंध्र प्रदेश, महाराष्ट्र और उत्तर प्रदेश सहित कई राज्यों में पंप स्टोरेज परियोजनाओं के साथ अपने राष्ट्रीय पोर्टफोलियो का विस्तार कर रहा है। आंध्र प्रदेश पहले से ही समूह के स्वच्छ ऊर्जा निवेशों का प्रमुख केंद्र बन चुका है।

गंडीकोटा-2 PSP के पूरा होने के बाद यह परियोजना राज्य की नवीकरणीय ऊर्जा ग्रिड को अधिक विश्वसनीय और स्थिर बनाने में निर्णायक भूमिका निभाएगी।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन असली परीक्षा क्रियान्वयन की गति होगी — 72 महीने की समय-सीमा भारत के बड़े अवसंरचना प्रोजेक्टों के इतिहास में अक्सर खिंचती रही है। ₹10 लाख करोड़ के निवेश और 7.5 लाख रोज़गार के लक्ष्य महत्वाकांक्षी हैं, और इन्हें सत्यापन-योग्य मील के पत्थरों से जोड़ना ज़रूरी होगा। यह भी गौरतलब है कि पंप स्टोरेज परियोजनाओं की वास्तविक उपयोगिता ग्रिड एकीकरण और पारेषण बुनियादी ढाँचे की तैयारी पर निर्भर करती है — जो अभी भी कई राज्यों में अधूरी है।
RashtraPress
20 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

गंडीकोटा-2 पंप्ड स्टोरेज प्रोजेक्ट क्या है?
यह आंध्र प्रदेश के वाईएसआर कडप्पा जिले में अदाणी हाइड्रो एनर्जी इलेवन लिमिटेड द्वारा विकसित किया जाने वाला 2,250 मेगावाट का पंप स्टोरेज प्लांट है। यह परियोजना आंध्र प्रदेश एकीकृत स्वच्छ ऊर्जा नीति 2024 के तहत स्वीकृत की गई है और देश की सबसे बड़ी पंप स्टोरेज परियोजनाओं में से एक होगी।
पंप स्टोरेज प्रोजेक्ट कब तक पूरा होगा?
आधिकारिक प्रेस रिलीज के अनुसार, गंडीकोटा-2 PSP के 72 महीनों यानी छह वर्षों के भीतर पूरा होने की उम्मीद है।
इस परियोजना को किसने मंजूरी दी?
मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू की अध्यक्षता वाले राज्य निवेश प्रोत्साहन बोर्ड (SIPB) ने इस परियोजना के आवंटन को औपचारिक मंजूरी दी है।
आंध्र प्रदेश की स्वच्छ ऊर्जा नीति 2024 का लक्ष्य क्या है?
आंध्र प्रदेश एकीकृत स्वच्छ ऊर्जा नीति 2024 का लक्ष्य लगभग ₹10 लाख करोड़ का निवेश आकर्षित करना और स्वच्छ ऊर्जा वैल्यू चेन में लगभग 7.5 लाख लोगों के लिए रोज़गार सृजित करना है।
पंप स्टोरेज तकनीक नवीकरणीय ऊर्जा के लिए क्यों ज़रूरी है?
पंप स्टोरेज परियोजनाएँ ऑफ-पीक घंटों में अतिरिक्त सौर और पवन ऊर्जा का भंडारण करती हैं और पीक माँग के समय उसे ग्रिड में छोड़ती हैं, जिससे चौबीसों घंटे स्थिर बिजली आपूर्ति सुनिश्चित होती है। इसीलिए इन्हें नवीकरणीय ऊर्जा प्रणालियों की रीढ़ माना जाता है।
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