क्या यूपी ने अखिल भारतीय पीठासीन अधिकारी सम्मेलन की मेज़बानी करके गौरव प्राप्त किया है? सतीश महाना

Click to start listening
क्या यूपी ने अखिल भारतीय पीठासीन अधिकारी सम्मेलन की मेज़बानी करके गौरव प्राप्त किया है? सतीश महाना

सारांश

उत्तर प्रदेश विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने 86वें अखिल भारतीय पीठासीन अधिकारी सम्मेलन की मेज़बानी को प्रदेश के लिए गौरव का विषय बताया। इस सम्मेलन का उद्देश्य संसदीय लोकतंत्र की गरिमा को बढ़ाना और विधायी मर्यादाओं को मज़बूत करना है।

Key Takeaways

  • सम्मेलन का उद्देश्य संसदीय लोकतंत्र को सुदृढ़ करना है।
  • महत्वपूर्ण राजनीतिक व्यक्तित्वों का सम्मेलन में शामिल होना।
  • नवाचारों और तकनीकी समावेशन पर चर्चा।
  • लाइट एंड साउंड शो में उत्तर प्रदेश विधानसभा की परंपरा का प्रदर्शन।
  • जनता के प्रति जवाबदेही की चर्चा।

लखनऊ, 19 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। उत्तर प्रदेश विधानसभा के अध्यक्ष सतीश महाना ने कहा कि 86वें अखिल भारतीय पीठासीन अधिकारी सम्मेलन (एआईपीओसी) और विधानमंडलों के सचिवों के 62वें सम्मेलन की मेज़बानी करना प्रदेश के लिए एक बड़ा गौरव और सम्मान की बात है।

यह सम्मेलन संसदीय लोकतंत्र की गरिमा, विधायी मर्यादाओं और संविधानिक मूल्यों को और अधिक मज़बूत करने का एक प्रभावशाली मंच साबित होगा।

सम्मेलन के उद्घाटन पर विधानसभा अध्यक्ष ने राज्यपाल आनंदीबेन पटेल का स्वागत करते हुए कहा कि उनके मार्गदर्शन में उत्तर प्रदेश निरंतर प्रगति के मार्ग पर अग्रसर है।

उन्होंने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला का विशेष स्वागत करते हुए कहा कि संसदीय नवाचारों, तकनीकी समावेशन और लोकतांत्रिक परंपराओं को सशक्त बनाने में उनका योगदान सराहनीय है।

महाना ने राज्यसभा के उपसभापति हरिवंश, उत्तर प्रदेश विधान परिषद के सभापति कुंवर मानवेन्द्र सिंह और सभी पधारे पीठासीन अधिकारियों एवं प्रतिनिधियों का स्वागत किया।

उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश की पहचान इसकी प्राचीन सांस्कृतिक विरासत, लोकतांत्रिक चेतना और सेवा भाव से है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में पिछले वर्षों में प्रदेश की कानून-व्यवस्था, आधारभूत ढांचे और निवेश वातावरण में अभूतपूर्व सुधार हुआ है।

विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि विधायिका की सबसे बड़ी जिम्मेदारी जनता के प्रति जवाबदेही है। संविधान ने विधायिका को व्यापक अधिकार दिए हैं, लेकिन कर्तव्यों का निर्वहन भी आवश्यक है। विधायिका, कार्यपालिका, न्यायपालिका और मीडिया— ये लोकतंत्र के चार स्तंभ हैं।

महाना ने बताया कि इस तीन दिवसीय सम्मेलन में विधायिका की जनता के प्रति जिम्मेदारी, प्रभावी संसदीय कार्यप्रणाली, डिजिटल तकनीक और नवाचारों के उपयोग पर महत्वपूर्ण विमर्श होगा।

उन्होंने कहा कि सम्मेलन के दौरान विधान भवन में आयोजित लाइट एंड साउंड शो के माध्यम से उत्तर प्रदेश विधानसभा की गौरवशाली परंपरा को प्रस्तुत किया जाएगा।

Point of View

बल्कि संसदीय प्रक्रिया को और भी विकसित करने का एक मंच प्रदान करता है।
NationPress
19/01/2026

Frequently Asked Questions

अखिल भारतीय पीठासीन अधिकारी सम्मेलन का उद्देश्य क्या है?
इस सम्मेलन का उद्देश्य संसदीय लोकतंत्र की गरिमा को बढ़ाना और विधायी मर्यादाओं को मज़बूत करना है।
इस सम्मेलन में कौन-कौन से प्रमुख व्यक्तित्व शामिल हैं?
इस सम्मेलन में उत्तर प्रदेश विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना, राज्यपाल आनंदीबेन पटेल और लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला शामिल हैं।
Nation Press