अनंतनाग पुलिस ने अवैध अफीम की खेती नष्ट की, 5 एफआईआर दर्ज; 100 दिवसीय नशा मुक्त अभियान जारी
सारांश
Key Takeaways
- अनंतनाग पुलिस ने 29 अप्रैल 2026 को श्रीगुफवारा के लिवर गांव में लगभग 30 मरला भूमि पर फैली अफीम की खेती नष्ट की।
- श्रीगुफवारा पुलिस स्टेशन में 4 एफआईआर और मट्टन पुलिस स्टेशन में एफआईआर संख्या 47/2026 (धारा 8/18) दर्ज की गई — कुल 5 एफआईआर।
- नानील में 270 वर्ग फुट क्षेत्र में उगाई गई अफीम की फसल भी मौके पर नष्ट की गई।
- 100 दिवसीय नशा मुक्त अभियान के तहत दोषियों के आधार कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, पासपोर्ट रद्द और संपत्ति जब्ती की कार्रवाई का प्रावधान।
- पुलिस ने जनता से अवैध मादक गतिविधियों की सूचना देने की अपील की है।
जम्मू-कश्मीर के अनंतनाग जिले में पुलिस ने 29 अप्रैल 2026 को अवैध अफीम की खेती के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए लगभग 30 मरला भूमि पर फैली मादक फसल को नष्ट किया और संबंधित मामलों में 5 एफआईआर दर्ज कीं। यह कार्रवाई जम्मू-कश्मीर में चल रहे 100 दिवसीय नशा मुक्त अभियान के तहत की गई है।
मुख्य घटनाक्रम
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, सूचना के आधार पर एक पुलिस दल ने संबंधित नायब तहसीलदार, कृषि विभाग के अधिकारियों और कार्यकारी मजिस्ट्रेट के साथ श्रीगुफवारा के लिवर गांव का दौरा किया। वहाँ विभिन्न व्यक्तियों के स्वामित्व वाली लगभग 30 मरला भूमि पर अफीम की खेती पाई गई, जिसे अधिकारियों की उपस्थिति में मौके पर ही नष्ट कर दिया गया। इस संदर्भ में श्रीगुफवारा पुलिस स्टेशन में कानून के संबंधित प्रावधानों के तहत 4 एफआईआर दर्ज की गईं और जांच शुरू कर दी गई।
नानील में अलग कार्रवाई
एक अन्य अभियान में, नानील के बीट ऑफिसर से सूचना मिली कि नानील निवासी अहमद द्वारा अवैध रूप से अफीम की खेती की जा रही है। पुलिस दल ने कृषि विभाग के अधिकारियों और कार्यकारी मजिस्ट्रेट के साथ त्वरित कार्रवाई करते हुए उस भूमि का निरीक्षण किया, जहाँ लगभग 270 वर्ग फुट क्षेत्र में अफीम के पौधे उगाए गए पाए गए। फसल मौके पर नष्ट कर दी गई और मट्टन पुलिस स्टेशन में धारा 8/18 के तहत एफआईआर संख्या 47/2026 दर्ज की गई।
100 दिवसीय नशा मुक्त अभियान और दंडात्मक कार्रवाई
जम्मू-कश्मीर में जारी 100 दिवसीय नशा मुक्त अभियान के अंतर्गत अधिकारियों ने मादक पदार्थों की तस्करी और खेती में संलिप्त व्यक्तियों के विरुद्ध कड़ी दंडात्मक कार्रवाई की घोषणा की है। इसमें आधार कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस और पासपोर्ट रद्द करना शामिल है। इसके अतिरिक्त, अवैध गतिविधियों से अर्जित धन से निर्मित संपत्तियाँ न्यायालय के आदेश के बाद जब्त की जाती हैं।
आम जनता पर असर और पुलिस की अपील
पुलिस अधिकारियों ने कहा कि अनंतनाग पुलिस मादक पदार्थों के खतरे को जड़ से खत्म करने के लिए प्रतिबद्ध है। गौरतलब है कि चरस, अफीम जैसी मादक फसलों की अवैध खेती कश्मीरी युवा पीढ़ी को मनोरोगी पदार्थों की लत का शिकार बना रही है। पुलिस ने जनता से अपील की है कि वे ऐसी किसी भी अवैध गतिविधि की सूचना तत्काल दें।
क्या होगा आगे
जम्मू-कश्मीर पुलिस ने स्पष्ट किया है कि मादक पदार्थों की खेती या व्यापार में संलिप्त पाए जाने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी। 100 दिवसीय अभियान के शेष दिनों में और अधिक छापेमारी अभियान चलाए जाने की संभावना है, जिससे जिले में अवैध मादक फसलों की खेती पर प्रभावी अंकुश लग सके।