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अरुण जेटली की पुण्यतिथि: राजनाथ, अमित शाह, ओम बिरला समेत कई नेताओं ने दी भावभीनी श्रद्धांजलि

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अरुण जेटली की पुण्यतिथि: राजनाथ, अमित शाह, ओम बिरला समेत कई नेताओं ने दी भावभीनी श्रद्धांजलि

सारांश

अरुण जेटली की पुण्यतिथि पर देश के शीर्ष नेताओं ने उन्हें याद किया — लोकतांत्रिक मूल्यों के रक्षक, GST के शिल्पकार और असाधारण वक्ता के रूप में। ओम बिरला, राजनाथ सिंह, अमित शाह, जेपी नड्डा समेत दर्जन भर मंत्रियों की श्रद्धांजलि दर्शाती है कि जेटली की विरासत BJP की राजनीतिक चेतना में कितनी गहरी जड़ें जमाए हुए है।

मुख्य बातें

पूर्व वित्त मंत्री अरुण जेटली की 24 अगस्त को पुण्यतिथि पर देशभर में श्रद्धांजलि अर्पित की गई।
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला , रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और गृह मंत्री अमित शाह ने एक्स पर भावपूर्ण पोस्ट किए।
जेपी नड्डा , किरेन रिजिजू , पीयूष गोयल , ज्योतिरादित्य सिंधिया और शिवराज सिंह चौहान ने भी श्रद्धांजलि दी।
जेटली को पद्म विभूषण से सम्मानित किया गया था; वे GST लागू करने के सूत्रधार माने जाते हैं।
जेटली का निधन 24 अगस्त 2019 को हुआ था।

पूर्व केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली की 24 अगस्त को पुण्यतिथि पर नई दिल्ली में राजनीतिक जगत ने उन्हें भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, गृह मंत्री अमित शाह सहित कई केंद्रीय मंत्रियों ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर जेटली के योगदान को नमन किया। जेटली को लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति उनकी अटूट प्रतिबद्धता और असाधारण प्रशासनिक दक्षता के लिए याद किया गया।

लोकसभा अध्यक्ष और रक्षा मंत्री की श्रद्धांजलि

लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने एक्स पर लिखा कि जेटली का व्यक्तित्व असाधारण प्रतिभा, दूरदृष्टि और लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति अटूट प्रतिबद्धता का परिचायक था। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक जीवन में जेटली की प्रभावशाली वक्तृत्व क्षमता, गहन अध्ययन और कुशल प्रशासनिक समझ सदैव उल्लेखनीय रहेगी।

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने एक्स पर अपनी पोस्ट में जेटली को संविधान और कानून के विशेषज्ञ, कुशल प्रशासक और उत्कृष्ट सांसद बताया। उन्होंने कहा कि राजनीति और नीतिगत विषयों पर जेटली की गहरी समझ, दूरदर्शिता और तार्किक दृष्टिकोण सदैव प्रेरणादायी रहेंगे।

गृह मंत्री और स्वास्थ्य मंत्री ने किया स्मरण

गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने एक्स पर लिखा कि एक तीखे कानूनी विशेषज्ञ, कुशल वक्ता और बेहतरीन प्रशासक के रूप में जेटली ने सरकार की परिवर्तनकारी नीतियों को लागू करने में अहम भूमिका निभाई। उन्होंने कहा कि जेटली की स्थायी विरासत युवा नेताओं को प्रेरित करती रहेगी।

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने पद्म विभूषण से सम्मानित जेटली को नमन करते हुए कहा कि उनकी विद्वता, कर्मठता और समर्पण ने देश की आर्थिक व्यवस्था को नई दिशा दी। नड्डा ने यह भी रेखांकित किया कि जेटली का राजनीतिक कौशल, वाकपटुता और 'राष्ट्र प्रथम' की भावना अतुलनीय थी।

अन्य मंत्रियों की प्रतिक्रियाएँ

केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि भारत की आर्थिक प्रगति, सुशासन और राष्ट्रसेवा में जेटली का योगदान सदैव स्मरणीय रहेगा। वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने जेटली को अपने जीवन में मार्गदर्शक बताया और कहा कि उनके ज्ञान ने उन पर अमिट छाप छोड़ी।

संचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने जेटली को कुशल अर्थशास्त्री, प्रभावशाली वक्ता और दूरदर्शी नीति-निर्माता बताते हुए कहा कि संसद में उनकी तार्किकता और लोकतांत्रिक संस्थाओं के प्रति प्रतिबद्धता सदैव याद की जाएगी। कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने भावुक होकर कहा कि जेटली के चेहरे पर तेज और वाणी में ओज था — किसी भी विषय पर उनके तथ्य और तर्क सुनकर लोग अवाक रह जाते थे।

जेटली की विरासत

गौरतलब है कि अरुण जेटली ने मोदी सरकार के पहले कार्यकाल में वित्त मंत्री के रूप में वस्तु एवं सेवा कर (GST) लागू करने में केंद्रीय भूमिका निभाई थी — जो स्वतंत्र भारत का सबसे बड़ा कर सुधार माना जाता है। वे कानून, रक्षा और सूचना-प्रसारण जैसे कई अहम मंत्रालयों के प्रभारी भी रहे। उनका निधन 24 अगस्त 2019 को हुआ था। हर वर्ष इस तिथि पर भारतीय जनता पार्टी (BJP) के नेता और सहयोगी उन्हें श्रद्धांजलि देते हैं, जो उनकी राजनीतिक और संस्थागत विरासत की गहराई को रेखांकित करता है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन यह सवाल अनुत्तरित रह जाता है कि उनके नाम पर जो नीतिगत विरासत का दावा किया जाता है, वह आज की आर्थिक दिशा में कितनी प्रतिबिंबित होती है।
RashtraPress
24 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

अरुण जेटली की पुण्यतिथि कब है और उनका निधन कैसे हुआ?
अरुण जेटली का निधन 24 अगस्त 2019 को हुआ था। वे लंबे समय से स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं से जूझ रहे थे और नई दिल्ली के AIIMS में उनका इलाज चल रहा था।
अरुण जेटली ने भारत के लिए क्या प्रमुख योगदान दिए?
अरुण जेटली मोदी सरकार के पहले कार्यकाल में वित्त मंत्री रहे और GST लागू करने में उनकी केंद्रीय भूमिका थी, जिसे स्वतंत्र भारत का सबसे बड़ा कर सुधार माना जाता है। वे कानून, रक्षा और सूचना-प्रसारण मंत्रालयों के प्रभारी भी रहे और उन्हें पद्म विभूषण से सम्मानित किया गया था।
इस पुण्यतिथि पर किन-किन नेताओं ने जेटली को श्रद्धांजलि दी?
24 अगस्त को लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, गृह मंत्री अमित शाह, स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा, संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू, वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल, संचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया और कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने एक्स पर श्रद्धांजलि दी।
अरुण जेटली को किस सम्मान से नवाज़ा गया था?
अरुण जेटली को भारत सरकार ने पद्म विभूषण से सम्मानित किया था, जो देश का दूसरा सर्वोच्च नागरिक सम्मान है। यह सम्मान उनकी सार्वजनिक सेवा और राष्ट्र के प्रति योगदान की मान्यता में दिया गया था।
जेटली की विरासत आज की BJP सरकार के लिए क्यों प्रासंगिक है?
जेटली ने GST जैसे ऐतिहासिक आर्थिक सुधारों की नींव रखी जो आज भी भारत की कर संरचना की रीढ़ हैं। उनकी वक्तृत्व क्षमता और नीतिगत स्पष्टता को BJP नेता आज भी आदर्श मानते हैं, और उनका नाम पार्टी की वैचारिक पहचान से जुड़ा हुआ है।
राष्ट्र प्रेस
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