अरुण जेटली की पुण्यतिथि: राजनाथ, अमित शाह, ओम बिरला समेत कई नेताओं ने दी भावभीनी श्रद्धांजलि
सारांश
मुख्य बातें
पूर्व केंद्रीय वित्त मंत्री अरुण जेटली की 24 अगस्त को पुण्यतिथि पर नई दिल्ली में राजनीतिक जगत ने उन्हें भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, गृह मंत्री अमित शाह सहित कई केंद्रीय मंत्रियों ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर जेटली के योगदान को नमन किया। जेटली को लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति उनकी अटूट प्रतिबद्धता और असाधारण प्रशासनिक दक्षता के लिए याद किया गया।
लोकसभा अध्यक्ष और रक्षा मंत्री की श्रद्धांजलि
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने एक्स पर लिखा कि जेटली का व्यक्तित्व असाधारण प्रतिभा, दूरदृष्टि और लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति अटूट प्रतिबद्धता का परिचायक था। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक जीवन में जेटली की प्रभावशाली वक्तृत्व क्षमता, गहन अध्ययन और कुशल प्रशासनिक समझ सदैव उल्लेखनीय रहेगी।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने एक्स पर अपनी पोस्ट में जेटली को संविधान और कानून के विशेषज्ञ, कुशल प्रशासक और उत्कृष्ट सांसद बताया। उन्होंने कहा कि राजनीति और नीतिगत विषयों पर जेटली की गहरी समझ, दूरदर्शिता और तार्किक दृष्टिकोण सदैव प्रेरणादायी रहेंगे।
गृह मंत्री और स्वास्थ्य मंत्री ने किया स्मरण
गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने एक्स पर लिखा कि एक तीखे कानूनी विशेषज्ञ, कुशल वक्ता और बेहतरीन प्रशासक के रूप में जेटली ने सरकार की परिवर्तनकारी नीतियों को लागू करने में अहम भूमिका निभाई। उन्होंने कहा कि जेटली की स्थायी विरासत युवा नेताओं को प्रेरित करती रहेगी।
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने पद्म विभूषण से सम्मानित जेटली को नमन करते हुए कहा कि उनकी विद्वता, कर्मठता और समर्पण ने देश की आर्थिक व्यवस्था को नई दिशा दी। नड्डा ने यह भी रेखांकित किया कि जेटली का राजनीतिक कौशल, वाकपटुता और 'राष्ट्र प्रथम' की भावना अतुलनीय थी।
अन्य मंत्रियों की प्रतिक्रियाएँ
केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि भारत की आर्थिक प्रगति, सुशासन और राष्ट्रसेवा में जेटली का योगदान सदैव स्मरणीय रहेगा। वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने जेटली को अपने जीवन में मार्गदर्शक बताया और कहा कि उनके ज्ञान ने उन पर अमिट छाप छोड़ी।
संचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने जेटली को कुशल अर्थशास्त्री, प्रभावशाली वक्ता और दूरदर्शी नीति-निर्माता बताते हुए कहा कि संसद में उनकी तार्किकता और लोकतांत्रिक संस्थाओं के प्रति प्रतिबद्धता सदैव याद की जाएगी। कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने भावुक होकर कहा कि जेटली के चेहरे पर तेज और वाणी में ओज था — किसी भी विषय पर उनके तथ्य और तर्क सुनकर लोग अवाक रह जाते थे।
जेटली की विरासत
गौरतलब है कि अरुण जेटली ने मोदी सरकार के पहले कार्यकाल में वित्त मंत्री के रूप में वस्तु एवं सेवा कर (GST) लागू करने में केंद्रीय भूमिका निभाई थी — जो स्वतंत्र भारत का सबसे बड़ा कर सुधार माना जाता है। वे कानून, रक्षा और सूचना-प्रसारण जैसे कई अहम मंत्रालयों के प्रभारी भी रहे। उनका निधन 24 अगस्त 2019 को हुआ था। हर वर्ष इस तिथि पर भारतीय जनता पार्टी (BJP) के नेता और सहयोगी उन्हें श्रद्धांजलि देते हैं, जो उनकी राजनीतिक और संस्थागत विरासत की गहराई को रेखांकित करता है।