असम राइफल्स ने चांगलांग में ₹46.60 लाख की ब्राउन शुगर जब्त की, दो तस्कर गिरफ्तार
सारांश
मुख्य बातें
असम राइफल्स, स्पीयर कॉर्प्स और सीआरपीएफ ने 16 सितंबर 2026 को अरुणाचल प्रदेश के चांगलांग जिले के नामगोई इलाके में संयुक्त तलाशी अभियान चलाकर ₹46.60 लाख की अनुमानित कीमत की 233 ग्राम संदिग्ध ब्राउन शुगर बरामद की और दो व्यक्तियों को हिरासत में लिया। यह नशीले पदार्थ 21 साबुन के डिब्बों में छिपाकर रखे गए थे — जो तस्करों की छद्म रणनीति को दर्शाता है।
अभियान का घटनाक्रम
विशिष्ट गुप्त सूचना के आधार पर भारतीय सेना के स्पीयर कॉर्प्स के अधीन असम राइफल्स ने अरुणाचल प्रदेश पुलिस और केंद्रीय रिज़र्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के साथ मिलकर यह संयुक्त अभियान शुरू किया। तलाशी के दौरान संदिग्धों के पास से साबुन के डिब्बों में छिपाई गई ब्राउन शुगर की खेप मिली। दोनों संदिग्धों को मौके पर ही हिरासत में ले लिया गया।
सुरक्षा बलों की प्रतिक्रिया
स्पीयर कॉर्प्स ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर अपने आधिकारिक हैंडल से लिखा कि 'यह अभियान विभिन्न एजेंसियों के बीच उत्कृष्ट समन्वय को रेखांकित करता है और मादक पदार्थों के नेटवर्क को नष्ट करने तथा नशामुक्त भारत सुनिश्चित करने के लिए सुरक्षा बलों के दृढ़ संकल्प की पुष्टि करता है।' असम राइफल्स ने भी अपनी आधिकारिक पोस्ट में कहा कि इस सफल अभियान ने नशीले पदार्थों की तस्करी रोकने और पूर्वोत्तर में सुरक्षा को मजबूत करने के प्रति उनकी प्रतिबद्धता को फिर से साबित किया है।
पूर्वोत्तर में नशा-तस्करी की चुनौती
गौरतलब है कि अरुणाचल प्रदेश म्यांमार सीमा से सटा होने के कारण पूर्वोत्तर के नशा-तस्करी मार्ग — जिसे 'गोल्डन ट्राइएंगल' का विस्तार माना जाता है — का एक संवेदनशील बिंदु है। चांगलांग जिला विशेष रूप से इस मार्ग के करीब पड़ता है। यह ऐसे समय में आया है जब सुरक्षा एजेंसियाँ पूर्वोत्तर में नशा-नेटवर्क के खिलाफ अभियान तेज कर रही हैं।
आम जनता पर असर
ब्राउन शुगर जैसे हेरोइन-आधारित नशीले पदार्थों की तस्करी पूर्वोत्तर राज्यों के युवाओं में नशे की लत का एक प्रमुख कारण बन चुकी है। इस तरह की बरामदगी सीधे तौर पर स्थानीय समुदायों को नशे की आपूर्ति में कटौती करती है और तस्करों के नेटवर्क को कमज़ोर करती है।
आगे की कार्रवाई
दोनों गिरफ्तार संदिग्धों को संबंधित अधिकारियों को सौंपा जाएगा और बरामद नशीला पदार्थ कानूनी जाँच के लिए भेजा जाएगा। सुरक्षा बल इस तरह के संयुक्त अभियान भविष्य में भी जारी रखने की प्रतिबद्धता जता चुके हैं।