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अयोध्या दीपोत्सव 2025: 28 लाख दीयों से विश्व रिकॉर्ड का लक्ष्य, तीर्थ विकास परिषद ने जारी किए पाँच बड़े टेंडर

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अयोध्या दीपोत्सव 2025: 28 लाख दीयों से विश्व रिकॉर्ड का लक्ष्य, तीर्थ विकास परिषद ने जारी किए पाँच बड़े टेंडर

सारांश

अयोध्या में इस बार दीपोत्सव सिर्फ उत्सव नहीं, एक महाआयोजन बनने की राह पर है। 28 लाख दीयों से विश्व रिकॉर्ड तोड़ने का संकल्प, दो किलोमीटर तक फैला आयोजन क्षेत्र और पाँच बड़े टेंडर — तैयारियाँ बता रही हैं कि राम नगरी इस दिवाली पर नया इतिहास रचने को तैयार है।

मुख्य बातें

श्री अयोध्या जी तीर्थ विकास परिषद ने दीपोत्सव के लिए पाँच बड़े टेंडर जारी किए हैं।
प्रशासन का लक्ष्य 28 लाख मिट्टी के दीये एक साथ जलाकर नया विश्व रिकॉर्ड बनाना है।
आयोजन क्षेत्र लक्ष्मण घाट से चौधरी चरण सिंह घाट तक करीब दो किलोमीटर तक विस्तारित होगा।
करीब 30 हजार बच्चों के भोजन और मंदिरों की लाइटिंग के लिए अलग टेंडर निकाले गए हैं।
नगर निगम अयोध्या और परिषद को साफ-सफाई, लाइटिंग व सौंदर्यीकरण की जिम्मेदारियाँ सौंपी गई हैं।
राम की पैड़ी पर नई सीढ़ियों का निर्माण श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए किया जा रहा है।

श्री अयोध्या जी तीर्थ विकास परिषद ने आगामी दीपोत्सव की तैयारियों को रफ्तार देते हुए राम की पैड़ी और अन्य कार्यक्रम स्थलों के लिए कई महत्वपूर्ण टेंडर जारी किए हैं। परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी जयेंद्र कुमार ने बताया कि इस बार प्रशासन का लक्ष्य करीब 28 लाख मिट्टी के दीये जलाकर नया विश्व रिकॉर्ड स्थापित करना है। आयोजन क्षेत्र को लगभग दो किलोमीटर तक विस्तारित करने की तैयारी है।

किन कार्यों के लिए जारी हुए टेंडर

जयेंद्र कुमार ने बताया कि राम की पैड़ी और कार्यक्रम स्थल पर टेंट लगाने तथा सजावट के लिए अलग टेंडर निकाला गया है। इसके साथ ही तेल और मिट्टी के दीयों की आपूर्ति के लिए भी पृथक टेंडर जारी किया गया है।

दीये जलाने के लिए आवश्यक सामग्री — जिसमें टी-शर्ट, मोमबत्ती, कपूर, बाती और अन्य संबंधित सामान शामिल हैं — के लिए भी टेंडर प्रक्रिया शुरू की गई है। इसके अतिरिक्त करीब 30 हजार बच्चों के भोजन तथा मंदिरों की लाइटिंग से जुड़े कार्यों के लिए पाँच बड़े टेंडर जारी किए गए हैं।

आयोजन का विस्तार और नया विश्व रिकॉर्ड

इस वर्ष दीपोत्सव का दायरा लक्ष्मण घाट से चौधरी चरण सिंह घाट तक बढ़ाया जाएगा, जो करीब दो किलोमीटर की दूरी है। मुख्य आयोजन पूर्व की भाँति राम की पैड़ी पर ही होगा। प्रशासन ने 28 लाख मिट्टी के दीये एक साथ प्रज्वलित कर नया विश्व रिकॉर्ड बनाने का संकल्प लिया है, जो पिछले वर्षों के आयोजनों से बड़ा लक्ष्य है।

गौरतलब है कि अयोध्या में दीपोत्सव हर साल बड़े पैमाने पर मनाया जाता है और पिछले कुछ वर्षों से यह गिनीज़ वर्ल्ड रिकॉर्ड में दर्ज होता रहा है। इस बार प्रशासन उस आँकड़े को और ऊँचा ले जाने की कोशिश में है।

उच्चस्तरीय बैठकें और जिम्मेदारियों का बँटवारा

जयेंद्र कुमार ने बताया कि दीपोत्सव की तैयारियों को लेकर महापौर और जनप्रतिनिधियों के साथ बैठक हो चुकी है। इसके अलावा मंडलायुक्त और जिलाधिकारी स्तर पर भी अधिकारियों के साथ समन्वय बैठकें आयोजित की गई हैं।

नगर निगम अयोध्या और श्री अयोध्या जी तीर्थ विकास परिषद को साफ-सफाई, लाइटिंग और सौंदर्यीकरण की जिम्मेदारियाँ सौंपी गई हैं। दोनों संस्थाएँ अपने-अपने दायित्वों पर तेज़ी से काम कर रही हैं।

श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए बुनियादी कार्य

राम की पैड़ी परिसर में श्रद्धालुओं और पर्यटकों की आवाजाही को सुगम बनाने के लिए घाटों पर नई सीढ़ियों का निर्माण भी कराया जा रहा है। नगर निगम की ओर से घाटों की साफ-सफाई और सौंदर्यीकरण का काम भी युद्धस्तर पर जारी है।

आयोजन के दौरान श्रद्धालुओं की सुविधा, स्वच्छता और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए व्यवस्थाओं को अंतिम रूप दिया जा रहा है। प्रशासन का उद्देश्य इस बार दीपोत्सव को पिछले वर्षों की तुलना में अधिक भव्य और व्यवस्थित बनाना है।

आगे क्या होगा

जयेंद्र कुमार के अनुसार टेंडर प्रक्रिया अपने अंतिम चरण में है और जल्द ही सभी तैयारियाँ पूरी कर ली जाएंगी। लाखों दीयों की रोशनी से राम की पैड़ी और आसपास का संपूर्ण क्षेत्र जगमगाने के लिए तैयार होगा — यह आयोजन न केवल धार्मिक दृष्टि से बल्कि पर्यटन और स्थानीय अर्थव्यवस्था के लिहाज़ से भी अयोध्या के लिए महत्वपूर्ण अवसर है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन मुख्यधारा की कवरेज जो अक्सर चूकती है वह यह है कि इतने बड़े आयोजन की लॉजिस्टिक जटिलता और 30 हजार बच्चों की भागीदारी जैसे मानवीय पहलू असली प्रशासनिक परीक्षा हैं।
RashtraPress
30 सितंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

अयोध्या दीपोत्सव 2025 में कितने दीये जलाए जाएंगे?
प्रशासन ने इस बार करीब 28 लाख मिट्टी के दीये एक साथ जलाकर नया विश्व रिकॉर्ड बनाने का लक्ष्य रखा है। यह पिछले वर्षों के आयोजनों से बड़ा लक्ष्य है।
दीपोत्सव के लिए कौन-कौन से टेंडर जारी किए गए हैं?
श्री अयोध्या जी तीर्थ विकास परिषद ने टेंट व सजावट, तेल-मिट्टी के दीये, दीये जलाने की सामग्री (कपूर, बाती, मोमबत्ती आदि), करीब 30 हजार बच्चों के भोजन और मंदिरों की लाइटिंग के लिए पाँच बड़े टेंडर जारी किए हैं। मुख्य कार्यकारी अधिकारी जयेंद्र कुमार के अनुसार प्रक्रिया जारी है।
इस बार दीपोत्सव का आयोजन क्षेत्र कितना बड़ा होगा?
इस वर्ष दीपोत्सव का विस्तार लक्ष्मण घाट से चौधरी चरण सिंह घाट तक करीब दो किलोमीटर तक किए जाने की तैयारी है। मुख्य आयोजन राम की पैड़ी पर होगा।
दीपोत्सव की तैयारियों में कौन-सी संस्थाएँ शामिल हैं?
श्री अयोध्या जी तीर्थ विकास परिषद और नगर निगम अयोध्या को साफ-सफाई, लाइटिंग और सौंदर्यीकरण की जिम्मेदारियाँ सौंपी गई हैं। मंडलायुक्त और जिलाधिकारी स्तर पर भी समन्वय बैठकें हो चुकी हैं।
राम की पैड़ी पर श्रद्धालुओं के लिए क्या नई सुविधाएँ बनाई जा रही हैं?
राम की पैड़ी परिसर में श्रद्धालुओं और पर्यटकों की सुविधा के लिए घाटों पर नई सीढ़ियों का निर्माण कराया जा रहा है। इसके अलावा घाटों की साफ-सफाई और सौंदर्यीकरण का काम भी तेज़ी से जारी है।
राष्ट्र प्रेस
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