बारुईपुर एनकाउंटर: मारे गए आरोपी प्रवास मंडल की मां बोलीं — 'बेटे को सही सजा मिली'
सारांश
मुख्य बातें
पश्चिम बंगाल के बारुईपुर में 12 साल की नाबालिग लड़की के कथित बलात्कार और हत्या के मामले में गिरफ्तार आरोपी प्रवास मंडल के पुलिस एनकाउंटर में मारे जाने के बाद उसकी माँ संध्या मंडल ने बुधवार, 8 जुलाई को कहा कि उनके बेटे को उसके कृत्यों की वही सज़ा मिली, जिसका वह हकदार था। यह बयान उस समय आया जब राज्य में इस जघन्य अपराध को लेकर व्यापक आक्रोश व्याप्त है।
माँ का बयान: 'लाश देखने नहीं जाऊंगी'
मीडिया से बात करते हुए संध्या मंडल ने स्पष्ट किया कि वे अपने बेटे के शव पर न तो कोई दावा करेंगी और न ही उसे देखने जाएंगी। उन्होंने कहा, 'मैं अपने बेटे की लाश देखने नहीं जाऊंगी और न ही उसे लेने जाऊंगी।' उन्होंने बताया कि बुधवार सुबह पुलिसकर्मी उनके घर आए और उन्हें बेटे की मृत्यु की सूचना दी।
माँ ने यह भी स्वीकार किया कि एक माँ का हृदय स्वाभाविक रूप से दुखी होता है, किंतु उन्होंने कहा, 'एक माँ के तौर पर मुझे उसकी मौत का दुख है, लेकिन उसने जो किया, उसके लिए उसे सही सज़ा मिली।' यह बयान सोशल मीडिया पर व्यापक रूप से चर्चा का विषय बन गया है।
एनकाउंटर की पुलिस-कथित परिस्थितियाँ
पुलिस के अनुसार, मंगलवार रात नाबालिग लड़की के साथ हुई कथित घटना के क्राइम सीन का पुनर्निर्माण (रिकंस्ट्रक्शन) करने के लिए प्रवास मंडल को घटनास्थल पर ले जाया गया था। इसी दौरान, पुलिस के बयान के अनुसार, मंडल ने कथित तौर पर साथ चल रहे एक पुलिस अधिकारी की सर्विस राइफल छीन ली और भागने का प्रयास किया।
पुलिस ने बताया कि भागने की कोशिश के दौरान मंडल ने गोली चलाई, जिसके जवाब में सुरक्षाकर्मियों ने भी गोली चलाई। मंडल को गोली लगी और उसे स्थानीय अस्पताल ले जाया गया, जहाँ उसे मृत घोषित कर दिया गया। गौरतलब है कि पुलिस के इस आख्यान की स्वतंत्र जाँच अभी जारी है।
मूल घटना और जन-आक्रोश
यह मामला बारुईपुर के सूर्यपुर इलाके में एक तालाब से रविवार सुबह मिली 12 वर्षीय लड़की की लाश से जुड़ा है। इस घटना ने स्थानीय स्तर पर व्यापक आक्रोश और विरोध प्रदर्शन को जन्म दिया, जिसमें लोगों ने आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी और कड़ी सज़ा की माँग की। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने छह सदस्यीय विशेष जाँच दल (SIT) गठित किया।
गिरफ्तारियाँ और मुख्य आरोपी
प्रवास मंडल इस मामले में गिरफ्तार होने वाला पहला आरोपी था। बाद में पूछताछ के आधार पर दिवाकर सरकार और आनंद सरदार को भी गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने आनंद सरदार को इस मामले का मुख्य आरोपी बताया है।
बुधवार को पुलिस ने चौथे आरोपी कबीर मोल्ला को भी गिरफ्तार किया, जो शनिवार शाम को हुई कथित घटना के बाद से फरार था। इस प्रकार अब तक चार में से तीन आरोपी पुलिस की हिरासत में हैं, जबकि SIT की जाँच जारी है।
आगे क्या होगा
SIT इस पूरे मामले की विस्तृत जाँच कर रही है। एनकाउंटर की परिस्थितियों की भी जाँच होने की संभावना है। मुख्य आरोपी आनंद सरदार सहित शेष गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ न्यायिक प्रक्रिया आगे बढ़ेगी, जिस पर राज्य और देश की नज़रें टिकी हैं।