क्या दरभंगा में प्रधानमंत्री मोदी के खिलाफ अभद्र टिप्पणी करना उचित है?

सारांश
Key Takeaways
- नीतीश कुमार ने अभद्र टिप्पणी की निंदा की।
- नित्यानंद राय ने इसे अशोभनीय बताया।
- बिहार के गौरव को धूमिल करने की बात की गई।
- भारतीय संस्कृति में मां का स्थान महत्वपूर्ण है।
- राजनीतिक संवाद में गरिमा बनाए रखना आवश्यक है।
पटना, 29 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। बिहार के दरभंगा में 'वोटर अधिकार यात्रा' के दौरान कांग्रेस और राजद के मंच से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रति की गई कथित अभद्र टिप्पणी पर विरोध तेज हो गया है। शुक्रवार को बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने भी इस टिप्पणी की निंदा की।
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर लिखा, "दरभंगा में 'वोटर अधिकार यात्रा' के दौरान कांग्रेस और राजद के मंच से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उनकी स्वर्गीय माता के खिलाफ जिस प्रकार की अभद्र भाषा का प्रयोग किया गया है, वह अत्यंत अशोभनीय है और मैं इसकी निंदा करता हूं।"
केंद्रीय मंत्री नित्यानंद राय ने भी इस मामले पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि राजद और कांग्रेस ने बिहार के गौरव और सम्मान को धूमिल किया है।
उन्होंने कहा, "बिहार सीता माता की धरती है और उनकी धरती पर एक मां का अपमान करना घोर अपराध है। प्रधानमंत्री मोदी की मां को अपशब्द कहकर राजद और कांग्रेस ने बिहार के गौरव और सम्मान को धूमिल किया है।"
नित्यानंद राय ने कहा कि विवेकानंद की भविष्यवाणी को प्रधानमंत्री मोदी पूरा कर रहे हैं, जिसमें कहा गया कि 21वीं सदी के भारत में कोई भूखा, बेघर और अशिक्षित नहीं होगा। उन्होंने कहा, "पीएम मोदी भारत से गरीबी मिटा रहे हैं।"
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि भारतीय संस्कृति में मां को देवी का स्थान प्राप्त है। उन्होंने कहा, "कहा जाता है कि जहां मां का अपमान हो, वहां विनाश होता है। इसलिए अपमान करने वाले कांग्रेस और राजद नेताओं का विनाश निश्चित है।"