दिल्ली के पांडव नगर में आग से दो ई-बाइक खाक, हौज खास बुटीक में भी लगी आग; कोई हताहत नहीं
सारांश
मुख्य बातें
राजधानी नई दिल्ली में मंगलवार, 3 नवंबर 2026 की सुबह आग की दो अलग-अलग घटनाएँ सामने आईं — एक पांडव नगर में और दूसरी हौज खास में। दोनों ही मामलों में दमकल विभाग ने तत्परता से आग पर काबू पाया और किसी के हताहत होने की कोई सूचना नहीं है।
पांडव नगर घटनाक्रम
पांडव नगर में मदर डेयरी के पास, राधा कृष्ण मंदिर के निकट स्थित एक आवासीय घर में सुबह भीषण आग भड़क उठी। दमकल की दो गाड़ियाँ तुरंत मौके पर पहुँचीं और सुबह 8:20 बजे तक आग पर काबू पा लिया गया।
सूत्रों के अनुसार, आग में दो इलेक्ट्रिक बाइकें पूरी तरह जलकर राख हो गईं। घर में मौजूद लोग सीढ़ियों और बालकनी का सहारा लेकर सुरक्षित बाहर निकलने में सफल रहे। आग की चपेट में आने से सीढ़ियाँ भी क्षतिग्रस्त हो गईं। सूत्रों का कहना है कि आग शॉर्ट सर्किट की वजह से लगी हो सकती है, हालाँकि अधिकारियों के अनुसार अभी तक इसके सटीक कारण की पुष्टि नहीं हुई है।
हौज खास में बुटीक में आग
इसी सुबह दक्षिण दिल्ली के हौज खास में डिप्टी कमिश्नर ऑफ पुलिस (DCP) कार्यालय के सामने स्थित मकान नंबर 253 में भी आग लग गई। दिल्ली फायर सर्विस को इस घटना की सूचना सुबह 7:30 से 7:31 बजे के बीच मिली।
आग बुझाने के लिए दमकल की छह गाड़ियाँ — दो जल-वाहन, एक पानी का टैंकर और तीन विशेष इकाइयाँ — मौके पर भेजी गईं। आग इमारत की पहली मंजिल पर स्थित एक बुटीक में लगी। यह इमारत लगभग 144 वर्ग गज में बनी है, जिसमें एक बेसमेंट, ग्राउंड फ्लोर और तीन अन्य मंजिलें हैं। इस घटना में भी किसी के हताहत होने की कोई सूचना नहीं है।
पृष्ठभूमि: मंगोलपुरी की त्रासदी
यह ऐसे समय में आया है जब दिल्ली में आग की घटनाओं को लेकर पहले से ही चिंता बनी हुई है। इससे पहले 31 अक्टूबर की रात करीब 9:30 बजे मंगोलपुरी औद्योगिक क्षेत्र (फेज-1) में एक जूता फैक्ट्री में भीषण आग लग गई थी, जिसमें चार लोगों की मौत हो गई थी और दो अन्य घायल हो गए थे। उस घटना में दिल्ली फायर सर्विस ने 20 दमकल गाड़ियाँ भेजी थीं और फैक्ट्री से छह लोगों को बेहोशी की हालत में बाहर निकाला गया था। संजय गांधी मेमोरियल अस्पताल, मंगोलपुरी पहुँचने पर उनमें से चार को मृत घोषित कर दिया गया था, जबकि शेष दो का इलाज जारी है।
आम जनता पर असर और आगे क्या
गौरतलब है कि दिल्ली में ई-बाइकों और घनी आवासीय इमारतों में आग की घटनाएँ लगातार सामने आ रही हैं। शॉर्ट सर्किट की आशंका ने एक बार फिर शहरी इमारतों में विद्युत सुरक्षा मानकों पर सवाल खड़े किए हैं। दमकल विभाग और पुलिस दोनों घटनाओं की जाँच कर रहे हैं। पांडव नगर की आग के सटीक कारण की पुष्टि जाँच पूरी होने के बाद ही हो पाएगी।