क्या डिंडौरी से मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन के लिए 200 बुजुर्ग सोमनाथ के लिए रवाना हुए?
सारांश
Key Takeaways
- 200 बुजुर्ग तीर्थयात्री सोमनाथ महादेव के दर्शन के लिए रवाना हुए।
- मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना का उद्देश्य बुजुर्गों को धार्मिक स्थलों के दर्शन कराना है।
- यात्रा से पहले सभी बुजुर्गों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया।
- यात्रा के दौरान सुरक्षा के लिए वॉलंटियर्स की तैनाती की गई है।
- यह यात्रा निःशुल्क है और प्रशासन द्वारा पूरी व्यवस्था की गई है।
डिंडौरी, 21 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। श्रद्धा, सम्मान और सरकार की संवेदनशील सोच का एक अद्भुत उदाहरण आज डिंडौरी में देखने को मिला। मध्य प्रदेश सरकार की मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना के तहत जिले के 200 बुजुर्ग तीर्थयात्री सोमनाथ महादेव के दर्शन के लिए रवाना हुए।
जैसे ही तीर्थयात्रियों का काफिला डिंडौरी कलक्ट्रेट से निकला, बुजुर्गों के चेहरे पर आस्था की चमक और संतोष स्पष्ट दिखाई दे रहा था।
यात्रा से पहले बुधवार की सुबह सभी चयनित बुजुर्गों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। इसके बाद उन्हें पुष्पमालाएं पहनाकर ससम्मान विदाई दी गई। बुजुर्गों की सुरक्षा और सुविधा के लिए वॉलंटियर्स की तैनाती की गई है।
कलेक्टर अंजू पवन भदौरिया ने कहा, “सभी तीर्थयात्रियों को जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति में शहडोल रवाना किया जा रहा है। वहां से उन्हें तीर्थ स्थलों के दर्शन कराकर सुरक्षित रूप से वापस लाया जाएगा। यह पूरी व्यवस्था मुख्यमंत्री तीर्थ दर्शन योजना के अंतर्गत शासन द्वारा निःशुल्क की जा रही है। प्रशासन की तरफ से सुरक्षा को मद्देनजर जिम्मेदार अधिकारियों को भेजा जा रहा है। ये अधिकारी दर्शन कराने से लेकर घर तक सुरक्षित वापसी की जिम्मेदारी लेंगे।”
यात्रा पर जा रहे शहपुरा निवासी बुजुर्ग अयोध्या सोनी ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की सराहना की। उनका कहना है कि जीवन के इस पड़ाव पर तीर्थ दर्शन का अवसर मिलना उनके लिए किसी वरदान से कम नहीं है।
प्रदेश शासन के निर्देशानुसार इस योजना के तहत 16 जनवरी तक ऑनलाइन आवेदन आमंत्रित किए गए थे। डिंडौरी जिले के सात विकासखंडों और दो नगरीय निकाय क्षेत्रों से कुल 250 आवेदन प्राप्त हुए। शासन द्वारा निर्धारित रेंडमाइजेशन प्रक्रिया के अनुसार 200 पात्र तीर्थयात्रियों का चयन किया गया, जिनमें 132 पुरुष और 68 महिलाएं शामिल हैं।