कोलकाता: पूर्व TMC विधायक बिस्वजीत दास के ड्राइवर केरामत मंडल गिरफ्तार, बगीचे से देशी बंदूक-कारतूस बरामद
सारांश
मुख्य बातें
पश्चिम बंगाल पुलिस ने 29 सितंबर 2026 को तृणमूल कांग्रेस (TMC) के पूर्व विधायक बिस्वजीत दास के ड्राइवर केरामत मंडल को गिरफ्तार किया। उत्तर 24 परगना जिले में दास के आवास के पीछे बने बगीचे से एक देशी बंदूक और जिंदा कारतूस बरामद होने के बाद यह कार्रवाई की गई। मंडल की गिरफ्तारी, पूर्व विधायक दास के एक दिन पहले हिरासत में लिए जाने के बाद हुई है।
मुख्य घटनाक्रम
बनगांव उत्तर के पूर्व विधायक बिस्वजीत दास को उनके घर और कार से हथियार मिलने के बाद सोमवार को हिरासत में लिया गया था। उनके हिरासत में जाने के बाद ड्राइवर केरामत मंडल संदेह के घेरे में आ गया।
जांचकर्ताओं के अनुसार, मंडल दास की कार से ही पूर्व विधायक के घर लौटा, घर का ताला खोला और कुछ समय अंदर रहने के बाद बाहर निकला। इस संदिग्ध गतिविधि ने पुलिस को उससे पूछताछ करने पर मजबूर किया।
बगीचे में हथियार छुपाने का आरोप
पूछताछ के दौरान पुलिस का आरोप है कि केरामत मंडल ने स्वीकार किया कि बंदूक और गोलियां दास की कार के डैशबोर्ड पर रखी हुई थीं। आरोप है कि उसने ये हथियार गाड़ी से निकाले और वापस घर आने से पहले बगीचे में छुपा दिए।
इसके बाद गोपालनगर पुलिस स्टेशन की एक टीम सोमवार देर रात दास के घर पहुंची और बगीचे की तलाशी में एक देशी बंदूक व कई जिंदा कारतूस बरामद किए। मंडल को गैर-कानूनी तरीके से हथियार रखने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया गया।
न्यायालय में पेशी और कस्टडी की मांग
बिस्वजीत दास और केरामत मंडल — दोनों आरोपियों को मंगलवार को बनगांव सब-डिविजनल कोर्ट में पेश किया गया। पुलिस ने आगे की पूछताछ के लिए दोनों की सात दिन की पुलिस कस्टडी की मांग की। जांच अधिकारी अब उन परिस्थितियों की जांच कर रहे हैं जिनमें ये हथियार बरामद हुए, और यह भी पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं कि ये हथियार कहां से आए तथा दास के पास क्यों थे।
बिस्वजीत दास की राजनीतिक पृष्ठभूमि
बिस्वजीत दास ने टीएमसी के टिकट पर 2011 में बनगांव उत्तर विधानसभा सीट जीती और 2016 में भी इसे बरकरार रखा। 2019 के लोकसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी (BJP) के मजबूत प्रदर्शन के बाद उन्होंने दल बदला और 2021 के विधानसभा चुनाव से पहले BJP में शामिल हो गए।
दास ने 2021 का चुनाव बगदाह से BJP के टिकट पर जीता। इसके बाद तत्कालीन मुख्यमंत्री ममता बनर्जी से मुलाकात के बाद वे फिर TMC में लौट आए और उन्हें बनगांव संगठनात्मक जिले की जिम्मेदारी सौंपी गई। 2024 के लोकसभा चुनाव में वे बनगांव सीट से BJP के शांतनु ठाकुर से हार गए, और 2026 के विधानसभा चुनाव में भी TMC के टिकट पर भाजपा उम्मीदवार अशोक कीर्तनिया के हाथों पराजय का सामना करना पड़ा।
आगे की जांच
यह मामला ऐसे समय में सामने आया है जब पश्चिम बंगाल में राजनीतिक हिंसा और हथियारों की बरामदगी की घटनाएं पहले से चर्चा में रही हैं। गौरतलब है कि दास की राजनीतिक यात्रा — TMC से BJP और फिर TMC में वापसी — के दौरान उनका राजनीतिक वजन बदलता रहा, और अब हथियार बरामदगी का यह मामला उनके लिए नई कानूनी मुश्किलें खड़ी कर सकता है। पुलिस अगले सात दिनों में दोनों से गहन पूछताछ कर हथियारों के स्रोत का पता लगाने की कोशिश करेगी।