तमिलनाडु में लू का कहर जारी, आरएमसी ने मछुआरों को समुद्र से दूर रहने की चेतावनी दी
सारांश
मुख्य बातें
चेन्नई स्थित क्षेत्रीय मौसम विज्ञान केंद्र (आरएमसी) ने 15 जुलाई 2026 को चेतावनी जारी की है कि तमिलनाडु के अंदरूनी जिलों में अगले कुछ दिनों तक लू (हीटवेव) जैसी स्थिति बनी रहेगी और दक्षिणी तटीय इलाकों में तेज हवाओं के कारण समुद्र में खतरनाक हालात रहेंगे। मौसम विभाग के अनुसार, 16 जुलाई तक दिन का तापमान सामान्य से काफी अधिक रहने की आशंका है।
मुख्य मौसम चेतावनियाँ
आरएमसी के ताज़ा पूर्वानुमान के अनुसार, राज्य के अंदरूनी जिलों में तापमान मौसमी औसत से 2 से 4 डिग्री सेल्सियस अधिक रहने की संभावना है। तमिलनाडु के तटीय जिलों और पुडुचेरी में भी पारा सामान्य से 2 से 3 डिग्री सेल्सियस ऊपर रह सकता है। चेन्नई में अगले दो दिनों तक आंशिक रूप से बादल छाए रहने की उम्मीद है, लेकिन उच्च तापमान और नमी के संयोग से शहर में उमस भरी गर्मी बनी रहेगी।
मछुआरों के लिए समुद्री चेतावनी
मन्नार की खाड़ी, कोमोरिन सागर और तमिलनाडु के आसपास के तटीय इलाकों में तेज हवाएं चलने की संभावना है। मौसम विभाग ने मछुआरों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि जब तक समुद्री हालात बेहतर न हों, वे इन क्षेत्रों में न जाएं। यह चेतावनी खासतौर पर दक्षिणी तटीय इलाकों के लिए जारी की गई है।
स्वास्थ्य जोखिम और सावधानियाँ
मौसम विभाग के अनुसार, अधिक तापमान और ज़्यादा नमी के कारण गर्मी से जुड़ी बीमारियों का खतरा बढ़ गया है। विशेष रूप से बच्चों, बुज़ुर्गों, बाहर काम करने वाले श्रमिकों और पहले से किसी बीमारी से पीड़ित लोगों को अधिक सतर्क रहने की सलाह दी गई है। लोगों को हिदायत दी गई है कि वे शरीर में पानी की कमी न होने दें और दोपहर के समय सीधी धूप में न रहें।
आंशिक राहत की संभावना
आरएमसी ने बुधवार को पश्चिमी घाट के जिलों में हल्की से मध्यम बारिश का अनुमान लगाया है। राज्य के बाकी जिलों में भी एक-दो स्थानों पर हल्की बारिश हो सकती है, जिससे भीषण गर्मी से थोड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। यह ऐसे समय में आया है जब राज्य के अधिकांश हिस्सों में गर्मी का असर अपने चरम पर है।
आगे क्या
मौसम विभाग ने कहा है कि वह मौसम में हो रहे बदलावों पर बारीकी से नज़र रखेगा और ज़रूरत पड़ने पर नई सलाह जारी करेगा। विभाग ने लोगों से अपील की है कि वे सरकारी पूर्वानुमानों का पालन करें और लू के हालात बने रहने तक आवश्यक सावधानियाँ बरतें।