मध्य पूर्व तनाव से सोना ₹1,41,650 पर फिसला, चांदी भी 0.27% कमजोर; डॉलर इंडेक्स 100 के पार
सारांश
मुख्य बातें
मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर बुधवार, 15 जुलाई 2026 को सोने और चांदी की कीमतों में करीब आधा प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई, जिसकी प्रमुख वजह मध्य पूर्व में जारी भू-राजनीतिक तनाव और उससे मजबूत हुआ डॉलर इंडेक्स बताई जा रही है। सोने का 5 अगस्त 2026 का फ्यूचर कॉन्ट्रैक्ट ₹607 यानी 0.43% की कमजोरी के साथ ₹1,41,650 प्रति 10 ग्राम पर था, जबकि चांदी भी दबाव में रही।
सोने का बाज़ार: आज का हाल
MCX पर सोने का फ्यूचर कॉन्ट्रैक्ट पिछली क्लोजिंग ₹1,42,257 के मुकाबले ₹1,109 की गिरावट के साथ ₹1,41,148 पर खुला। सुबह 9:54 बजे IST तक यह ₹1,41,650 पर स्थिर हुआ। आज के कारोबार में सोने ने ₹1,40,740 का न्यूनतम और ₹1,41,695 का उच्चतम स्तर छुआ।
चांदी में भी बिकवाली का दबाव
चांदी का 4 सितंबर 2026 का फ्यूचर कॉन्ट्रैक्ट पिछली क्लोजिंग ₹2,23,189 के मुकाबले ₹2,21,926 पर खुला। कारोबार के दौरान यह ₹609 यानी 0.27% की कमजोरी के साथ ₹2,22,580 प्रति किलोग्राम पर था।
अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में भी दबाव
वैश्विक स्तर पर भी दोनों कीमती धातुओं पर बिकवाली का असर साफ दिखा। अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में सोना 0.71% की गिरावट के साथ $4,040 प्रति औंस और चांदी 0.45% की कमजोरी के साथ $58.84 प्रति औंस पर कारोबार कर रही थी।
विशेषज्ञ क्या कहते हैं
बाज़ार जानकारों के अनुसार, मध्य पूर्व के तनाव ने डॉलर इंडेक्स को 100 के ऊपर बनाए रखा है, जो आमतौर पर सोने और चांदी जैसी डॉलर-मूल्यांकित धातुओं की कीमतों पर विपरीत दबाव डालता है। यह ऐसे समय में आया है जब वैश्विक निवेशक जोखिम-संपत्तियों की ओर लौट रहे हैं।
शेयर बाज़ार और वैश्विक संकेत
इस बीच, वैश्विक बाज़ारों से सकारात्मक संकेतों के चलते भारतीय शेयर बाज़ार बुधवार को मजबूती के साथ खुला। शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स और निफ्टी दोनों करीब 0.50% की तेजी के साथ कारोबार कर रहे थे। एशियाई बाज़ारों में टोक्यो, हांगकांग, बैंकॉक, सोल और जकार्ता हरे निशान में थे, जबकि केवल शंघाई लाल निशान में रहा। अमेरिकी बाज़ार में डाओ जोन्स मामूली बढ़त और नैस्डैक 0.90% की तेजी के साथ मंगलवार को बंद हुआ था। आगे की दिशा मध्य पूर्व के घटनाक्रम और डॉलर की चाल पर निर्भर करेगी।