इंडिगो फ्लाइट 6ई 451 बेंगलुरु-लखनऊ मार्ग पर सुरक्षा अलर्ट के बाद वापस लौटाई गई
सारांश
मुख्य बातें
इंडिगो की बेंगलुरु-लखनऊ उड़ान 6ई 451 को 7 नवंबर को उड़ान के दौरान संभावित सुरक्षा खतरे की सूचना मिलने के बाद एहतियातन मूल हवाईअड्डे बेंगलुरु वापस लौटा दिया गया। मानक संचालन प्रक्रिया (SOP) के तहत पायलटों ने तत्काल निर्णय लेते हुए विमान को वापस मोड़ा और संबंधित अधिकारियों को सूचित किया।
घटनाक्रम
एयरलाइन के अनुसार, उड़ान भरने के कुछ समय बाद विमान में संभावित सुरक्षा खतरे की सूचना मिली। इंडिगो के पायलटों ने निर्धारित सुरक्षा प्रोटोकॉल का पालन करते हुए विमान को बेंगलुरु वापस उतारने का निर्णय लिया, जिससे आवश्यक सुरक्षा जाँच की जा सके।
एयरलाइन के प्रवक्ता ने स्पष्ट किया कि सुरक्षा जाँच पूरी होने और संबंधित अधिकारियों की मंजूरी मिलने के बाद ही विमान अपनी आगे की यात्रा जारी करेगा। सभी यात्रियों को रिफ्रेशमेंट उपलब्ध कराई गई और उन्हें नियमित अंतराल पर स्थिति की जानकारी दी जाती रही।
यात्रियों पर असर
इस अप्रत्याशित वापसी से विमान में सवार यात्रियों को असुविधा हुई। इंडिगो ने यात्रियों से खेद व्यक्त करते हुए कहा कि उन्हें हरसंभव सहायता प्रदान की जा रही है। प्रवक्ता ने कहा, 'इंडिगो में हमारे यात्रियों, चालक दल और विमान की सुरक्षा हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है।'
हालिया सुरक्षा घटनाएँ
यह ऐसे समय में आया है जब इंडिगो की उड़ानों में सुरक्षा संबंधी घटनाएँ पहले भी सामने आ चुकी हैं। गौरतलब है कि 3 नवंबर को दिल्ली से पुणे जा रही इंडिगो की उड़ान 6ई 6884 में एक यात्री ने उड़ान भरने के कुछ देर बाद इमरजेंसी एग्जिट के लीवर कवर को खोलने की कोशिश की, जिससे विमान में अलार्म बज गया था।
आरोपी की पहचान 33 वर्षीय गौरव सत्येंद्र रौतेला के रूप में हुई, जो पुणे जिले के सासवड के निवासी हैं। उनकी सीट 19डी थी, जो इमरजेंसी एग्जिट के निकट थी। इंडिगो के एक क्रू सदस्य ने उनके खिलाफ पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।
एयरपोर्ट पुलिस स्टेशन के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक गोविंद पवार ने बताया कि प्रारंभिक पूछताछ में रौतेला ने कहा कि उन्होंने जिज्ञासावश लीवर कवर खोलने की कोशिश की थी और उन्हें इसके इमरजेंसी दरवाजे से संबंध की जानकारी नहीं थी।
विशेषज्ञ क्या कहते हैं
विमानन सुरक्षा विशेषज्ञों के अनुसार, किसी भी संभावित खतरे की सूचना पर विमान को वापस लौटाना SOP का अनिवार्य हिस्सा है और इसे यात्री सुरक्षा के प्रति एयरलाइन की सतर्कता का संकेत माना जाना चाहिए। यह ऐसे समय में और भी महत्वपूर्ण हो जाता है जब देशभर में विमान में बम की अफवाहों और सुरक्षा उल्लंघनों की घटनाएँ बढ़ी हैं।
आगे क्या होगा
सुरक्षा एजेंसियों की जाँच पूरी होने के बाद उड़ान 6ई 451 के लखनऊ रवाना होने की उम्मीद है। नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) इस तरह की घटनाओं की निगरानी करता है और ज़रूरत पड़ने पर एयरलाइन से रिपोर्ट तलब करता है। आने वाले दिनों में इस घटना की विस्तृत जाँच रिपोर्ट सामने आने की संभावना है।