क्या इंदौर में नर्मदा जल आपूर्ति पर सवाल उठाना जरूरी है? बेकरी गली में कीड़ों वाला पानी?
सारांश
Key Takeaways
- दूषित पानी पीने से स्वास्थ्य पर गंभीर खतरा है।
- स्थानीय निवासी गंदे पानी का इस्तेमाल करने पर मजबूर हैं।
- सरकार को जल आपूर्ति की स्थिति में सुधार करने की आवश्यकता है।
- पानी में कीड़े और अन्य प्रदूषक पाए जाते हैं।
- स्थानीय लोगों ने शिकायतें की हैं, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई।
इंदौर, 4 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। मध्य प्रदेश के इंदौर में दूषित पानी के चलते कई जिंदगियाँ खत्म हो चुकी हैं। इसके बावजूद, इंदौर के मालवा मिल के पास बेकरी गली के निवासी नलों से आने वाले काले और कीड़ों वाले पानी का उपयोग करने पर मजबूर हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि दूषित पानी को फिल्टर करने और उबालने के बाद भी यह पीने लायक नहीं रहता, जिसके कारण लोग अक्सर बीमार पड़ जाते हैं। बार-बार की गई शिकायतों के बावजूद, अधिकारियों ने कोई जवाब नहीं दिया।
महिलाओं ने कहा कि हर सुबह पानी गंदा आता है। थोड़ी देर बाद यह थोड़ा साफ हो जाता है, लेकिन पूरी तरह साफ नहीं होता। उन्होंने कहा कि जब हम इसे पीते हैं, तो बीमार पड़ जाते हैं। बच्चों को उल्टी और दस्त जैसी समस्याएं होती हैं।
एक स्थानीय महिला ने समाचार एजेंसी राष्ट्र प्रेस को बताया कि पानी बहुत गंदा आता है। पानी की लाइन चालू होने के बावजूद, गंदा पानी ही आता है। पानी में लाल कीड़े भी होते हैं। जब पहली बार नल चलता है, तो पानी इतना गंदा होता है कि हम इसे बिल्कुल उपयोग नहीं कर सकते, लेकिन कुछ देर बाद यह थोड़ा ठीक हो जाता है। उन्होंने यह भी समस्या बताई कि पानी केवल कुछ देर के लिए आता है।
एक युवक ने बताया कि बच्चे बीमार पड़ रहे हैं और बर्तन धोने में भी बहुत दिक्कत हो रही है। पानी जिंदगी के लिए जरूरी है, लेकिन यह सुरक्षित नहीं है। उन्होंने कहा, "आप यहां घरों की हालत देख सकते हैं, कोई सही इंतजाम नहीं किया गया है। सिर्फ नॉर्मल नल का पानी, नर्मदा का पानी ही मिलता है। पहली दिक्कत यह है कि यहां का पानी गंदा है। हम इसे कैसे पी सकते हैं? यहां पानी को फिल्टर करने का कोई सिस्टम नहीं है।"
एक अन्य महिला ने कहा, "पानी में बहुत सारे कीड़े आते हैं, जिनमें छोटे लाल कीड़े भी शामिल हैं। पानी गंदा है और इसमें छोटे जानवरों के टुकड़े भी होते हैं। यही पानी हमारे नलों से आता है। हम पानी को चार लेयर से फिल्टर करने की कोशिश करते हैं, फिर भी फिल्टर करने के बाद भी ये समस्याएं बनी रहती हैं। इससे बहुत दिक्कत होती है, कभी-कभी पानी बिल्कुल नहीं आता और कभी-कभी एकदम काला पानी आता है।