कर्नाटक सड़क हादसे: हावेरी-मंड्या में 5 की मौत, 23 घायल; उडुपी में बस में लगी आग
सारांश
मुख्य बातें
कर्नाटक के हावेरी और मंड्या जिलों में गुरुवार, 20 अगस्त को हुए दो अलग-अलग सड़क हादसों में कम से कम पाँच लोगों की मौत हो गई और 23 से अधिक लोग घायल हो गए। इसी दिन उडुपी जिले के ब्रह्मावर के पास एक निजी बस में आग लगने की घटना में सात यात्री बाल-बाल बच निकले।
हावेरी हादसा: कार-ट्रक टक्कर में तीन की मौत
हावेरी जिले के राणेबेन्नूर कस्बे के बाहरी इलाके में चालागेरी क्रॉस के पास तड़के एक कार सड़क किनारे खड़े ट्रक से जा भिड़ी, जिससे तीन लोगों की मौके पर ही मौत हो गई और तीन अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। मृतकों की पहचान 27 वर्षीय सिद्धार्थ, 29 वर्षीय हसनमुखी और 51 वर्षीय यशोदा बाई के रूप में हुई है — तीनों दावणगेरे शहर के निवासी थे।
घायलों में सौंदर्या, सिंधु और एक वर्षीय काश्वाश्री शामिल हैं, जिन्हें दावणगेरे के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। प्रारंभिक जाँच के अनुसार, कार राणेबेन्नूर से दावणगेरे की ओर जा रही थी, तभी वह खड़े ट्रक से टकरा गई। राणेबेन्नूर ग्रामीण पुलिस ने मामला दर्ज कर जाँच शुरू कर दी है।
मंड्या हादसा: स्लीपर बस पलटी, दो की जान गई
मंड्या जिले के बेल्लूर टोल के पास मंगलुरु-बेंगलुरु राजमार्ग पर एक निजी स्लीपर बस के पलट जाने से दो लोगों की मौत हो गई और 20 अन्य घायल हो गए। पुलिस के अनुसार, बस पहले सड़क किनारे लगे एक साइनबोर्ड से टकराई और फिर पलट गई। अधिकारियों को आशंका है कि तेज रफ्तार इस हादसे का प्रमुख कारण हो सकती है। घायलों को बेल्लूर कस्बे के अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जबकि मृतकों की पहचान अभी तक नहीं हो सकी है।
उडुपी में बस आग: कंडक्टर की सूझबूझ से बची सात की जान
उडुपी जिले के ब्रह्मावर कस्बे के पास एक निजी बस में उस समय आग लग गई जब वह उडुपी से सागर की ओर जा रही थी। यात्रियों ने वाहन के अंदर से धुआँ निकलते देखा, जिसके बाद बस के इलेक्ट्रिकल बॉक्स में आग भड़क उठी और तेज़ी से फैलने लगी।
बस कंडक्टर ने तत्काल वाहन रुकवाया और सातों यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया, जिससे एक बड़ी त्रासदी टल गई। उडुपी अग्निशमन एवं आपातकालीन सेवा के दल मौके पर पहुँचे और आग पर काबू पाया। आग लगने के सटीक कारणों की जाँच जारी है।
आम जनता पर असर और आगे की स्थिति
यह ऐसे समय में आया है जब कर्नाटक में राजमार्गों पर सड़क सुरक्षा को लेकर चिंताएँ बढ़ रही हैं। गौरतलब है कि तेज रफ्तार और रात्रिकालीन यात्रा के दौरान हादसे लगातार सामने आ रहे हैं। तीनों घटनाओं में संबंधित पुलिस थानों ने मामले दर्ज कर लिए हैं और जाँच जारी है। मंड्या हादसे में मृतकों की शिनाख्त और हावेरी मामले में ट्रक चालक की भूमिका की जाँच प्राथमिकता पर है।