29 सितंबर 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

केजरीवाल की PM मोदी पर टिप्पणी 'अराजकतावादी सोच' का प्रमाण: दिल्ली मंत्री आशीष सूद

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
केजरीवाल की PM मोदी पर टिप्पणी 'अराजकतावादी सोच' का प्रमाण: दिल्ली मंत्री आशीष सूद

सारांश

दिल्ली मंत्री आशीष सूद ने केजरीवाल की PM मोदी पर टिप्पणी को 'बदतमीजी और अराजकतावादी सोच' करार दिया। साथ ही BJP ने पिछली AAP सरकार पर CCTV अनियमितताओं के आरोप लगाए और दिल्ली में महिला सुरक्षा के लिए नए 'डार्क स्पॉट' उन्मूलन अभियान की जानकारी दी।

मुख्य बातें

दिल्ली मंत्री आशीष सूद ने 29 सितंबर 2026 को केजरीवाल की PM मोदी पर टिप्पणी को 'बदतमीजी' और 'अराजकतावादी सोच' का प्रतीक बताया।
BJP विधायक अभय वर्मा ने कहा कि एक पूर्व मुख्यमंत्री द्वारा 'निंदनीय शब्दों' का प्रयोग शोभनीय नहीं।
सरकार दिल्ली में रोशनी और मोबाइल नेटवर्क से जुड़े 'डार्क स्पॉट्स' चिह्नित कर महिला सुरक्षा मज़बूत करने पर काम कर रही है।
मंत्री सूद ने आरोप लगाया कि पिछली AAP सरकार में महिला सुरक्षा के लिए लगाए CCTV कैमरों में कथित तौर पर बड़ी अनियमितताएँ हुईं।
केजरीवाल ने फरवरी 2025 के विधानसभा चुनाव में हार के बाद से विपक्षी भूमिका से BJP सरकार पर हमले तेज किए हैं।

दिल्ली सरकार के मंत्री आशीष सूद और भारतीय जनता पार्टी (BJP) विधायक अभय वर्मा ने 29 सितंबर 2026 को आम आदमी पार्टी (AAP) के नेता अरविंद केजरीवाल के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर दिए गए बयान की कड़ी निंदा की। BJP नेताओं ने इसे 'बदतमीजी' और 'अराजकतावादी सोच' का प्रतीक बताते हुए दिल्ली में महिला सुरक्षा को लेकर अपनी सरकार के कदमों की विस्तार से जानकारी दी।

केजरीवाल के बयान पर सूद का पलटवार

मंत्री आशीष सूद ने कहा कि केजरीवाल ने प्रधानमंत्री को लेकर जिस भाषा का इस्तेमाल किया, वह 'केवल आरोप नहीं, बल्कि बदतमीजी है।' उन्होंने कहा कि केजरीवाल स्वयं एक पूर्व मुख्यमंत्री और संवैधानिक पद पर रह चुके हैं, इसलिए उनसे इस प्रकार की भाषा की उम्मीद नहीं की जाती। सूद के अनुसार, इस तरह के शब्दों का प्रयोग उनकी 'कथित अराजकतावादी सोच' को ही उजागर करता है।

सूद ने आगे कहा कि केजरीवाल इस समय अपनी राजनीतिक प्रासंगिकता तलाशने में लगे हैं, जिसके चलते वह 'स्तरहीन और हल्की बातें' कर रहे हैं। उन्होंने केजरीवाल के कुछ बयानों को लेकर उन्हें 'अर्बन नक्सल' से भी जोड़ा, हालांकि इस आरोप को केजरीवाल खारिज कर सकते हैं।

महिला सुरक्षा पर सरकार के कदम

केजरीवाल द्वारा दिल्ली में महिला सुरक्षा पर उठाए गए सवालों के जवाब में आशीष सूद ने कहा कि यह उनकी सरकार के लिए एक 'बेहद महत्वपूर्ण और संवेदनशील मुद्दा' है। सरकार शहर में ऐसे 'डार्क स्पॉट्स' चिह्नित कर रही है जहाँ रोशनी की कमी है।

सूद ने कहा कि मोबाइल नेटवर्क कनेक्टिविटी से जुड़े 'डार्क स्पॉट्स' को भी सुरक्षा की दृष्टि से देखा जा रहा है, क्योंकि रात के समय अचानक नेटवर्क जाने से महिलाओं में घबराहट पैदा हो सकती है। उन्होंने पुलिस सुधारों के अंतर्गत महिला पुलिसकर्मियों की थानों में अधिक तैनाती का भी उल्लेख किया।

पिछली सरकार पर CCTV घोटाले का आरोप

मंत्री सूद ने आरोप लगाया कि पिछली AAP सरकार के दौरान महिला सुरक्षा के लिए लगाए गए CCTV कैमरों में कथित तौर पर बड़ी अनियमितताएँ हुईं। उन्होंने स्कूलों में लगाए गए कैमरों में भी कमियाँ होने का दावा किया। सूद ने कहा कि वर्तमान सरकार इन कमियों को दूर करने पर सक्रिय रूप से काम कर रही है।

अभय वर्मा की आपत्ति

BJP विधायक अभय वर्मा ने भी केजरीवाल के बयान पर तीखी आपत्ति जताई। उनका कहना था कि एक पूर्व मुख्यमंत्री द्वारा प्रधानमंत्री के बारे में 'निंदनीय शब्दों' का इस्तेमाल करना शोभनीय नहीं है। वर्मा ने कहा कि केजरीवाल जिस प्रकार प्रधानमंत्री के नाम को कथित तौर पर बदनाम करने का प्रयास कर रहे हैं, उसकी निंदा होनी चाहिए।

वर्मा ने कहा, 'जनता सब देख रही है और इस तरह के व्यवहार का जवाब जनता देगी।' गौरतलब है कि दिल्ली में फरवरी 2025 के विधानसभा चुनाव में AAP को बड़ी हार का सामना करना पड़ा था, और तब से पार्टी विपक्षी भूमिका में है।

आगे क्या होगा

यह राजनीतिक तीखापन ऐसे समय में सामने आया है जब दिल्ली में महिला सुरक्षा का मुद्दा एक बार फिर केंद्र में है। BJP सरकार के दावों और AAP के आरोपों के बीच यह बहस आने वाले दिनों में और तेज होने की संभावना है। दिल्ली पुलिस सुधारों पर सरकार की कार्ययोजना की व्यावहारिक समीक्षा ही इस विवाद में निर्णायक भूमिका निभाएगी।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन वर्तमान सरकार अभी तक यह नहीं बता पाई है कि उसने कितने 'डार्क स्पॉट' वास्तव में ठीक किए। केजरीवाल की भाषा पर बहस असल मुद्दे — दिल्ली में महिलाओं की सुरक्षा के ठोस आँकड़े — से ध्यान हटाती है। मुख्यधारा की कवरेज जो चूक जाती है वह यह है कि दोनों पक्ष नीतिगत जवाबदेही के बजाय प्रतीकात्मक भाषा-विवाद को प्राथमिकता दे रहे हैं।
RashtraPress
29 सितंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

मंत्री आशीष सूद ने केजरीवाल के बयान को लेकर क्या कहा?
आशीष सूद ने कहा कि केजरीवाल ने प्रधानमंत्री मोदी के बारे में जिस भाषा का इस्तेमाल किया, वह 'केवल आरोप नहीं बल्कि बदतमीजी है' और यह उनकी 'कथित अराजकतावादी सोच' को दर्शाती है। उन्होंने यह भी कहा कि केजरीवाल अपनी राजनीतिक प्रासंगिकता तलाशने के लिए 'स्तरहीन बातें' कर रहे हैं।
दिल्ली सरकार महिला सुरक्षा के लिए क्या कदम उठा रही है?
मंत्री सूद के अनुसार, सरकार दिल्ली में रोशनी की कमी वाले और मोबाइल नेटवर्क 'डार्क स्पॉट्स' चिह्नित कर रही है, थानों में महिला पुलिसकर्मियों की तैनाती बढ़ाई जा रही है, और पुलिस सुधारों पर काम हो रहा है। सरकार का दावा है कि पिछली सरकार में CCTV कैमरों में हुई कथित अनियमितताओं को भी दुरुस्त किया जा रहा है।
BJP विधायक अभय वर्मा ने केजरीवाल पर क्या आरोप लगाए?
अभय वर्मा ने कहा कि एक पूर्व मुख्यमंत्री का प्रधानमंत्री के बारे में 'निंदनीय शब्दों' का प्रयोग करना शोभनीय नहीं है। उनका कहना था कि केजरीवाल प्रधानमंत्री के नाम को कथित तौर पर बदनाम करने का प्रयास कर रहे हैं, जिसका जवाब जनता देगी।
केजरीवाल ने PM मोदी के बारे में क्या कहा था?
स्रोत के अनुसार, केजरीवाल ने PM मोदी को लेकर ऐसी टिप्पणियाँ कीं जिन्हें BJP ने 'निंदनीय' और 'व्यक्तिगत स्तर तक जाने वाली' बताया। केजरीवाल के सटीक शब्दों का स्रोत में उल्लेख नहीं है, लेकिन BJP नेताओं ने इसे संवैधानिक मर्यादाओं का उल्लंघन करार दिया।
दिल्ली में AAP और BJP के बीच यह विवाद किस पृष्ठभूमि में आया है?
फरवरी 2025 के विधानसभा चुनाव में AAP की हार के बाद केजरीवाल विपक्ष की भूमिका में हैं और BJP सरकार पर लगातार हमले कर रहे हैं। महिला सुरक्षा का मुद्दा दिल्ली की राजनीति में संवेदनशील रहा है और दोनों दल इस पर एक-दूसरे को घेरते रहे हैं।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 4 घंटे पहले
  2. 1 महीना पहले
  3. 1 महीना पहले
  4. 2 महीने पहले
  5. 5 महीने पहले
  6. 1 साल पहले
  7. 1 साल पहले
  8. 1 साल पहले