क्या निशांत को राजनीति में आना चाहिए? एक युवा होने के नाते हमारी शुभकामनाएं : तेज प्रताप यादव
सारांश
Key Takeaways
- निशांत कुमार की राजनीति में एंट्री पर तेज प्रताप यादव का सकारात्मक रुख।
- नीतीश कुमार की समृद्धि यात्रा का महत्व।
- दही-चूड़ा भोज का आयोजन और उसका उद्देश्य।
पटना, 13 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। बिहार के राजनीतिक परिदृश्य में मकर संक्रांति के अवसर पर दही-चूड़ा भोज और आगामी राजनीतिक गतिविधियों पर चर्चा तेज हो गई है। जनशक्ति जनता दल (जेजेडी) के राष्ट्रीय अध्यक्ष तेज प्रताप यादव ने मंगलवार को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की आगामी 'समृद्धि यात्रा' और उनके बेटे निशांत कुमार की राजनीति में प्रवेश पर खुलकर अपने विचार व्यक्त किए।
तेज प्रताप यादव ने पटना में संवाददाताओं से कहा, "नीतीश कुमार की समृद्धि यात्रा 16 जनवरी से शुरू हो रही है। हम उन्हें शुभकामनाएं देते हैं। यात्रा को जारी रहने देना चाहिए। इसके परिणाम का पता बाद में चलेगा।" उन्होंने इसे राजनीतिक रणनीति का हिस्सा बताते हुए कहा कि जनता अंतिम निर्णय लेगी।
नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार के राजनीति में सक्रिय होने पर तेज प्रताप यादव ने सकारात्मक दृष्टिकोण अपनाया। उन्होंने कहा, "निशांत युवा और जोशीला है, जो आगे बढ़ रहा है। वह युवाओं का प्रतिनिधित्व करता है। एक युवा होने के नाते हमारी शुभकामनाएं उसके साथ हैं। उसे निश्चित रूप से आगे आना चाहिए और राजनीति में सक्रिय रूप से भाग लेना चाहिए।"
मकर संक्रांति के अवसर पर तेज प्रताप यादव ने अपने निवास पर दही-चूड़ा भोज का आयोजन किया है। उन्होंने बताया, "मंत्रियों, विधायकों और कुछ सीनियर नेताओं को न्योता भेजा गया है। चूड़ा-दही के इस अवसर पर सभी को बुलाया गया है। उद्देश्य यह है कि कुछ समय के लिए राजनीतिक मतभेदों को भुलाकर हिंदू परंपरा के अनुसार नए साल की शुरुआत का जश्न मनाया जाए।"
तेज प्रताप ने पहले उपमुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा के घर आयोजित दही-चूड़ा भोज में भी भाग लिया। इस दौरान उन्होंने कहा, "उपमुख्यमंत्री विजय सिन्हा ने मुझे बुलाया था, और मैं आया। राजनीति अलग है; हमारे विचार हमारे अपने हैं। मैं दही-चूड़ा भोज में हिस्सा लेने आया हूं।"