सोनीपत NH-44 पर भीषण हादसा: दो ट्रक और फॉर्च्यूनर की टक्कर, ट्रक परिचालक की मौत
सारांश
Key Takeaways
- NH-44 सोनीपत पर रविवार, 26 अप्रैल की सुबह दो ट्रकों और एक फॉर्च्यूनर कार की भीषण टक्कर हुई।
- हादसे में एक ट्रक परिचालक (कंडक्टर) की मौके पर मौत हो गई, जबकि अन्य घायलों की हालत स्थिर है।
- गाजियाबाद से अमूल दूध लेकर लौट रहे ट्रक का टायर पंचर होने पर चालक ने बीच सड़क पर वाहन रोका, जो हादसे का मुख्य कारण बना।
- हादसा पानीपत-दिल्ली रोड पर सेक्टर-7 फ्लाईओवर के पास हुआ, जिससे हाईवे पर लंबा जाम लगा।
- ट्रैफिक पुलिस ने मौके पर पहुंचकर क्षतिग्रस्त वाहन हटवाए और यातायात बहाल किया।
- पुलिस CCTV फुटेज की जांच कर रही है और ट्रक चालक से पूछताछ जारी है।
सोनीपत, 26 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। हरियाणा के सोनीपत से होकर गुजरने वाले नेशनल हाईवे-44 (NH-44) पर रविवार सुबह एक दर्दनाक सड़क दुर्घटना में दो ट्रकों और एक फॉर्च्यूनर कार की आमने-सामने टक्कर हो गई, जिसमें एक ट्रक परिचालक (कंडक्टर) की मौके पर ही मृत्यु हो गई। यह हादसा पानीपत-दिल्ली रोड पर सेक्टर-7 फ्लाईओवर के निकट हुआ और इसके बाद हाईवे पर लंबा जाम लग गया।
कैसे हुआ यह दर्दनाक हादसा
गाजियाबाद से अमूल का दूध लेकर वापस लौट रहे एक ट्रक का टायर अचानक पंचर हो गया। चालक ने स्थिति को काबू करने की कोशिश में ट्रक को बीच सड़क पर ही रोक दिया, जो इस पूरे हादसे की जड़ बन गया। इसी दौरान पीछे से तेज रफ्तार में आ रहे एक अन्य ट्रक और फॉर्च्यूनर कार खड़े ट्रक से जा टकराए।
टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि दोनों ट्रक बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए और फॉर्च्यूनर का अगला हिस्सा पूरी तरह चकनाचूर हो गया। आसपास के लोगों ने बताया कि टक्कर की आवाज काफी दूर तक सुनाई दी।
मृत्यु और घायलों का विवरण
इस भीषण दुर्घटना में एक ट्रक के परिचालक (कंडक्टर) की मौके पर ही मौत हो गई। राहत एवं बचाव दल ने कड़ी मशक्कत के बाद शेष वाहन चालकों और सहयात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला। सभी घायलों को नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है।
पुलिस ने बताया कि मृत परिचालक के परिजनों को सूचना दे दी गई है। वहीं, बीच सड़क पर ट्रक खड़ा करने वाले चालक से पूछताछ की जा रही है।
ट्रैफिक जाम और पुलिस कार्रवाई
हादसे के तत्काल बाद पानीपत से दिल्ली की ओर जाने वाले मार्ग पर लंबा ट्रैफिक जाम लग गया। ट्रैफिक पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और यातायात को सुचारू करने में जुट गई। क्षतिग्रस्त वाहनों को हटाने के बाद धीरे-धीरे यातायात सामान्य किया गया।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि सेक्टर-7 फ्लाईओवर के पास हुए इस हादसे ने इलाके में अफरा-तफरी मचा दी। घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है ताकि दुर्घटना के सही कारणों का पता लगाया जा सके।
NH-44 पर बढ़ती दुर्घटनाओं का पैटर्न
नेशनल हाईवे-44 देश के सबसे व्यस्त और लंबे राष्ट्रीय राजमार्गों में से एक है, जो श्रीनगर से कन्याकुमारी तक फैला है। सोनीपत और पानीपत के बीच यह खंड भारी वाणिज्यिक वाहनों की आवाजाही के लिए जाना जाता है। सड़क सुरक्षा विशेषज्ञों के अनुसार, बीच सड़क पर वाहन खड़े करना हाईवे दुर्घटनाओं के प्रमुख कारणों में से एक है।
गौरतलब है कि हरियाणा में इस वर्ष सड़क दुर्घटनाओं की संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि देखी गई है। राज्य सरकार और राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) द्वारा हाईवे सुरक्षा के लिए कई कदम उठाए जाने के बावजूद ऐसी घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रहीं। विशेषज्ञों का मानना है कि इमरजेंसी लेन की कमी और चालकों की लापरवाही इन हादसों को बढ़ावा देती है।
आगे क्या होगा
पुलिस ने मामले में एफआईआर दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। सीसीटीवी फुटेज और चश्मदीद गवाहों के बयानों के आधार पर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। इस हादसे के बाद उम्मीद है कि प्रशासन NH-44 के इस संवेदनशील खंड पर विशेष निगरानी और सुरक्षा उपाय लागू करेगा।