क्या शुभांशु शुक्ला ने ‘शक्स कोर्टयार्ड’ का लोकार्पण कर पुरानी यादों को ताजा किया?

सारांश
Key Takeaways
- शुभांशु शुक्ला का विद्यालय लौटना एक भावुक पल था।
- ‘शक्स कोर्टयार्ड’ विद्यार्थियों के लिए अत्याधुनिक सुविधाएं प्रदान करेगा।
- यह केंद्र रचनात्मकता और प्रायोगिक अधिगम को बढ़ावा देने का उद्देश्य रखता है।
- शुभांशु की यात्रा शिक्षा के महत्व को दर्शाती है।
- विद्यार्थियों को सामाजिक उपयोगिता के मॉडलों को विकसित करने की प्रेरणा मिलेगी।
लखनऊ, 26 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। सिटी मोंटेसरी स्कूल (सीएमस) अलीगंज परिसर प्रथम में मंगलवार को एक ऐतिहासिक अवसर की गवाह बनी, जब इसी विद्यालय के प्रतिष्ठित पूर्व छात्र और अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन तक पहुँचने वाले पहले भारतीय अंतरिक्ष यात्री ग्रुप कैप्टन शुभांशु शुक्ला ने अपनी पत्नी कामना शुक्ला के साथ मिलकर ‘शक्स कोर्टयार्ड’ का लोकार्पण किया।
वर्षों बाद अपने विद्यालय में लौटे शुभांशु अपनी पुरानी यादों में खो गए और शिक्षकों व छात्रों के बीच भावुक नजर आए।
नव निर्मित ‘शक्स कोर्टयार्ड’ का नामकरण स्कूल ने अपने इस विशिष्ट पूर्व छात्र के सम्मान में किया है। यह केंद्र विद्यार्थियों के लिए मेकरस्पेस, रोबोटिक्स लैब, स्टूडियोपॉड और एम्फीथियेटर जैसी अत्याधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित है, जो उनकी रचनात्मकता और प्रायोगिक अधिगम को बढ़ावा देने में सहायक होगा।
ग्रुप कैप्टन शुभांशु शुक्ला ने संस्थापक स्व. डॉ. जगदीश गांधी के चित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी और दीप जलाकर समारोह का शुभारंभ किया।
विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए उन्होंने अपनी प्रेरणादायक यात्रा साझा की और कहा कि इस स्कूल ने उन्हें अनुशासन, धैर्य और कल्पनाशक्ति दी, जिसने उनकी हर चुनौती का सामना करने में मदद की, चाहे वह फाइटर जेट उड़ाना हो या अंतरिक्ष स्टेशन पहुँचना। अपने विद्यालय में वापस आना उनके लिए एक अत्यंत भावुक क्षण है।
उन्होंने छात्रों द्वारा प्रदर्शित सामाजिक उपयोगिता के मॉडलों की सराहना की।
शुभांशु शुक्ला ने कहा कि अगली बार जब वे आएंगे तो उम्मीद है कि इनमें से कई विचार वास्तविकता के रूप में समाज को लाभ पहुँचाएंगे।
संस्थापिका और निदेशिका डॉ. भारती गांधी ने कहा कि हमें अपने ऐसे पूर्व छात्रों पर गर्व है, जिन्होंने शिक्षा के माध्यम से ऊंचाइयों को छुआ और राष्ट्र का गौरव बढ़ाया। शुभांशु की यात्रा इस बात का प्रेरक उदाहरण है कि मूल्य और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा जीवन को कैसे बदल सकती है।
प्रबंधक प्रो. गीता गांधी किंगडन ने कहा कि ‘शक्स कोर्टयार्ड’ विद्यार्थियों को वैश्विक स्तर की सुविधाएं प्रदान करेगा और भविष्य की आवश्यकताओं के अनुरूप कौशल अर्जित करने का अवसर देगा।