क्या लुधियाना पुलिस ने फर्जी डोप टेस्ट मामले में कार्रवाई की है?

सारांश
Key Takeaways
- फर्जी डोप टेस्ट रिपोर्ट का मामला गंभीर है।
- पुलिस ने कुल 9 मुकदमे दर्ज किए हैं।
- संदिग्ध मामलों की रिपोर्ट सिविल अस्पताल भेजी जाती है।
- लोगों को वैध दस्तावेजों के साथ डोप टेस्ट कराने की सलाह दी गई है।
- पुलिस अन्य संदिग्धों पर भी नज़र रख रही है।
लुधियाना, 29 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। पंजाब के लुधियाना पुलिस ने एक फर्जी डोप टेस्ट रिपोर्ट बनाने वाले गिरोह के खिलाफ महत्वपूर्ण कार्रवाई की है। इस मामले में पुलिस ने 9 व्यक्तियों के खिलाफ मामला दर्ज किया है, जिसमें से तीन नए मामले हाल ही में उजागर हुए हैं।
पुलिस की जांच में यह सामने आया कि तीन आरोपियों ने नकली दस्तावेजों के आधार पर फर्जी डोप टेस्ट रिपोर्ट तैयार की थी। इससे पहले एक अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी के खिलाफ भी फर्जी डॉक्टर रिपोर्ट के लिए कार्रवाई की जा चुकी है।
एसीपी लाइसेंसिंग राजेश शर्मा ने इस कार्रवाई की जानकारी एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में साझा की। उन्होंने बताया कि संदिग्ध मामलों की रिपोर्ट सिविल अस्पताल भेजी जाती है, जहां से प्राप्त विवरण के आधार पर थाने में कार्रवाई की जाती है।
एसीपी ने कहा कि एक मामले में नया लाइसेंस बनवाने के लिए, दूसरे मामले में लाइसेंस का नवीनीकरण करवाने के लिए और तीसरे मामले में लाइसेंस के साथ एक और हथियार जुड़वाने के लिए फर्जी डोप रिपोर्ट तैयार की गई थी, जिस पर अब पुलिस ने आवश्यक कार्रवाई की है।
उन्होंने बताया, "जांच के दौरान जब उनकी डोप टेस्ट रिपोर्ट चेक की गई, तब हमें संदेह हुआ। इसके बाद वह रिपोर्ट सिविल अस्पताल भेजी गई और पता चला कि यह डोप टेस्ट रिपोर्ट असली नहीं है बल्कि नकली है। इसके बाद उनके खिलाफ विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है।"
एसीपी लाइसेंसिंग राजेश शर्मा ने लोगों से अपील की कि वे कोई गलत काम न करें और वैध दस्तावेजों के साथ डोप टेस्ट कराएं। यदि कोई गलत काम करता हुआ पकड़ा जाता है तो उसके खिलाफ कानून के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी।
लुधियाना पुलिस ने फर्जी डोप टेस्ट मामले में अब तक कुल 9 मुकदमे दर्ज किए हैं।
इस समय पुलिस इस मामले में आगे की जांच कर रही है और अन्य संदिग्धों पर भी नज़र बनाए रखी है।