अमरावती पुलिस ने ₹2.03 करोड़ के मादक पदार्थ नष्ट किए, NDPS के 58 मामलों में जब्त 368 किलो गांजा समेत नागपुर में इंसीनेटर से जलाया
सारांश
Key Takeaways
अमरावती शहर पुलिस आयुक्तालय ने मादक पदार्थों के विरुद्ध बड़ी कार्रवाई करते हुए ₹2 करोड़ 3 लाख 75 हजार मूल्य का जब्त माल शनिवार, 2 मई 2026 को नागपुर में नष्ट किया। एनडीपीएस (NDPS) कानून के तहत दर्ज 58 मामलों में जब्त यह माल बुटीबोरी एमआईडीसी स्थित महाराष्ट्र एनवायरो पावर लिमिटेड के इंसीनेटर में जलाकर नष्ट किया गया।
जब्त मादक पदार्थों का विवरण
नष्ट किए गए मादक पदार्थों में 368 किलो गांजा, 1.551 किलो चरस और 1.253 किलो एमडी (MD) शामिल था। यह सभी सामग्री NDPS अधिनियम के अंतर्गत दर्ज विभिन्न मामलों में अलग-अलग समय पर जब्त की गई थी। इतनी बड़ी मात्रा में मादक पदार्थों का एक साथ नष्ट किया जाना अमरावती पुलिस की अब तक की उल्लेखनीय कार्रवाइयों में से एक मानी जा रही है।
न्यायालयीन प्रक्रिया और ड्रग डिस्पोजल कमेटी की भूमिका
अधिकारियों के अनुसार, न्यायालयीन प्रक्रिया पूरी होने के बाद ड्रग डिस्पोजल कमेटी के आदेश पर यह कार्रवाई संपन्न की गई। पूरी प्रक्रिया के दौरान पुलिस अधिकारी, उत्पाद शुल्क विभाग के प्रतिनिधि और पंचों की उपस्थिति सुनिश्चित की गई, ताकि पारदर्शिता बनी रहे। गौरतलब है कि कानूनी प्रक्रिया के बिना जब्त मादक पदार्थों को नष्ट नहीं किया जा सकता।
अहमदाबाद में 'डिजाइनर ड्रग' तस्कर को 15 साल की सजा
इसी बीच, नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) के एक अधिकारी ने शनिवार को बताया कि अहमदाबाद की विशेष NDPS अदालत ने राजस्थान के प्रतापगढ़ निवासी दशरथ सिंह को 185 ग्राम 4-मेथिलएथकैथिनोन (4-MEC) की अंतरराज्यीय तस्करी के मामले में 15 साल की कठोर कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही अदालत ने उन पर ₹2 लाख का जुर्माना भी लगाया है।
NCB के बयान के अनुसार, अहमदाबाद जोनल यूनिट के अधिकारियों ने विश्वसनीय खुफिया जानकारी के आधार पर 30 जनवरी 2023 को दशरथ सिंह को उस समय गिरफ्तार किया जब वह मंदसौर से अहमदाबाद जा रही बस चला रहा था। यह गिरफ्तारी बोर्डी मिल कंपाउंड पार्किंग, हीराभाई मार्केट, कांकरिया रोड, अहमदाबाद में हुई। तलाशी के दौरान आरोपी के पास से 185 ग्राम 4-MEC बरामद किया गया।
क्या है 4-MEC 'डिजाइनर ड्रग'
NCB ने स्पष्ट किया कि 4-मेथिलएथकैथिनोन (4-MEC) एक कृत्रिम उत्तेजक पदार्थ है जो नए मनोसक्रिय पदार्थों (कैथिनोन व्युत्पन्न) की श्रेणी में आता है। इसे आमतौर पर 'डिजाइनर ड्रग्स' कहा जाता है और यह एक मनोरोगी पदार्थ है। जाँच पूरी होने पर NCB ने 25 जुलाई 2023 को अहमदाबाद के सिटी सिविल एंड सेशंस कोर्ट में NDPS अधिनियम, 1985 की धारा 8(C), 22(C) और 29 के तहत आरोप पत्र दाखिल किया था।
आगे की कार्रवाई
अमरावती पुलिस की यह कार्रवाई महाराष्ट्र में मादक पदार्थों के विरुद्ध जारी अभियान का हिस्सा है। यह ऐसे समय में आई है जब राज्य में नशे के बढ़ते प्रसार को लेकर प्रशासन सख्त रुख अपनाए हुए है। विशेषज्ञों का मानना है कि न्यायालयीन निगरानी में इस तरह की पारदर्शी नष्टीकरण प्रक्रिया से जब्त माल के दुरुपयोग की आशंका कम होती है।