मीरा रोड चाकूबाजी पर सपा विधायक अबू आज़मी बोले — 'सच है तो सज़ा बेहद सख्त होनी चाहिए'
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सारांश
मीरा रोड चाकूबाजी मामले पर सपा विधायक अबू आज़मी ने दो टूक कहा — 'अगर सच है तो सज़ा बेहद सख्त होनी चाहिए।' साथ ही उन्होंने महाराष्ट्र में नशे के बढ़ते खतरे और अदालतों में मराठी भाषा की अनदेखी पर भी चिंता जताई।
Key Takeaways
- सपा विधायक अबू आज़मी ने 28 अप्रैल 2026 को मुंबई में नशा-विरोधी अभियान के दौरान मीरा रोड चाकूबाजी पर प्रतिक्रिया दी।
- आज़मी ने कहा — 'अगर यह सच है तो सज़ा बहुत सख्त होनी चाहिए'; किसी भी धर्म के अपराधी को बचाने से इनकार किया।
- उन्होंने कहा कि जो मुस्लिम ऐसा करे, 'वह बिल्कुल भी मुस्लिम नहीं है'।
- महाराष्ट्र में नशे की समस्या पर चिंता — चार दिन पहले 35 वर्षीय युवक की तलवार से हत्या, हमलावर नशे में थे।
- अदालतों में मराठी भाषा की अनदेखी पर भी आज़मी ने सवाल उठाए।
समाजवादी पार्टी (सपा) के महाराष्ट्र प्रदेश अध्यक्ष और विधायक अबू आज़मी ने 28 अप्रैल 2026 को मुंबई में नशा-विरोधी जागरूकता अभियान में भाग लेते हुए मीरा रोड चाकूबाजी मामले पर अपनी तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि घटना सच साबित होती है, तो दोषी को कठोरतम सज़ा मिलनी चाहिए — चाहे आरोपी किसी भी धर्म का हो।
मीरा रोड घटना पर आज़मी की प्रतिक्रिया
पत्रकारों से बात करते हुए अबू आज़मी ने कहा,
Point of View
न बिना जाँच के स्वीकार करना। उनका 'अगर सच है' वाला पहलू महत्वपूर्ण है, क्योंकि यह साम्प्रदायिक ध्रुवीकरण से बचने की चेष्टा दर्शाता है। हालाँकि, आलोचक यह भी पूछ सकते हैं कि सदन में हर सत्र में नशे पर बोलने के बावजूद ज़मीनी स्तर पर बदलाव क्यों नहीं आया। मराठी भाषा पर उनका सवाल सत्तारूढ़ दलों को असहज कर सकता है, क्योंकि यह मुद्दा महाराष्ट्र की पहचान की राजनीति से सीधे जुड़ा है।
NationPress
29/04/2026
Frequently Asked Questions
मीरा रोड चाकूबाजी मामले पर अबू आज़मी ने क्या कहा?
सपा विधायक अबू आज़मी ने कहा कि वे इस घटना को तुरंत स्वीकार नहीं करते, लेकिन अगर यह सच साबित हो तो दोषी को बेहद सख्त सज़ा मिलनी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि कोई मुस्लिम यदि ऐसा करता है तो वह 'बिल्कुल भी मुस्लिम नहीं है'।
अबू आज़मी ने महाराष्ट्र में नशे की समस्या पर क्या कहा?
आज़मी ने बताया कि वे हर विधानसभा सत्र में नशीले पदार्थों का मुद्दा उठाते हैं। उन्होंने कहा कि चार दिन पहले ही नशे में धुत छह लोगों ने तलवार से एक 35 वर्षीय युवक की हत्या कर दी, और यह समस्या विशेष रूप से झुग्गी-बस्ती वाले इलाकों में तेज़ी से बढ़ रही है।
अबू आज़मी ने मराठी भाषा के बारे में क्या सवाल उठाया?
आज़मी ने कहा कि जब महाराष्ट्र का कोई नागरिक हाई कोर्ट में मराठी में आवेदन देता है, तो उसे अंग्रेज़ी में करवाने को कहा जाता है। उन्होंने सवाल किया कि जज और वकील अंग्रेज़ी में बहस करते हैं जबकि आम लोग कुछ नहीं समझते — ऐसे में मराठी को उचित स्थान क्यों नहीं दिया जाता।
सपा विधायक अबू आज़मी ने TCS मामले का ज़िक्र क्यों किया?
आज़मी ने TCS मामले में निदा खान नाम की महिला का उदाहरण देते हुए कहा कि मीरा रोड मामले की जाँच भी उसी निष्पक्षता से होनी चाहिए। उनका कहना था कि हर धर्म में अच्छे और बुरे लोग होते हैं और जाँच बिना पूर्वाग्रह के होनी चाहिए।
अबू आज़मी कौन हैं?
अबू आज़मी समाजवादी पार्टी (सपा) के महाराष्ट्र प्रदेश अध्यक्ष और विधायक हैं। वे मुंबई में सक्रिय राजनेता हैं और नशा-विरोधी अभियानों सहित कई सामाजिक मुद्दों पर मुखर रहते हैं।