नवरात्रि के तीसरे दिन PM मोदी ने एक्स पर साझा किया दुर्गा सप्तशती का श्लोक, मां चंद्रघंटा की महिमा का गान
सारांश
मुख्य बातें
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 13 अक्टूबर 2026 को नवरात्रि के तीसरे दिन सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर मां दुर्गा की स्तुति में एक प्रसिद्ध संस्कृत श्लोक साझा किया। इस श्लोक के माध्यम से उन्होंने देवी के वैश्विक स्वरूप और मोक्षदायिनी शक्ति का स्मरण कराया। मंगलवार का यह दिन देवी दुर्गा के तृतीय स्वरूप मां चंद्रघंटा की आराधना को समर्पित है।
कौन सा श्लोक साझा किया
मोदी की ओर से साझा किया गया संस्कृत श्लोक है — 'त्वं वैष्णवी शक्तिरनन्तवीर्या विश्वस्य बीजं परमासि माया। सम्मोहितं देवि समस्तमेतत् त्वं वै प्रसन्ना भुवि मुक्तिहेतुः।।' इसका भावार्थ है: 'हे देवी! आप अनंत पराक्रम से युक्त वैष्णवी शक्ति हैं, आप ही इस संपूर्ण विश्व का मूल कारण और परम माया हैं। यह संपूर्ण जगत आपके द्वारा ही मोहित है, और जब आप प्रसन्न होती हैं, तो पृथ्वी पर सभी प्राणियों के लिए मुक्ति का मार्ग प्रशस्त होता है।'
श्लोक का स्रोत और महत्व
यह श्लोक पवित्र ग्रंथ 'दुर्गा सप्तशती' (देवी माहात्म्य) के ग्यारहवें अध्याय की नारायणी स्तुति का चौथा श्लोक है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, जब देवी ने असुरों शुम्भ और निशुम्भ का संहार किया, तब देवराज इंद्र सहित समस्त देवताओं ने अत्यंत प्रसन्न होकर यह नारायणी स्तुति की थी। इस स्तुति में देवता हाथ जोड़कर देवी जगदंबा के वैश्विक स्वरूप और उनकी अनंत शक्तियों का वर्णन करते हैं।
मां चंद्रघंटा का स्वरूप और महत्व
नवरात्रि के तीसरे दिन मां चंद्रघंटा की पूजा-अर्चना की परंपरा है। उनके मस्तक पर घंटे के आकार का अर्धचंद्र सुशोभित है, इसीलिए उन्हें 'चंद्रघंटा' कहा जाता है। देवी के दस हाथ हैं, जिनमें खड्ग, बाण और विविध अस्त्र-शस्त्र शोभा पाते हैं, और उनका वाहन शेर है। मां का यह स्वरूप साहस, शौर्य, शांति और दुष्ट शक्तियों के नाश का प्रतीक माना जाता है।
राजनीतिक और सांस्कृतिक संदर्भ
गौरतलब है कि प्रधानमंत्री मोदी प्रत्येक नवरात्रि पर्व के दौरान सोशल मीडिया के माध्यम से धार्मिक और सांस्कृतिक संदेश साझा करते रहे हैं। यह आदत उनकी सार्वजनिक छवि को भारत की हिंदू सांस्कृतिक विरासत से जोड़ने की दीर्घकालिक रणनीति का हिस्सा मानी जाती है। इस वर्ष नवरात्रि 2026 के अवसर पर भी उनके इस संदेश को सोशल मीडिया पर व्यापक प्रतिक्रिया मिली। यह ऐसे समय में आया है जब देश भर में नवरात्रि उत्सव पूरे उत्साह के साथ मनाया जा रहा है।
आगे क्या
नवरात्रि के शेष दिनों में देवी दुर्गा के अन्य स्वरूपों की पूजा का क्रम जारी रहेगा। चौथे दिन मां कूष्मांडा की आराधना की जाएगी। प्रधानमंत्री के आगामी संदेशों पर भक्तों और सोशल मीडिया उपयोगकर्ताओं की दृष्टि रहेगी।