26 जून 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

क्या मुंबई में जियो पारसी लाभार्थियों के लिए बायोमेट्रिक अभियान सफल रहा?

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
क्या मुंबई में जियो पारसी लाभार्थियों के लिए बायोमेट्रिक अभियान सफल रहा?

सारांश

मुंबई के अल्पसंख्यक मामलों के मंत्रालय ने जियो पारसी लाभार्थियों के लिए बायोमेट्रिक अभियान चलाया। इस पहल का उद्देश्य पारसी समुदाय को समर्थन देना और उनकी घटती जनसंख्या पर अंकुश लगाना है। जानें इस अभियान के महत्वपूर्ण पहलुओं के बारे में।

मुख्य बातें

बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण से पारसी समुदाय को लाभ मिल रहा है।
चिकित्सा सहायता के तहत विभिन्न सुविधाएं दी जा रही हैं।
समुदाय का स्वास्थ्य सुनिश्चित करने के लिए वित्तीय सहायता उपलब्ध है।
सरकार की ओर से पारसी समुदाय के प्रति प्रतिबद्धता।
जियो पारसी योजना सांस्कृतिक निरंतरता का समर्थन कर रही है।

मुंबई, 26 जून (राष्ट्र प्रेस)। मुंबई में अल्पसंख्यक मामलों के मंत्रालय ने गुरुवार को जियो पारसी लाभार्थियों के लिए एक बायोमेट्रिक अभियान आयोजित किया। पारसी समुदाय को सहायता प्रदान करने और उनकी घटती जनसंख्या को रोकने के लिए इस योजना के लाभार्थियों के लिए एक दिवसीय बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण अभियान चलाया गया।

इस कार्यक्रम में मुंबई में पंजीकृत 148 लाभार्थियों में से लगभग 100 ने भाग लिया।

अल्पसंख्यक मामलों के मंत्रालय के उप महानिदेशक आलोक कुमार वर्मा और मंत्रालय के अन्य वरिष्ठ अधिकारियों के साथ-साथ बॉम्बे पारसी पंचायत और महाराष्ट्र सरकार के प्रतिनिधियों ने इस अवसर पर योजना के कार्यान्वयन की समीक्षा और लाभार्थियों से सीधा संवाद किया। इस कार्यक्रम में लगभग 100 लाभार्थियों ने अपना अनिवार्य वार्षिक बायोमेट्रिक पूरा किया।

अल्पसंख्यक मामलों के मंत्रालय की प्रमुख पहल जियो पारसी योजना में तीन प्रमुख घटक चिकित्सा सहायता, समुदाय का स्वास्थ्य और वकालत शामिल हैं।

चिकित्सा सहायता के तहत आईवीएफ, आईसीएसआई, सरोगेसी और गर्भधारण के बाद की देखभाल जैसे बांझपन उपचारों के लिए वित्तीय सहायता प्रदान की जाती है। समुदाय के स्वास्थ्य में पारसी दंपतियों और आश्रित बुजुर्ग सदस्यों को मासिक वित्तीय सहायता दी जाती है। वहीं, वकालत के तहत समुदाय के भीतर समय पर विवाह, प्रजनन जागरूकता और पारिवारिक सहायता को बढ़ावा दिया जाता है।

मंत्रालय इस योजना की पहुंच बढ़ाने के लिए सक्रिय प्रयास कर रहा है। अब तक जियो पारसी योजना के तहत नामांकन के लिए 138 नए आवेदन प्राप्त हुए हैं। ये आवेदन अभी जांच के दायरे में हैं और योजना के दिशा-निर्देशों के अनुसार उन पर कार्रवाई की जाएगी।

उल्लेखनीय है कि जियो पारसी योजना भारत के सबसे छोटे और सबसे प्रतिष्ठित समुदायों में सांस्कृतिक और जनसांख्यिकीय निरंतरता का समर्थन करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। आज का सफल बायोमेट्रिक अभियान पारदर्शिता, जवाबदेही और पारसी समुदाय को लाभ की निरंतर डिलीवरी सुनिश्चित करने के लिए सरकार की प्रतिबद्धता को प्रदर्शित करता है।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि यह भारत की सांस्कृतिक विविधता और अल्पसंख्यक समुदायों के अधिकारों की सुरक्षा के लिए सरकार की प्रतिबद्धता को भी दर्शाता है। ऐसे प्रयासों से समुदायों के बीच समर्पण और सहयोग को बढ़ावा मिलता है।
RashtraPress
26 जून 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

जियो पारसी योजना क्या है?
जियो पारसी योजना एक सरकारी पहल है जो पारसी समुदाय की जनसंख्या को बढ़ावा देने और उनके स्वास्थ्य व कल्याण के लिए विभिन्न सहायता प्रदान करती है।
बायोमेट्रिक अभियान का उद्देश्य क्या है?
इस अभियान का उद्देश्य जियो पारसी योजना के लाभार्थियों की पहचान की पुष्टि करना और उन्हें आवश्यक सहायता प्रदान करना है।
इस अभियान में कितने लाभार्थियों ने भाग लिया?
इस कार्यक्रम में मुंबई में पंजीकृत 148 लाभार्थियों में से लगभग 100 ने भाग लिया।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 5 महीने पहले
  2. 6 महीने पहले
  3. 6 महीने पहले
  4. 7 महीने पहले
  5. 9 महीने पहले
  6. 9 महीने पहले
  7. 10 महीने पहले
  8. 11 महीने पहले