12 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

नंदीग्राम में 7 वर्षीय बच्ची की हत्या और दुष्कर्म: दो आरोपी गिरफ्तार, पॉक्सो के तहत मामला दर्ज

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
नंदीग्राम में 7 वर्षीय बच्ची की हत्या और दुष्कर्म: दो आरोपी गिरफ्तार, पॉक्सो के तहत मामला दर्ज

सारांश

पश्चिम बंगाल के नंदीग्राम में 11 जुलाई की रात 7 वर्षीय बच्ची का शव मिला। पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए एक वयस्क और एक नाबालिग को गिरफ्तार किया। दुष्कर्म, अपहरण, हत्या और पॉक्सो की धाराओं में मामला दर्ज; FSL और विशेषज्ञ पैनल की निगरानी में जाँच जारी।

मुख्य बातें

पश्चिम बंगाल के नंदीग्राम में 11 जुलाई की रात 7 वर्षीय बच्ची का शव मिला।
पुलिस ने दुष्कर्म, अपहरण, हत्या और पॉक्सो अधिनियम की धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज की।
एक वयस्क और एक नाबालिग आरोपी को गिरफ्तार कर पूछताछ जारी है।
पोस्टमार्टम मेडिकल विशेषज्ञों के पैनल की निगरानी में कराया गया।
FSL टीम ने घटनास्थल से वैज्ञानिक साक्ष्य एकत्र किए; सीसीटीवी फुटेज से आरोपियों की पहचान हुई।
अन्य संदिग्धों की संलिप्तता सामने आने पर उनके विरुद्ध भी कार्रवाई होगी: पुलिस।

पश्चिम बंगाल के नंदीग्राम में 11 जुलाई की रात करीब 1 बजे एक 7 वर्षीय बच्ची का शव मिलने से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया। नंदीग्राम पुलिस ने सूचना मिलते ही तत्काल घटनास्थल पर पहुँचकर जाँच शुरू की और एक वयस्क तथा एक नाबालिग सहित दो मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने मामले में दुष्कर्म, अपहरण, हत्या और पॉक्सो अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज की है।

घटनाक्रम: कैसे सामने आया मामला

नंदीग्राम की कार्यवाहक सहायक पुलिस आयुक्त प्रियाश्री पाल के अनुसार, 11 जुलाई की रात लगभग 1 बजे नंदीग्राम पुलिस थाने को बच्ची का शव मिलने की सूचना मिली। पुलिस टीम तत्काल मौके पर पहुँची, शव को अपने कब्जे में लिया और कानूनी प्रक्रिया प्रारंभ की। घटनास्थल पर पंचनामा की कार्रवाई पूरी करने के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया।

पोस्टमार्टम और फॉरेंसिक जाँच

मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पोस्टमार्टम मेडिकल विशेषज्ञों के पैनल की निगरानी में कराया गया, ताकि मृत्यु के कारणों का सटीक निर्धारण हो सके। इसके अतिरिक्त फोरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (FSL) की टीम ने भी घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया और आवश्यक वैज्ञानिक साक्ष्य एकत्र किए। पुलिस के अनुसार, सभी भौतिक और तकनीकी साक्ष्यों को सुरक्षित रखा गया है तथा उनकी विस्तृत जाँच जारी है।

आरोपियों की पहचान और गिरफ्तारी

एसीपी प्रियाश्री पाल ने बताया कि बच्ची के परिजनों की लिखित शिकायत के आधार पर भारतीय कानून की संबंधित धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई। घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज, तकनीकी साक्ष्यों और अन्य उपलब्ध सबूतों के आधार पर दो मुख्य आरोपियों की पहचान की गई — जिनमें एक वयस्क और एक नाबालिग शामिल हैं। दोनों को गिरफ्तार कर पूछताछ की जा रही है।

आगे की जाँच और कानूनी कार्रवाई

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले के हर पहलू की गहन जाँच की जा रही है। आरोपियों की भूमिका, घटना के कारणों और अपराध से जुड़े अन्य तथ्यों का पता लगाने के प्रयास जारी हैं। यह भी स्पष्ट किया गया है कि यदि जाँच के दौरान अन्य किसी व्यक्ति की संलिप्तता सामने आती है, तो उसके विरुद्ध भी कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। यह मामला पश्चिम बंगाल में बाल सुरक्षा और कानून-व्यवस्था को लेकर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े करता है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन असली परीक्षा न्यायिक प्रक्रिया की गति और पॉक्सो के तहत दोषसिद्धि दर की होगी — जो राष्ट्रीय औसत पर अभी भी निराशाजनक बनी हुई है। नाबालिग आरोपी की संलिप्तता यह भी रेखांकित करती है कि बाल अपराध और किशोर न्याय प्रणाली की खामियों पर नीतिगत बहस अब और टाली नहीं जा सकती।
RashtraPress
12 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

नंदीग्राम में 7 वर्षीय बच्ची के साथ क्या हुआ?
11 जुलाई की रात नंदीग्राम, पश्चिम बंगाल में एक 7 वर्षीय बच्ची का शव मिला। पुलिस ने दुष्कर्म, अपहरण, हत्या और पॉक्सो अधिनियम की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है और दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
नंदीग्राम मामले में कितने आरोपी गिरफ्तार हुए?
पुलिस ने दो मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार किया है — जिनमें एक वयस्क और एक नाबालिग शामिल हैं। दोनों की पहचान सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर की गई।
इस मामले में कौन-सी धाराएँ लगाई गई हैं?
पुलिस ने बच्ची के परिजनों की शिकायत पर दुष्कर्म, अपहरण, हत्या और पॉक्सो (यौन अपराधों से बच्चों का संरक्षण) अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज की है।
पोस्टमार्टम और फॉरेंसिक जाँच की स्थिति क्या है?
मृत्यु के कारणों का सटीक निर्धारण करने के लिए पोस्टमार्टम मेडिकल विशेषज्ञों के पैनल की निगरानी में कराया गया। FSL टीम ने घटनास्थल से वैज्ञानिक साक्ष्य एकत्र किए हैं और उनकी विस्तृत जाँच जारी है।
क्या इस मामले में अन्य आरोपियों की भी संलिप्तता हो सकती है?
पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि जाँच के दौरान यदि किसी अन्य व्यक्ति की संलिप्तता सामने आती है तो उसके विरुद्ध भी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल दोनों गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ जारी है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 14 घंटे पहले
  2. 2 महीने पहले
  3. 3 महीने पहले
  4. 3 महीने पहले
  5. 5 महीने पहले
  6. 6 महीने पहले
  7. 7 महीने पहले
  8. 9 महीने पहले