पुणे दुष्कर्म-हत्या केस: पीड़िता के पिता बोले — 'पहले दोषी को फांसी, तभी मिलूँगा नेताओं से'

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पुणे दुष्कर्म-हत्या केस: पीड़िता के पिता बोले — 'पहले दोषी को फांसी, तभी मिलूँगा नेताओं से'

सारांश

पुणे के नसरापुर में 4 साल की मासूम से दुष्कर्म और हत्या के बाद पीड़िता के पिता ने राजनेताओं को दो-टूक संदेश दिया — 'जब तक दोषी को फांसी नहीं, तब तक कोई मुलाकात नहीं।' यह दर्द भरी माँग उस परिवार की आवाज़ है जो राजनीतिक सहानुभूति नहीं, सख्त इंसाफ चाहता है।

Key Takeaways

1 मई को पुणे के नसरापुर में 4 वर्षीय बच्ची के साथ कथित दुष्कर्म और हत्या की घटना हुई। 65 वर्षीय आरोपी ने बच्ची को बछड़ा दिखाने के बहाने ले जाकर अपराध को अंजाम दिया। आरोपी को गिरफ्तार कर 7 मई तक पुलिस हिरासत में भेजा गया है। पीड़िता के पिता ने 3 मई को वीडियो जारी कर सभी राजनेताओं से मिलने से इनकार किया। पिता की माँग — जब तक दोषी को फांसी की सजा नहीं मिलती, कोई भी नेता घर न आए।

पुणे जिले की भोर तहसील के नसरापुर में 1 मई को एक 4 वर्षीय मासूम बच्ची के साथ कथित दुष्कर्म और हत्या की दिल दहला देने वाली घटना के बाद पूरे इलाके में गुस्से और शोक का माहौल है। 3 मई को पीड़िता के पिता ने एक वीडियो संदेश जारी कर राजनेताओं से मिलने से स्पष्ट रूप से इनकार कर दिया और कहा कि जब तक दोषी को फांसी की सजा नहीं मिल जाती, तब तक कोई भी नेता या प्रतिनिधि उनके घर न आए।

पिता का वीडियो संदेश

पीड़िता के पिता ने वीडियो में बताया कि वे उस समय देहू में अपनी बेटी की अस्थियों के विसर्जन के लिए गए हुए थे, तभी उन्हें फोन पर सूचना मिली कि कई राजनेता उनके घर पहुँच रहे हैं। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि इस दुख की घड़ी में उनका परिवार सिर्फ शांति और न्याय चाहता है, न कि कोई राजनीतिक औपचारिकता।

उन्होंने कहा कि

Point of View

लेकिन त्वरित न्याय की दर अब भी निराशाजनक है। पॉक्सो के तहत मृत्युदंड का प्रावधान होने के बावजूद ऐसे मामलों में सज़ा तक पहुँचने में वर्षों लग जाते हैं। असली सवाल यह है कि क्या न्यायिक और प्रशासनिक तंत्र इस परिवार की माँग को महज़ एक सुर्खी बनने से रोक पाएगा।
NationPress
03/05/2026

Frequently Asked Questions

पुणे नसरापुर दुष्कर्म-हत्या मामला क्या है?
1 मई 2025 को पुणे जिले की भोर तहसील के नसरापुर में गर्मी की छुट्टियों में नानी के घर आई 4 वर्षीय बच्ची के साथ 65 वर्षीय आरोपी ने कथित तौर पर दुष्कर्म किया और फिर उसकी हत्या कर शव को गोबर के ढेर के नीचे छिपा दिया। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर 7 मई तक पुलिस हिरासत में भेज दिया है।
पीड़िता के पिता ने नेताओं से मिलने से क्यों इनकार किया?
पीड़िता के पिता ने वीडियो संदेश में कहा कि उन्हें राजनीतिक संवेदना नहीं, बल्कि सख्त न्याय चाहिए। उनकी माँग है कि जब तक दोषी को फांसी की सजा नहीं मिल जाती, तब तक कोई भी नेता या प्रतिनिधि उनके घर न आए।
आरोपी के खिलाफ क्या कानूनी कार्रवाई हुई है?
पुलिस के अनुसार आरोपी को गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया गया, जहाँ से उसे 7 मई 2025 तक पुलिस हिरासत में भेजा गया है। पुलिस फिलहाल मामले की जाँच जारी रखे हुए है।
क्या पॉक्सो कानून के तहत इस मामले में फांसी की सजा हो सकती है?
हाँ, पॉक्सो (POCSO) अधिनियम में 12 वर्ष से कम आयु की बच्ची के साथ दुष्कर्म और हत्या जैसे जघन्य अपराधों में मृत्युदंड का प्रावधान है। हालाँकि, यह सज़ा न्यायालय द्वारा मामले की परिस्थितियों के आधार पर तय की जाती है।
यह घटना कब और कैसे हुई?
1 मई को दोपहर करीब 3:30 बजे 65 वर्षीय आरोपी ने बच्ची को बछड़ा दिखाने के बहाने अपने साथ ले गया। पुलिस के बयान के अनुसार, उसने पहले दुष्कर्म किया और फिर हत्या कर शव को गोबर के ढेर के नीचे छिपा दिया।
Nation Press