हजारीबाग में ११ वर्षीय बच्ची की हत्या, मंगला जुलूस देखने निकली थी
सारांश
Key Takeaways
- घटना की गंभीरता ने पूरे क्षेत्र में खलबली मचाई है।
- बच्ची की हत्या से स्थानीय सुरक्षा पर सवाल उठता है।
- पुलिस ने त्वरित कार्रवाई की है और अपराधियों की पहचान कर रही है।
- स्थानीय समुदाय में आक्रोश और मातम का माहौल है।
हजारीबाग, २५ मार्च (राष्ट्र प्रेस)। झारखंड के हजारीबाग जिले के विष्णुगढ़ थाना क्षेत्र में एक ११ वर्ष की बच्ची की हत्या की दिल दहला देने वाली घटना ने पूरे क्षेत्र में हड़कंप मचा दिया है। प्रारंभिक जांच में यह संदेह जताया जा रहा है कि अपराधियों ने पहले उसके साथ दुष्कर्म किया और फिर साक्ष्य को छिपाने के लिए उसे पत्थर से कुचलकर और गला दबाकर हत्या कर दी।
बुधवार को गांव के लगभग ५०० मीटर दूर बांस की झाड़ियों में मासूम का क्षत-विक्षत शव मिलने से ग्रामीणों में आक्रोश व्याप्त हो गया। सूचना मिलते ही विष्णुगढ़ पुलिस घटनास्थल पर पहुंची और शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
मंगलवार की शाम को गांव में रामनवमी महापर्व के अवसर पर मंगला जुलूस आयोजित किया गया था। बच्ची भी जुलूस देखने गई थी, लेकिन जब वह रात आठ बजे तक घर नहीं लौट पाई, तो परिजनों ने उसकी खोजबीन शुरू की। रातभर गांव और आस-पास के क्षेत्रों में तलाश के बावजूद उसका कोई सुराग नहीं मिला।
बुधवार को एक ग्रामीण ने झाड़ियों के पास बच्ची का शव देखा। शव की स्थिति इतनी भयावह थी कि उसके चेहरे को भारी पत्थर से बुरी तरह कुचल दिया गया था। शव की स्थिति देखकर ग्रामीणों ने यह आशंका जताई कि हत्या के पहले उसके साथ दुष्कर्म किया गया। घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने डॉग स्क्वायड और फॉरेंसिक टीम को बुलाकर वैज्ञानिक साक्ष्य एकत्र करने का काम शुरू कर दिया है।
इस वारदात के बाद गांव में शोक और तनाव का माहौल है। परिजनों की चीख-पुकार से माहौल गमगीन हो गया है, वहीं स्थानीय ग्रामीण दोषियों की शीघ्र गिरफ्तारी की मांग कर रहे हैं।
विष्णुगढ़ थाना प्रभारी सपन कुमार महथा ने बताया कि पुलिस मामले की हर पहलू से जांच कर रही है और कुछ संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। उन्होंने आश्वस्त किया कि आरोपियों की पहचान जल्द की जाएगी और उनके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस ने लोगों से शांति बनाए रखने और किसी भी तरह की अफवाह पर ध्यान न देने की अपील की है।