झारखंड: बच्ची के साथ दरिंदगी पर हजारीबाग में भारी विरोध, भाजपा के आह्वान पर 'बंद' का असर
सारांश
Key Takeaways
- झारखंड में नाबालिग बच्ची के साथ दुष्कर्म और हत्या की घटना हुई।
- भाजपा और नागरिकों ने 'हजारीबाग बंद' का आयोजन किया।
- स्थानीय लोग सड़कों पर उतरकर प्रदर्शन कर रहे हैं।
- राज्य सरकार की चुप्पी पर सवाल उठाए जा रहे हैं।
- एसआईटी का गठन किया गया है, लेकिन आरोपियों की गिरफ्तारी अभी बाकी है।
हजारीबाग, 30 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। झारखंड के हजारीबाग जिले के विष्णुगढ़ थाना क्षेत्र स्थित कुसुंभा गांव में एक नाबालिग बच्ची के साथ दुष्कर्म के बाद उसकी नृशंस हत्या की वारदात ने लोगों में काफी आक्रोश पैदा कर दिया है। इस घटना के खिलाफ भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और स्थानीय निवासियों द्वारा सोमवार को आयोजित 'हजारीबाग बंद' का व्यापक प्रभाव देखने को मिला।
हजारीबाग शहर, विष्णुगढ़ प्रखंड मुख्यालय और जिले के अन्य स्थानों पर लोग इस जघन्य अपराध के खिलाफ सड़क पर उतर आए और प्रदर्शन किया।
हजारीबाग के सांसद मनीष जायसवाल, बरही के विधायक मनोज कुमार यादव और जिला अध्यक्ष विवेकानंद सिंह के नेतृत्व में सैकड़ों प्रदर्शनकारियों ने नारेबाजी करते हुए बाजारों को बंद कराया।
विष्णुगढ़ थाना क्षेत्र, झुमरा बाजार, सात माइल समेत कई स्थानों पर दुकानों ने स्वतःस्फूर्त रूप से बंद रहने का निर्णय लिया। झुमरा बाजार और अन्य उपनगरों में भी दुकानों का पूर्ण बंद होना आम जनजीवन को प्रभावित कर रहा है।
प्रदर्शनकारियों का कहना है कि दिल्ली के 'निर्भया कांड' जैसी इस जघन्य वारदात के छह दिन बीत जाने के बाद भी मुख्य आरोपियों की गिरफ्तारी न होना राज्य की कानून-व्यवस्था की बदहाली का संकेत है।
इस घटना के विरोध में हजारीबाग के सांसद मनीष जायसवाल ने कहा कि विष्णुगढ़ में इतनी गंभीर घटना के बाद भी राज्य सरकार की चुप्पी गहरी चिंता का विषय है। पीड़िता और उनके परिवार के लिए इस सरकार के पास सहानुभूति के दो शब्द भी नहीं हैं।
पिछले मंगलवार की शाम रामनवमी की मंगला शोभायात्रा देखने गई कुसुंभा गांव की नाबालिग लड़की जब देर रात तक घर नहीं लौटी, तो परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की। बुधवार को गांव के पास झाड़ियों से उसका क्षत-विक्षत शव बरामद हुआ, जिसकी स्थिति से पूरा क्षेत्र दहल गया।
इस मामले में राज्य के डीजीपी के निर्देश पर एसआईटी का गठन किया गया है। वर्तमान में, पूरे जिले में भारी पुलिस बल की तैनाती की गई है और प्रशासन स्थिति पर कड़ी नज़र रख रहा है।